
Akshay Yadav
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Socialist, Secular, 𝗟𝗮𝘄 𝗦𝘁𝘂𝗱𝗲𝗻𝘁𝘀 ⚖️🎓
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आज आपके बीच में सांसद के रूप मैं नहीं खड़ी हूँ, मैं युवा के रूप में खड़ी हूँ , मैं सदन में भी आपकी आवाज उठाऊँगी, मैं सड़क पे भी आपकी आवाज उठाऊँगी, हम लोगो के बाटने का काम करेंगे, नफ़रत फैलाने का काम करेंगे, हमे डटकर रहना है क्योकि हम सही है, हम कभी ग़लत नही रहे। सांसद प्रिया सरोज जी, दिल्ली जंतर मंतर 🔥 Priya Saroj
Akshay Yadav36,440 views • 16 days ago

सांसद बनने से पहले मैं भी एक छात्र थी, मैं भी स्टूडेंट के पीड़ा और दर्द समझती हूँ, आज मैं यहाँ युवा सांसद के रूप में आई हूँ हम लोग का सिर्फ़ संसद में बैठना काम नहीं है, हम लोग का काम है युवाओं के बीच में उनके मुद्दे उठाना और उनके साथ कदम से कदम मिलाकर चलना सुनिए प्रिया सरोज जी की पूरी बातें…🔥 Priya Saroj
Akshay Yadav28,184 views • 16 days ago

अखिलेश जी का असर दिख रहा है ❤️ छपरा से खेसारी लाल यादव जी 14000+ वोटो से आगे चल रहे हैं 🔥
Akshay Yadav178,811 views • 8 months ago

आज अखिलेश यादव जी Up की टॉप करने वाली सभी छात्राओं को Apple के आईपैड देकर सम्मानित किए ❤️
Akshay Yadav47,077 views • 3 months ago

अनिल अंबानी का ये रवैया किसी तमाशे से कम नहीं है। ED, यानी प्रवर्तन निदेशालय, उन्हें तीसरी बार समन भेज रही है, और जवाब में वो कहते हैं कि एजेंसी अपनी "सुविधा के मुताबिक" उनका 'वर्चुअल' बयान ले ले या एक 'रिकॉर्डेड वीडियो' से काम चला ले। ये क्या हो रहा है? ये कोई कॉलेज असाइनमेंट नहीं है कि तबीयत खराब होने पर वीडियो सबमिट कर दिया। ये एक गंभीर केंद्रीय जांच है, और इस तरह का ऑफर देना जांच एजेंसी का मज़ाक उड़ाने जैसा है। अब जरा उनके बचाव का आधार देखिए। कहा जा रहा है कि वो अप्रैल 2007 से मार्च 2022 तक, यानी पूरे 15 साल, रिलायंस इंफ्रा में 'नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर' थे। ये तर्क दिया जा रहा है कि वो कंपनी के 'रोज़मर्रा के कामकाज' को नहीं देखते थे। ये कॉरपोरेट जगत का सबसे पुराना और लचर बहाना है। क्या हम मान लें कि 15 साल तक जिस कंपनी के बोर्ड में उनका नाम था, उन्हें पता ही नहीं था कि 2010 में जयपुर-रींगस हाईवे प्रोजेक्ट जैसे बड़े मामले में क्या हो रहा है? ये जिम्मेदारी से भागने का साफ प्रयास है। मामला FEMA (Foreign Exchange Management Act) से जुड़ा है। अब कंपनी का स्टेटमेंट आता है कि ये कॉन्ट्रैक्ट 'पूरी तरह घरेलू' था और इसमें 'विदेशी मुद्रा का कोई लेन-देन' शामिल ही नहीं था। ये तो और भी गंभीर सवाल खड़े करता है। अगर विदेशी मुद्रा (Foreign Exchange) का कोई लेना-देना था ही नहीं, तो ED ने FEMA का केस बनाया ही क्यों? क्या एजेंसी बिना किसी तथ्य के 15 साल पुराने मामले की जांच कर रही है? साफ बात ये है कि अगर सब कुछ इतना ही पाक-साफ है, तो अनिल अंबानी को तीसरी बार बुलाए जाने पर सीधे ED के दफ्तर जाकर जांच में सहयोग करने में क्या दिक्कत है? ये 'वर्चुअल' और 'वीडियो' वाली बहानेबाजी उसी पुराने घमंड को दिखाती है, जब उन्हें लगता था कि उनका नाम ही हर कानून से बड़ा है। उन्हें याद रखना चाहिए कि ये कांग्रेस का दौर नहीं, नया भारत है। कानून से ऊपर कोई नहीं है, और इस तरह के नाटक से वो जांच को टाल नहीं सकते।
Akshay Yadav104,387 views • 8 months ago

लेखपाल पेपर लीक का विरोध करने पर नवीन शर्मा सर पर लखनऊ में FIR दर्ज कर दी गई, जो शिक्षक युवाओं की लड़ाई लड़ रहा था, भर्ती घोटालों और पेपर लीक जैसे मुद्दों को उठा रहा था, आज उसी को निशाना बनाया जा रहा है। हाल ही में नवीन शर्मा सर ने समाजवादी पार्टी जॉइन किये है और लगातार छात्रों की आवाज़ बनकर खड़े रहते हैं ।❤️ Naveen Sharma Sikandrabad
Akshay Yadav27,528 views • 2 months ago

वोटर अधिकार यात्रा के दौरान.. तेजस्वी जी ने बीजेपी वोट चोर का सुनाया गाना 😄
Akshay Yadav95,992 views • 11 months ago

जंतर मंतर दिल्ली में अभिजीत द्वारा तगड़ा धरना प्रदर्शन जारी है 🔥
Akshay Yadav21,017 views • 1 month ago