
Harish Rawat
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Former Chief Minister Uttarakhand & CWC Member, AICC https://t.co/WGidzzZcUm
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मैं किसान का बेटा हूँ! कहीं रहूँ, यदि वहाँ ज़मीन का थोड़ा-सा भी टुकड़ा मिल जाता है, तो उसमें सब्ज़ियाँ और फूल उगाने का मन करता है। मैं आजकल डिफेंस कॉलोनी, देहरादून में रहता हूँ। किराए का मकान है, मगर थोड़ी-सी जगह ऐसी है, जिसमें मैंने थोड़ी-सी सब्ज़ियाँ लगाई थीं। 1/2
Harish Rawat44,436 görüntüleme • 1 ay önce

🥒 यह लोहाघाट से आई #ककड़ी का रायता है। संयोग की बात है कि मेरे पास मोरी से लाल #चावल भी आए हैं और देहरादून से काले #भट्ट भी आए हैं। ❤️ अच्छा लगा। 😊 🌾 दिल्ली में अपने उत्तराखंडी व्यंजनों का आनंद उठाना उत्साहवर्धक है। 🏔️❤️ #Uttarakhand #UttarakhandiFood #PahadiFood #Lohaghat
Harish Rawat30,016 görüntüleme • 1 ay önce

यदि 1 घंटे के अंदर FIR दर्ज नहीं होती है तो हरीश रावत यही सोएगा, यही खाएगा बिना FIR दर्ज कराए बिना यहां से नहीं जाएगा। यदि एक पूर्व मुख्यमंत्री को FIR के लिए 2 घंटे इंतजार करना पड़ रहा है तो सामान्य व्यक्ति की भाजपा के राज्य में क्या स्थिति होगी? Pushkar Singh Dhami
Harish Rawat37,415 görüntüleme • 9 ay önce

🚁 🚁 जब दूसरे हेलीकॉप्टर उड़ रहे थे, तो राहुल जी का हेलीकॉप्टर क्यों नहीं उड़ पाया? जवाब दे कौन—#DGCA, #UCADA या हेली कंपनी? आज राहुल गांधी जी को अल्मोड़ा पधारना था। पूरा अल्मोड़ा ही नहीं, सारा कुमाऊँ मंडल हजारों-हजार की संख्या में एक विशाल जमवाड़े के रूप में श्री राहुल गांधी जी को सुनने के लिए उनका इंतजार कर रहा था। उन्हें पौड़ी भी पहुंचना था, वहां सुबह से हमारे पूर्व सैनिकगण एकत्रित हुए थे, कांग्रेस कार्यकर्ता भी पहुंचे हुए थे। कल देहरादून में कार्यकर्ताओं की बैठक थी, उसके लिए भी बहुत उत्साहपूर्ण तैयारियां थीं। लेकिन अचानक सूचना आई कि श्री राहुल गांधी जी का हेलीकॉप्टर मौसम खराब होने के कारण लैंड नहीं हो पाएगा। श्री राहुल जी को पंतनगर वापस जाना पड़ा और फिर वहां से उन्होंने अल्मोड़ा में एकत्रित सभी कांग्रेसजनों, भाई-बहनों को टेलीफोन के माध्यम से संबोधित किया। लेकिन इसके बाद बहुत सारे सवाल उठ गए हैं। यह सवाल इसलिए ज्यादा उठे हैं क्योंकि सरकार द्वारा संचालित सर्विसेज वाले हेलीकॉप्टर, जिनकी एजेंसी यूकाडा और डीजीसीए द्वारा मॉनिटरिंग की जाती है, वे यथावत चले हैं। अल्मोड़ा से हल्द्वानी हेलीकॉप्टर पहुंचे हैं और हवाई रास्ता वही है, जिस रास्ते से श्री राहुल गांधी जी के हेलीकॉप्टर को पंतनगर से अल्मोड़ा आना था। जिस वायु मार्ग से सिंगल इंजन हेलीकॉप्टर आए हैं, तो हमारा डबल इंजन हेलीकॉप्टर कैसे नहीं आ सका? कहीं न कहीं या तो हेली कंपनी, या डीजीसीए, या यूकाडा में से किसी को जवाब देना चाहिए। देश के प्रतिपक्ष के नेता अल्मोड़ा क्यों नहीं पहुंच पाए? उनका हेलीकॉप्टर क्यों नहीं उड़ पाया? जबकि दूसरे हेलीकॉप्टर उसी वायु मार्ग से उड़ान भर पाए हैं और संचालित हुए हैं। यह बड़ा सवाल है। पायलट और हेली सर्विसेज इन्हीं संस्थाओं के द्वारा संचालित होती हैं। यह गंभीर प्रश्न आम लोगों के दिमाग में उठ रहा है। मैं उसी को अभिव्यक्ति दे रहा हूं क्योंकि हजारों-हजार पुरुष और महिलाएं जिस व्यक्ति को सुनने और देखने के लिए यहां उपस्थित हुए थे, उनके मन में यह प्रश्न स्वाभाविक रूप से उठ रहा है कि कहीं ऐसा तो नहीं है कि मौसम के अलावा कुछ और कारक हों? संभावनाएं हो सकती हैं। हम सामान्य तौर पर राहुल जी की सुरक्षा को लेकर हमेशा चिंतित रहते हैं। हम कभी भी नहीं चाहते हैं कि यदि मौसम खराब हो तो राहुल जी का हेलीकॉप्टर उड़े। मगर जब दूसरे हेलीकॉप्टर इस वायु मार्ग पर उड़ रहे हैं, तो फिर डबल इंजन वाला श्री राहुल गांधी जी का हेलीकॉप्टर क्यों नहीं उड़ पाया? इसका जवाब डीजीसीए, यूकाडा या हेली कंपनी को देना चाहिए। #RahulGandhi #Almora #Uttarakhand #Congress #Kumaon
Harish Rawat16,573 görüntüleme • 3 ay önce

यह प्रश्न किसी उत्तराखंड के युवक या किसी अन्य राज्य के व्यक्ति का नहीं है। प्रश्न दिल्ली के मालवीय नगर स्थित फ्लोरिश स्टेज़ होटल में लगी आग और उस आग के लिए वास्तविक रूप से जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही का है। आग लगने की इस घटना में होटल के मालिक, प्रबंधन और जो भी इसके वास्तविक कर्ता-धर्ता थे, उनकी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। यदि एक छोटे से शेफ को दोषी ठहराकर बड़े जिम्मेदार लोगों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है, तो यह न्याय की भावना के विपरीत है और इससे जांच एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। हम किसी क्षेत्र या राज्य के आधार पर नहीं, बल्कि न्याय के आधार पर अपनी बात कह रहे हैं। यह व्यक्ति उत्तराखंड का न होकर झारखंड या देश के किसी अन्य राज्य का होता, तब भी मैं उसके साथ न्याय की मांग करता। किसी निर्दोष को दोषी बनाकर वास्तविक अपराधियों को बचाना न न्याय है और न ही कानून के शासन के अनुरूप। जांच का उद्देश्य किसी एक कमजोर व्यक्ति को बलि का बकरा बनाना नहीं, बल्कि वास्तविक दोषियों तक पहुंचकर उन्हें कानून के कटघरे में खड़ा करना होना चाहिए। #JusticeForWorkers #FairInvestigation #RuleOfLaw #Accountability #TruthMustPrevail #EqualJustice
Harish Rawat10,351 görüntüleme • 3 ay önce

मां मेरा यह मौन व्रत उत्तराखंड की बेटी #AnkitaBhandari, जिसने उत्तराखंड के स्वाभिमान की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी उसको पूर्ण न्याय मिल सके। जो वास्तविक अपराधी हैं, जिस अपराध की लोगों में शंका है वह अपराधी भी पकड़े जाएं, चाहे कितने बड़े पदों पर क्यों न हो ! हे मां दुर्गा आप हमारे गांव के हर धार में विराजमान हो, हमारी आत्मा में भी विराजमान हो, अंकिता के स्वाभिमान और सत्व पर बुरी नजर रखने वाले कितने ही शक्तिशाली क्यों न हों, उनको उनके अपराध की सजा दीजिए और राज्य के #ChiefMinister जी जिन पर आरोप लग रहा है कि उन्होंने #CBI की जांच के लिए मामला जानबूझकर नहीं भेजा, उन्हें भी सद्बुद्धि दीजिए। 📍 देहरादून #JusticeForAnkita #uttarakhand
Harish Rawat11,285 görüntüleme • 9 ay önce
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