
Ajeet Bharti YouTube
@NijiSachiv • 109,735 subscribers
Breaking News, Political Analysis, Short Takes On Everyday Events | Ajeet Bharti's YouTube Updates | Managed by team
Shorts
Videos

मोदी जाएगा तो राहुल आ जाएगा, योगी जाएगा तो अखिलेश आ जाएगा; इस भावनात्मक ब्लैकमेल में मत फँसाइए। मैं सामान्य वर्ग के अधिकारों के लिए लड़ता रहूँगा। कल कोई बदतर पार्टी आई तो उसे सड़कों पर निपट लेंगे। दूसरी तरफ़ घनघोर अयोग्यता को कोचिंग से लेकर मेरिट, PG, नौकरी और प्रमोशन तक लगातार छूट, ये अनंत काल तक नहीं चल सकता। This has to stop!
Ajeet Bharti YouTube969,789 Aufrufe • vor 1 Monat

“तुम्हें अपने बच्चों की सौगंध है, यदि इस सरकार को वोट दिया तो…”
Ajeet Bharti YouTube691,771 Aufrufe • vor 2 Monaten

CAA-NRC से लेकर दिल्ली दंगों तक, सब कुछ याद है। जामिया के 750 ID कार्ड, PFI के 60 करोड़ रुपये और उमर खालिद, शरजील इमाम, जिन्हें आज कुछ लोग फैंटसाइज कर रहे हैं। हम भूले नहीं हैं कि 53 लोगों की जान कैसे गई थी। उमर खालिद तुम्हारा जो भी हो, हमारे लिए वो एक हरामी टेररिस्ट था, है और रहेगा।
Ajeet Bharti YouTube73,031 Aufrufe • vor 7 Tagen

बाबा साहब जहाँ-जहाँ रुके, मुझे लगता है मोदी जी को ये करना चाहिए था कि जिस-जिस ट्रेन से वो गए, उन पटरियों के दोनों तरफ जितनी दूर तक गए, वहाँ अंबेडकर जी की मूर्तियाँ बनवा देनी चाहिए थीं। नहीं तो कम से कम कटआउट तो लगाना ही चाहिए था; महाभारत के वनपर्व में एक यक्ष–युधिष्ठिर संवाद है। तर्कोऽप्रतिष्ठः श्रुतयो विभिन्ना नैको मुनिर्यस्य मतं प्रमाणम्। धर्मस्य तत्त्वं निहितं गुहायां महाजनो येन गतः स पन्थाः॥ अंतिम पंक्ति का अर्थ मोदी जी के परिप्रेक्ष्य में समझना अधिक उचित होगा। जिन श्रेष्ठ और धर्मनिष्ठ लोगों ने जिस आचरण के मार्ग को अपनाया, उसी मार्ग को उचित पथ मानकर चलना चाहिए।
Ajeet Bharti YouTube213,745 Aufrufe • vor 27 Tagen

आरक्षण पर बोले मनोज तिवारी: देश में सभी वर्गों को मिल रहा आरक्षण का लाभ दिल्ली में आरक्षण के मुद्दे पर BJP सांसद मनोज तिवारी ने कहा कि विपक्ष जितना चाहे भ्रम फैलाए, लेकिन देश में अब कोई ऐसा वर्ग नहीं है जिसे आरक्षण का लाभ न मिल रहा हो। उन्होंने कहा, “इस देश में अब कोई ऐसी जाति नहीं है जिसको आरक्षण न मिला हो। ब्राह्मण को भी आरक्षण है, ठाकुर को भी आरक्षण है और भूमिहार को भी आरक्षण है, जो SC/ST & OBC इन तीनो में नहीं आता है उनको भी आरक्षण है।”
Ajeet Bharti YouTube488,181 Aufrufe • vor 1 Monat

डॉ. अंबेडकर जी को शिक्षा में सबसे अधिक सहयोग किसने दिया? एक ब्राह्मण ने और एक राजपूत ने। सयाजीराव गायकवाड़ तृतीय बड़ौदा (वर्तमान वडोदरा, गुजरात) रियासत के महाराजा थे और 1875 से 1939 तक शासक रहे। उन्होंने अम्बेडकर की उच्च शिक्षा में महत्वपूर्ण आर्थिक सहयोग दिया था। * उन्होंने अंबेडकर को छात्रवृत्ति दी। * इसी छात्रवृत्ति के सहारे अंबेडकर 1913 में Columbia University, अमेरिका उच्च शिक्षा के लिए गए। * बड़ौदा राज्य की छात्रवृत्ति तीन वर्षों के लिए थी। उसी तरह उनका दूसरा विवाह भी एक ब्राह्मण महिला से हुआ। तो भाई, ब्राह्मण महिला से विवाह भी हो गया। उस समय आरक्षण भी नहीं था, फिर वे आपके समाज के सबसे अच्छे पढ़े-लिखे व्यक्ति बने। किस कारण से बने? दिमाग के कारण। भगवान ने या बुद्धिजीवियों ने उनको इतनी बुद्धि दी, जितनी हमको-आपको दी। उसी दिमाग से उन्होंने इतनी डिग्रियाँ हासिल कीं। यह हीनता का भाव है कि आरक्षण के कारण इन्हें जातियों में डाल दिया गया और एक साइकोलॉजी डाल दी गई कि तुम बैकवर्ड ही हो!
Ajeet Bharti YouTube511,029 Aufrufe • vor 2 Monaten

IITs का concept जब रखा गया था तो विदेश में पढ़ रहे हमारे individuals को call भेजा गया कि आप लोग आइए, यहाँ IIT setup कीजिए। जैसे Anand Ranganathan जी के पिता S. Ranganathan जी विदेश से लौटकर 1966 में IIT Kanpur से जुड़े। उनकी माताजी D. Ranganathan ने भी विदेश से लौटकर IIT Kanpur में research की। IIT Bombay कोई हल्का-फुल्का institute नहीं है। वहाँ एक well-respected Professor कितनी पीड़ा के साथ कह रहा है, “छोड़ो यार, sign करो, कटाओ।” आप उनकी मनःस्थिति सोचिए।
Ajeet Bharti YouTube231,610 Aufrufe • vor 1 Monat

लास्ट में जितने देशद्रोही लोग होंगे, जय हिंद जरूर बोल देते हैं। राष्ट्रवादी लोग तो बोलते ही हैं, लेकिन वामपंथी जय हिंद बोले ना, तो अपने हरामपने को छुपाने के लिए बोलता है। वंदे मातरम् भी वो केवल उस समय बोलेगा, जब उसको उसकी जरूरत होगी। शेक्सपियर का एक कथन है, “Devil can cite scriptures for his own purpose.” यानी शैतान भी अपने बचाव के लिए ग्रंथों का हवाला देता है। ये लोग वही हैं, शैतान। SIR रिवर्स कर दो, बांग्लादेशियों से वोट गिनवा दो, बाहर के लोग यहाँ भी वोट दे रहे हैं, उधर भी वोट दे रहे हैं, मरे हुए लोगों के नाम वोट हो रहा है, सबको वोट दिलवा दो, ताकि इनके हारने का Margin कम हो। जीतते तो साले ऐसे भी नहीं हैं। SIR था क्या 2024 में? जीते क्या? 2019 में था SIR? नहीं था ना? फिर भी जीते क्या तुम लोग? इनकी पूरी जद्दोजहद इसको लेकर है कि कुत्ते की तरह नहीं हारना है।
Ajeet Bharti YouTube147,163 Aufrufe • vor 21 Tagen