
Anupam K. Singh
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Ex Associate Editor & Research Head: OpIndia | Ex Editor: TFI Media | Narrative Strategist | Hindu Nationalist. Proud of our history, culture & tradition |
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- राम-लक्ष्मण अच्छे पति नहीं थे - राम जैसा पति मिलने वाला आशीर्वाद अजीब है - मैं असल में रावण का सम्मान करती हूँ बुर्का वालियों के अब्बा AR रहमान ने जब रणबीर कपूर वाली 'रामायण' में गाना गवाने की बारी आई तो श्रीराम को लेकर ऐसी सोच रखने वाली चिन्मयी श्रीपदा को चुना।
Anupam K. Singh40,955 görüntüleme • 18 gün önce

राहुल गाँधी इडियट नहीं हैं, अंधभक्त नहीं हैं, फिर उनके हिसाब से बची तीसरी कैटेगरी - स्टूडेंट। यानी, वो 56 साल के स्टूडेंट हैं। मेरे गाँव में एक मास्टर साहेब हैं। ऐसे उद्दंड स्टूडेंट को हंटर मार-मारकर सिखाते हैं। मेरा प्रस्ताव है कि उनको हायर किया जाए राहुल गाँधी के लिए। वरना कांग्रेसी ये मान लें कि उनका नेता या तो अंधभक्त है या इडियट। वैसे कैम्ब्रिज की डिग्री को लेकर भी उन्होंने हलफनामे में झूठ बोल रखा है। (DD News पर Ashok Shrivastav सर के साथ।)
Anupam K. Singh84,067 görüntüleme • 2 ay önce

ललन सिंह का लोकसभा चुनाव जब फँसा हुआ था तो अनंत सिंह जेल से निकले, धुआँधार प्रचार किया। आज ललन सिंह केंद्रीय मंत्री हैं, अनंत सिंह जेल गए तो उन्होंने मोकामा में मोर्चा सँभाल लिया है। राजनीति में हर संबंध Use & Throw वाले नहीं होते। कुछ ऐसे भी होते हैं!
Anupam K. Singh163,723 görüntüleme • 11 ay önce

ये कैसे ट्राइबल हैं? क्या ट्राइबल ऐसे होते हैं? असम में 35% मुसलमान हो गए हैं, और अब ये ट्राइबल भी आ गए! उत्तर-पूर्व के अन्य राज्यों को भी मणिपुर बनाने की साज़िश है। बिहार की बुजुर्ग महिलाओं को पीटा गया है, लड़कियों के कपड़े फाड़े गए हैं। धमकाते हुए एहसान जताया जा रहा है कि "हम तुम्हें रहने दे रहे, खेती करने दे रहे, छठ मनाने दे रहे।" बिहारी कब तक और किन-किन लोगों से कहाँ-कहाँ अपमानित होते रहेंगे? छठ तो इतना प्राचीन त्योहार है कि जब इन तथाकथित बदतमीज ट्राइबल्स का अस्तित्व भी नहीं था तब से मनाया जा रहा है। झारखंड जाइए और देखिए वहाँ कैसे जनजातीय समाज के लोग छठ मना रहे हैं। बिहार-झारखंड में जनजातीय समाज का भी हर एक त्योहार अच्छे से मनाया जाता है और ये असम वाले 'ट्राइबल्स' पूछ रहे हैं कि बिहार में हमारा पर्व मनाने दोगे क्या। ये मिशनरियों का पैसा बोल रहा है, इनका इलाज ज़रूरी है। बिहारियों ने राष्ट्रीय एकता के लिए त्याग किया है, इसका अर्थ ये न लगाया जाए कि स्वाभिमान ही बेच दिया है।
Anupam K. Singh151,626 görüntüleme • 11 ay önce

एक ज़माना था जब बेंगलुरु और हैदराबाद को ही IT हब के रूप में जाना जाता था! इसीलिए किसी को यकीन नहीं होगा कि देश के 65% इलेक्ट्रॉनिक उपकरण UP में बन रहे हैं। सोचिए, जेवर एयरपोर्ट बनने के बाद क्या होगा। भगवा पहनने वाला एक महंत ही सबसे अधिक विकासवादी निकला।
Anupam K. Singh161,733 görüntüleme • 1 yıl önce

एक परीक्षा केंद्र पर एक लड़की से जींस उतरवा दिया गया, सबके सामने उसकी माँ ने अपनी लेगिंग्स उतार कर दिए। एक परीक्षा केंद्र पर 90% छात्राओं के ब्रा तक उतरवा दिए गए। लेकिन, बुर्का पहनने की अनुमति NEET परीक्षा में भी है, JEE में है। यहाँ हिन्दुओं के लिए अलग क़ानून चलता है। ये भारत है। पूरा वीडियो YouTube पर देखिए: ( | #Burqa | #Hijab | #BurqaBan | #HijabBan | #DelhiElections |
Anupam K. Singh231,238 görüntüleme • 1 yıl önce




