
Anuj Shukla
@AnujShukla00009 • 17,171 subscribers
अहिंसा परमो धर्मः धर्म हिंसा तथैव च। Ex Army Man🇮🇳 सनातनी हिंदू 🚩 भोले का नंदी 🚩 facebook profile https://t.co/wV4jm3oIak
Shorts
Videos

पीड़ित व्यक्ति और महिलाएं हमारे सवर्ण समाज (ठाकुर समाज)से आते हैं इनका कहना है जब महिलाएं खेत पर जाती है तो जाटवो के लड़के नंगे खड़े हो जाते हैं कुछ कहने पर SC ST एक्ट लगाने की धमकी देते हैं प्रशासन भी उन लोगों के ही साथ है, खैर जैसा कि महामानव ने कहा था बदला लिया जाएगा तो बदला लिया जा रहा है। मामला कासगंज का है। अनुज शुक्ला यूरेशिया वाले ✍️
Anuj Shukla74,529 次观看 • 15 天前

आरक्षण के दरोगी लाल बॉडी टच नहीं होना चाहिए तेवर देख रहे हैं दरोगा जी के काक्रोच के आंदोलन में जब इनकी अम्मा बहिन योजना कर रहे थे काकरोच इनके मुंह पर थूक रहे थे इनपर ईंट पत्थर चला रहे थे तब दरोगा जी कच्ची पीकर कहीं पड़े हुए थे यहां सभ्य समाज है तो दरोगा जी गुंडई दिखा रहे हैं एक बात बताऊँ दरोगा जी जब सभ्य समाज गुंडई पर उतरता है तो अच्छे अच्छों की पतलून गीली हो जाती है।
Anuj Shukla116,144 次观看 • 25 天前
1:26
Sensitive content
This media may contain sensitive content.

बिहार के सीतामढ़ी के भिट्टा थाना के थानाध्यक्ष हैं जिनके मुंह से सुंदर फूल बरस रहे हैं महोदय कह रहे हैं पीड़ित को कि तुम्हे जबरदस्ती बिहार का मुख्यमंत्री बना दूंगा। अब जलनखोर बोलेंगे कि महोदय झूठे केस में फंसाने की धमकी दे रहे हैं पर महोदय तो पीड़ित को मुख्यमंत्री बना रहे हैं । जय माहिष्मति 😑
Anuj Shukla105,143 次观看 • 2 个月前

VIDEO अंबेडकर नगर का है... ऐसी मौत कि घर वाले लाश को हाथ भी न लगाएं... अंबेडकर नगर में मां और उसके 4 बच्चों का मर्डर करने वाला आमिर पुलिस एनकाउंटर में मारा गया। सोमवार को हुए एनकाउंटर के बाद पुलिस ने पोस्टमॉर्टम कराया। शव को उसके घर भेजा। शव को देखकर परिवार वाले कहने लगे कि आमिर से अब कोई संबंध नहीं है। उसने जो किया, वह इंसानियत के खिलाफ था। फिर पुलिस ने इलाके के इमाम और आमिर के चाचा ताज मोहम्मद को कब्र पर फातिहा पढ़ने के लिए बुलाया, लेकिन उन्होंने भी इनकार कर दिया। कहा- आमिर ने गलत काम किय। हमारी कोई हमदर्दी नहीं है, इसलिए परिवार उसका शव लेने से इनकार कर रहा है। ऐसे में न तो वे आमिर के सुपुर्द-ए-खाक में शामिल होंगे और न ही उसके मिट्टी के काम में हाथ लगाएंगे। पुलिस ने जो कार्रवाई की, वो सही है। समझाने के बाद परिवार वाले सुपुर्द-ए-खाक में शामिल होने को तैयार हुए। अंबेडकर नगर की एसपी प्राची सिंह ने बताया- पहले परिजन मृतक के शव को दफनाने से इनकार कर रहे थे, लेकिन बाद में लोकलाज के कारण परिवार के कुछ लोगों ने ही अंतिम संस्कार कर दिया। दरअसल... अंबेडकर नगर के अकबरपुर में 4 बच्चों का मर्डर हो गया। दूधवाला पहुंचा। आवाज लगाई। दरवाजा नहीं खुला। पड़ोसियों को बताया। पुलिस बुलाई गई। दरवाजा तोड़कर पुलिस अंदर पहुंची। अंदर 4 बच्चों शफीक (14), सउद (10), उमर (8) और बेटी सादिया (7) की लाश पड़ी मिली। चारों की ईंट से कूचकर हत्या की गई। सभी की लाश बेड पर एक-दूसरे पर पड़ी थी। बच्चों की मां गाजिया खातून (37) नहीं मिली। पुलिस का शक मां पर गया। शाम होते-होते पुलिस ने मां को ही बच्चों के मर्डर का आरोपी मान लिया। लोग हैरत में पड़ गए। एक मां अपने ही बच्चों को कैसे मार सकती है। पुलिस ने उसकी तलाश शुरू कर दी। अगले दिन घर से कुछ ही दूरी पर मां की भी लाश मिली। बिना किसी जांच के ही मां पर शक करने वाली पुलिस गलत साबित हुई। अब यह तय हो चुका था कि यह प्लान मर्डर है। किसने किया, यह पता नहीं था। फिर बारीकी से तफ्तीश शुरू हुई। रिश्तेदारों से बात की गई। पड़ोसियों से जानकारी ली गई। इससे पड़ोस में रहने वाले आमिर का नाम सामने आया। पुलिस ने आमिर का ट्रैक रिकॉर्ड खंगाला। पता चला 20 साल का आमिर चार बच्चों की मां से शादी करना चाहता था। वह राजी नहीं थी। आमिर ने इसी गुस्से में चारों बच्चों और उनकी मां को मार दिया। पुलिस ने कल आमिर को ढेर कर दिया है। बच्चों के पिता नियाज सऊदी अरब में नौकरी करता है। यहां उसका परिवार खत्म हो गया।
Anuj Shukla131,498 次观看 • 4 个月前