
काश/if Kakvi
@KashifKakvi • 16,955 subscribers
Reporter since 2015 | Investigation & research | Azim Premji Fdn Fellow. @reporters_co's Investigative Fellow. Looking for perfection in imperfection.
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फ़िल्म #GangsofWasseypur का सीन आपको याद होगा जहाँ डेफिनेट, शमशाद को मारने उसके घर गया और गन फँस गई। फ़िर शमशाद ने उस पर हमला किया। क्या गज़ब का सीन है। ठीक ऐसा ही एक सीन मध्य प्रदेश के मुरैना ज़िले में देखने को मिला। जमीन विवाद की वजह कर एक व्यक्ती ने बाइक वाले पर कट्टा ताना। लेकिन उस से पहले दूसरे व्यक्ति ने हमला कर दिया। खैर, फ़िल्म कि तरह यहाँ भी कोई हताहत नहीं हुआ।
काश/if Kakvi128,917 Aufrufe • vor 5 Tagen

#Bhopal | #Offbeat क्या भोपाल में सक्रिय है अंडकोष चोर गैंग? भोपाल का एक 17 वर्षीय किशोर 6 अगस्त को लापता हुआ। गुमशुदगी का मामला दर्ज हुआ। पांच दिन बाद 11 अगस्त को छोटे तालाब में उसकी लाश मिली। कपड़ों और चप्पलों के आधार पर 14 अगस्त को परिजनों ने शव की पहचान कि। पुलिस ने करीब 13 संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की और खुलासा किया कि, प्रथम दृष्टि में पूछताछ के दौरान यह तथ्य सामने आया कि आरोपियों ने मृतक किशोर को कथित अपना अंडकोष बेचने पर ₹2 करोड़ का लालच दिया था। जिसे विदेश भेजने की योजना थी। पोस्टमार्टम के दौरान उसके शरीर से अंडकोष नहीं मिला। फिलहाल पुलिस इस कथित सौदे के पीछे शामिल लोगों और विदेश भेजने की पूरी योजना की गहराई से जांच कर रही है। इस से पूर्व भी एक डेड बॉडी बिना अंडकोष के मिली थी। बाइट: शैलेंद्र सिंह चौहान, एडिशनल डीसीपी, भोपाल
काश/if Kakvi425,594 Aufrufe • vor 19 Tagen

#Bulldozer #MP "ऊपर से बहुत प्रेशर है, स्कूल तोड़ना पड़ेगा! " मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के भैंसदेही तहसील अंतर्गत ढाबा गांव में अब्दुल नईम ने लगभग 20 लाख रुपये खर्च करके एक स्कूल भवन बनवाया। गांव की आबादी करीब दो हजार है, जिसमें केवल चार मुस्लिम परिवार हैं। सबसे करीब स्कूल पांच किलो मीटर दूर है। चुकी बच्चों को शिक्षा की भारी कमी है, इसलिए नईम ने नर्सरी से आठवीं कक्षा तक पढ़ाई शुरू करने की योजना बनाई। लेकिन तीन दिन पहले एक अफवाह फैलाई गई कि नईम ने "अवैध मदरसा" बनवाया है और यहां बच्चों को "अनधिकृत रूप" से शिक्षा दे रहे हैं। गाँववालों के अनुसार, एसडीएम, तहसीलदार और थाना प्रभारी जांच करने आए और क्लीन चिट् देकर गए। साथ ही पंचायत से NOC लेने को भी कहा। अगले दिन पंचायत ने 11 जनवरी को नईम को नोटिस जारी कर भवन गिराने का आदेश दिया। जब नाईम पंचायत भवन गए तो कथित रूप से उनसे आवेदन न लेकर सोमवार को आने को कहा गया। नईम ने अपने स्पष्टीकरण में कहा कि भूमि के सारे कागजात पूरे हैं और 30 दिसंबर को स्कूल शिक्षा विभाग में संचालन अनुमति के लिए आवेदन जमा किया गया था। लेकिन भवन तोड़ने का आदेश दिया जा चुका था। जब गांव वालों ने स्कूल तोड़े जाने के नोटिस का विरोध किया, तो पंचायत ने आनन-फानन में भवन को NOC (अनापत्ति प्रमाण पत्र) जारी कर दिया। लेकिन मामला यहीं खत्म नहीं हुआ। शाम को एसडीएम साहब ने नईम को बताया कि "ऊपर से बहुत प्रेशर है, स्कूल तोड़ना पड़ेगा।" गांव वालों ने कहा कि यदि कोई कानून उल्लंघन हुआ है, तो जुर्माना भरकर उसकी भरपाई की जा सकती है। भवन तोड़ने पर उनके बच्चे पढ़ नहीं पाएंगे। जब NOC के बाद भी सोमवार को भवन तोड़ने का आदेश वापिस नहीं हुआ तब गाँव वालों ने 80 किलोमीटर दूर कलेक्टर की जनता दरबार से मिलने की का प्लान बनाएं। आज (मंगलवार) को जैसे ही सैकड़ों ग्रामीण नईम के साथ बैतूल कलेक्टर कार्यालय ज्ञापन सौंपने पहुंचे, उन्हें रास्ते में पुलिस ने रोक दिया। घंटो बाद जब उन्हें छोड़ा गया और वह जनता दरबार में पहुँचे और अपनी बात रखी। तब कलेक्टर साहब ने जांच की बात कही। जब कलेक्टर साहब जांच की बात कर रहे थे इस बीच एसडीएम साहब कथित रूप से भवन तोड़ रहे थे। सर्व शिक्षा अभियान की आपको शुभकामनाएं !
काश/if Kakvi905,239 Aufrufe • vor 7 Monaten
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वार्निंग: कमोज़ दिल वाले यह वीडियो ना देखें! 📍 उज्जैन उज्जैन में जलती चिता से कथित मांस खाने का वीडियो ने धार्मिक और सामाजिक हलकों में सनसनी पैदा कर दी है। वीडियो में किन्नर अखाड़ा की महामंडलेश्वर काली उर्फ नंद गिरी श्मशान घाट में जलती चिता से कुछ निकालकर खाते दिख रही है। वीडियो सामने आने के बाद संत समाज के कुछ लोगों ने नाराजगी जताते हुए इसे शव की मर्यादा और धार्मिक परंपराओं से जोड़कर आपत्ति दर्ज कराई है। कुछ संतों ने पुलिस से मामले की जांच और आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। महत्वपूर्ण: वीडियो की प्रामाणिकता और उसमें किए जा रहे दावों की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल आवश्यक है। पूरे मामले में निष्पक्ष जांच के बाद ही सच्चाई स्पष्ट हो सकेगी।
काश/if Kakvi20,203 Aufrufe • vor 5 Tagen

MP Court Convicted 14 in Mob Lynching Case ! मध्य प्रदेश ने सिवनी मालवा तहसील में 3 अगस्त 2022 को गो तस्करी के आरोप में अमरावती (महाराष्ट्र) निवासी नजीर अहमद को भीड़ ने पीट पीट कर मार दिया (मॉब लिंचिंग) था। घटना के चार साल बाद शुक्रवार को सिवनी मालवा की एडीजे कोर्ट ने 14 आरोपियों को दोषी पाया और सभी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई ! सजा सुनते ही कोर्ट परिसर में मौजूद आरोपियों के परिजनों की चीखें निकल गईं। आरोपियों को जेल ले जाने के लिए पुलिस जब वाहन में बैठा रही थी, तभी परिजनों ने विरोध शुरू कर दिया। कुछ परिजन पुलिस वाहन के सामने लेट गए और आरोपियों को ले जाने से रोकने लगे। पुलिस और परिजनों के बीच धक्का-मुक्की व झूमाझटकी की नौबत आ गई। परिजनों ने वाहन को हाथों से रोकने का भी प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने स्थिति पर काबू पाया और सभी दोषियों को जेल रवाना किया। परिजनों का कहना था कि कुछ लोग बच्चों को बहका कर गौसेवा के उद्देश्य से ले गए थे, लेकिन यह घटना हो गई।
काश/if Kakvi183,050 Aufrufe • vor 2 Monaten

केरल की एक मुस्लिम आयुर्वेद डॉक्टर संजना एस. ए. (42) 6 माह पहले भोपाल में Phd करने आई। 15 मई को अचानक उनकी तबियत बिगड़ी और उन्हें एक प्राइवेट हॉस्पिटल में भर्ती किया गया। एक हफ़्ते के बाद ब्रेन हैमरेज से उनकी मौत हो गई। हॉस्पिटल ने परिवार से ऑर्गन डोनेशन की गुजारिश की। उनकी दो बेटियां हैं, पति बंगलुरू में IT सेक्टर में मैनेजर हैं। चुकी भोपाल आने से पहले उन्होंने केरल में मरणोपरांत अंगदान करने की कथित गुजारिश की थी, उनके पति राज़ी हो गए। उस अंगदान से तीन लोगों की जान बची। उनके पति ने कहा, हमें इस से फ़र्क नहीं पड़ता है कि मरीज़ किस जात या धर्म का है। उनके बचे शरीर को केरल ले जाया गया। विदाई से पहले प्राइवेट हॉस्पिटल ने ख़िराज-ए-अक़ीदत पेश की और भोपाल पुलिस ने गार्ड ऑफ़ हॉनर दिया। अलविदा संजना एस. ए. एक बुझे चराग़ ने, तीन महलों को रौशन कर दिया। जय हिंदी ! Video - WhatsApp
काश/if Kakvi208,713 Aufrufe • vor 3 Monaten

#Bhopal | #BulldozerJustice | भोपाल के नारियलखेड़ा [फ़िज़ा कॉलोनी] में कल ज़िला प्रशासन ने एक जिनी भूमि से कब्ज़ा हटाया। बुलडोजर सुबह छः बजे पहुंचा। तब कोई स्कूल जाने की तैयारी कर रहा था तो कोई दूध लाने जा रहा था। तभी क्षेत्र की बिजली काट दी गई। बैरीकेडिंग कर रास्तो को ब्लॉक कर दिया गया। ना अंदर के लोग बाहर जा सकते हैं, ना बाहर के लोग अंदर। कर्फ्यू जैसे हालात पैदा कर दिए गए। कोई नहीं समझ पा रहा था कि आखिर हो क्या रहा है। कुछ घंटों के अंदर एक एक कर लगभग 40+ मकान और दो दर्जन दुकानें तोड़ दी गई। अंदाज़ लगाइये कि बुलडोजर आपके दरवाजे पर हो और आपको पता तक नहीं हो के अगला घर/दुकान आपका है। लोगों को सामना निकालने तक कि मोहलत नहीं मिली। ऐसा मंज़र था जैसे सुबह सुबह भूकंप आ गया हो और मल्बे में दबे हुए सामान और बेबस लोग रो रहे हैं। जो बच्चे सुबह स्कूल जा पाए जब वह लौटे तो उनका घर टूट चुका था और मां-बाप सड़कों पर बैठे रो रहे थे। ज़िला प्रशासन ने दलील दी के कोर्ट के आदेश पर 78 डेसिमल ज़मीन से 35 साल पुराने कब्ज़े हटाए गए। मीडिया की एंट्री प्रतिबंधित थी। ज़्यादातर मैनस्ट्रीम मीडिया ने ज़िला प्रशासन का ही पक्ष लिया। कुछ के लिए यह खबर ही नहीं थी। उसका एक मुख्य कारण यह भी था कि पीड़ित पक्ष मुस्लिम थे। वह भी लेबर क्लास। ख़ैर, भोपाल कि मीडिया तो इस मुद्दे को पचा गई मगर #GenZe सोशल मीडिया इंफ्लूएंसर ने काफ़ी हिम्मत दिखाई और अपने चैनलों के ज़रिए उन्होंने इस बुलडोजर जस्टिस की सच्चाई दिखाई। उन्होंने लोगों से बात कर कई तथ्य सामने लाए :- - पीड़ितों को पूर्व सूचना नहीं दी गई। - सामान निकालने तक की मोहलत नहीं मिली। - जो लोगों मेहनत कर कुछ सामान निकाल पाए, उनका सामान तक चोरी हो गया। - पीड़ितों की माने तो वह 40-50 सालों से वहां रह रहे हैं। उन्होंने यह ज़मीन प्राइवेट बिल्डर से ली थी।जमीन रजिस्ट्री हुई, घर बन गया, तब ज़िला प्रशासन कहा था। - जहाँ सरकार पकड़ पकड़ कर पीएम आवास के तहत लोगों को घर दे रही है, बुलडोजर चलाने से पहले इनका पुनर्वास नहीं किया गया। - जिस तरह कोर्ट के आदेशों का पालन करना ज़िला प्रशासन और सरकार की जिम्मेदारी है। ठीक उसी तरह, नागरिकों को सुरक्षा देना, उनका भरना पोषण करना और उनके साथ न्याय करना भी सरकार की जिम्मेदारी है। - लोगों का कहना था कि हाई कोर्ट में चुनाव चल रहे हैं जिस वजह कर हम कोर्ट नहीं जा पाए। - सुप्रीम कोर्ट द्वारा बुलडोजर कार्यवाही की गाइडलाइन का पूरी तरह से अनदेखा किया गया। मन मुताबिक काम हुआ। - भोपाल में पिछले दो हफ्तों से मूसलाधार बारिश हो रही है। कई क्षेत्र जलमग्न है। ऐसे में यह 40+ परिवार के पास ना रहने के लिए जगह है, और ना गुज़रा करने के लिए खाना। - चुनाव के दौरान लोगों के पैर के काटे को अपने दांतों से निकालने वाले नेता भी पीड़ितों के साथ खड़े नहीं दिखे। वीडियो थ्रेड 🧵
काश/if Kakvi35,279 Aufrufe • vor 16 Tagen
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इंदौर में कुत्तों ने वह काम कर दिया जो कोई राजनैतिक पार्टी नहीं कर पाई। कुत्तों को खाना खिलाने के मुद्दे पर RSS कार्यकर्ता और फायर ब्रांड हिंदू भाजपा विधायक मालिनी गौर के समर्थक भीड़ गए। मारपीट में विधायक के समर्थक भारी पड़े। गुस्से में स्वयंसेवकों ने देर रात भारी संख्या में अन्नपूर्णा थाने का घेराव कर हंगामा किया। खैर, पुलिस ने दोनों की शिकायत लेकर मामला शांत कर दिया है। #Indore
काश/if Kakvi113,086 Aufrufe • vor 3 Monaten

After watching bollywood film #Chhava, villagers near Asirgarh Fort in Burhanpur, (MP) launched a gold hunt after the dawn. With flashlights & metal detectors, they’ve been digging fields, chasing rumors of Mughal-era treasure ! The gold diggers ran away when Police arrived.
काश/if Kakvi541,392 Aufrufe • vor 1 Jahr

#Indore #Islamophobia Balwant Singh Rathore (40), a shopkeeper in Indore, is opposing the forceful eviction of Muslim shopkeepers and salesmen from the city's historic Sitla Mata Market. "The harmony between Hindus and Muslims should not be shattered, and they should be given equal opportunities to earn a living," he said. Indore has few gems like Balwant. Balwant’s Muslim business partner is facing eviction due to threats.
काश/if Kakvi305,338 Aufrufe • vor 11 Monaten

भोपाल में 17 साल के नागालिग रेहान कि हत्या कथित अंडकोष चोरी को लेकर हुई। वह परिवार में अकेला कमाने वाला था। चौक चौराहों पर पेन और छोटे सामान बेचा करता था। उसका परिवार भोपाल के शाहजहानाबाद में स्थित सुलभ शौचालय काम्प्लेक्स (मज़दूर नगर) के एक रूम में रहता है। एक माँ अपने बेटे के ग़म में डूबी है। उसका सहारा बेटा रेहान था। भोपाल पुलिस ने परिवार तक राशन पहुंचने में मदद की। पिछले दो दिन से पुलिस रात में परिवार को भोजन पहुँचा रही है। #Bhopal #Murder
काश/if Kakvi20,771 Aufrufe • vor 17 Tagen

#Bhopal #Communalism हबीबगंज रेलवे स्टेशन (RKMP) पर शनिवार रात दो बजे GRP के हेड कॉन्स्टेबल नजर दौलत खान ड्यूटी पर तैनात थे। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, गश्त के दौरान उन्होंने कुछ युवको को कार में शराब पीते देखा और वहाँ से जानें के लिए कहा। इस बात पर शराबी खफ़ा हो गए। और दोनों में बहस होने लगी। इसी बीच शराबियों ने उसका मुस्लिम नाम देख कर गाली गलौज शुरू कर दिया और फ़िर हमला कर दिया और कपड़े फाड़ दिए। जब हेड कॉन्स्टेबल को अन्य पुलिसकर्मी बचाने आए तो एक आरोपी ने कहा, "तुम हिंदू भाई हो, हट जाओ।" घटना का वीडियो रविवार को सामने आया। हालांकि इस घटना पर भोपाल पुलिस या GRP पुलिस ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। फ़िल्हाल मामला ठंडे बेस्ट में जाता दिख रहा है।
काश/if Kakvi397,617 Aufrufe • vor 1 Jahr

Sidhi | पेशाब कांड आरोपी प्रवेश शुक्ला के समर्थन में ब्राह्मण समाज ने सीधी में बड़ी सभा कर DM को ज्ञापन दिया। अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष कुलदीप भारद्वाज ने कहा "चेहरे पर पेशाब करना कौन सा अपराध है?" ख़बर है कि सीधी MLA के पुत्र भी इस सभा में शामिल हुए थे।
काश/if Kakvi646,847 Aufrufe • vor 3 Jahren

Ujjain | MP MP Police booked Virak Saleem, a resident of Punjab's Gurdaspur under "molestation charges" for asking a woman to write address/ number in a book fair. He urged to jot down her address in the register when she asked to deliver the book at home which was sold out. He was assaulted by the woman associated with the VHP for his identity alleging for collecting Hindu Women's details before the FIR.
काश/if Kakvi599,796 Aufrufe • vor 3 Jahren
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#Bhopal | #Conflict | An alleged inter-faith couple rented a room in a Hotel in Bhopal. Their check-in details were leaked to right-wing groups. It's members barged inside the hotel room in no time. The girl panicked and locked herself in toilet out of fear. When the mob intimidated the couple, she refuse to show up. She only came out when the mob threatened to assault her partner making him disabled. The mob then grilled the couple before dragging the young outside the hotel over a suspect of being inter-faith lovers. Tearing his clothes apart, they assaulted him, humiliated him, and defamed the community he belongs to in full public view. His face was blackened and then purified with cow dung. This circus continued for over an hour. A police personal was monitoring this incident. Police only came into the scene when he was handed over to them. The Police thanked them for their 'role' in preventing this gruesome crime taking the youth in custody. बाकि प्रदेश में शांती है।
काश/if Kakvi76,106 Aufrufe • vor 3 Monaten