
Sanjay Nirupam
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जैसे भोजपुरी गायकों ने #RJD को निपटाया,वैसे ही ये ‘बहादुर’ मानुस #MNS की ताबूत में आख़िरी कील ठोंक के रहेंगे।
Sanjay Nirupam174,113 görüntüleme • 7 ay önce

दिंडोशी में कल रात हिंदू लड़कियों पर 18-20 मुस्लिम गुंडों ने सामूहिक रूप हमला किया था। आज उन लड़कियों और उनके परिजनों के साथ पहले पुलिस स्टेशन गए।फिर घटनास्थल पर जाकर स्थानीय लोगों के साथ हनुमान चालीसा गाकर विरोध प्रदर्शन किया। #Dindoshi #KurarPoliceStation
Sanjay Nirupam69,320 görüntüleme • 4 ay önce

लेफ्टिस्टों के नए बाप और उबाठा के पैरोडी मौसा कुणाल कामरा तमिलनाडु में।
Sanjay Nirupam142,594 görüntüleme • 1 yıl önce
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माँ ने अभिमान से बेटे को गले लगा लिया। हाल ही में CA की अखिल भारतीय परीक्षा के नतीजे घोषित हुए। डोंबिवली के योगेश ठोंबरे ने परीक्षा पास की और चार्टर्ड अकाउंटेंट बन गये। माँ वर्षों से फुटपाथ पर सब्ज़ी बेचकर घर संभालती रही है। जैसे ही बेटे ने कामयाबी की खबर सुनाई,माँ भाव-विह्वल हो गई। योगेश को ढेर सारी बधाइयाँ। #Dombivali #AllIndiaCAexamination
Sanjay Nirupam152,784 görüntüleme • 2 yıl önce

जब रोज़ संसद के बाहर ही तमाशा करना है तो संसद का सत्र बुलाने की ज़िद क्यों करते हैं ? संसद के सदन बहस के लिए बने हैं।बड़े से बड़े विवाद सदन के अंदर संवाद के ज़रिए हल किए जा सकते हैं। दोनों सदनों के किस रूल के तहत बहस होगी, यह महत्वपूर्ण नहीं है। महत्वपूर्ण है बहस होना। दोनों पक्षों के बीच एकाध दिन खींच-तान हो सकती है।पर विपक्ष की कोशिश होनी चाहिए कि सत्ता पक्ष हर हाल में बहस के लिए तैयार हो जाए। दिलचस्प बात यह है कि सत्ता पक्ष बहस के लिए तैयार है लेकिन विपक्ष शोर शराबे और तमाशे में लगा हुआ है। यह दुर्भाग्यपूर्ण है भारतीय लोकतंत्र के लिए। #parliamentsession2025
Sanjay Nirupam86,115 görüntüleme • 1 yıl önce

कल पठानवाड़ी में यह सब तब हुआ जब कलश यात्रा मे भाग लेने के लिए हिंदू बच्चे हाथ में भगवा झंडा लेकर पिंपरीपाड़ा जा रहे थे। बच्चे 12,13,14 साल की उमर के थे। उन्हें जिहादियों ने रास्ते में पीटा।उनसे भगवा छीना। उबाठा के आमदार के दबाव में अब तक कोई गिरफ़्तारी नहीं हुई है।
Sanjay Nirupam90,457 görüntüleme • 1 yıl önce

राहुल जी इतिहास रच रहे हैं। अमेरिका के तमाम मंचों पर बेबाक़ बौद्धिक राय रख रहे है। उनकी बातें सुनकर प्रवासी भारतीयों से लेकर अमेरिकी बुद्धिजीवी तक प्रभावित हो रहे हैं। उनकी यात्रा स्वामी विवेकानंद की ऐतिहासिक शिकागो यात्रा का क़द छूती दिख रही है। #RGinUS
Sanjay Nirupam141,614 görüntüleme • 3 yıl önce

भारतीय जनता पार्टी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री नितिन नबीन को एक सफलतम कार्यकाल के लिए ढेर सारी शुभकामनाएँ। कांग्रेस ने जातिगत समीकरण को साधकर अपना अध्यक्ष चुना जबकि बीजेपी ने एक नौजवान और ऊर्जावान कार्यकर्ता प्राथमिकता दी। खुद तय करिए,जातिवादी कौन है। Nitin Nabin BJP Shivsena - शिवसेना
Sanjay Nirupam26,930 görüntüleme • 6 ay önce

कल दिंडोशी में पहले शिवशाही के मुस्लिम गुंडों ने हिन्दू युवकों पर हमला किया, फिर पुलिसवालों ने। जिस पुलिसकर्मी ने हिंदू युवकों पर लाठीचार्ज किया, उसे तत्काल सस्पेंड करो, वरना एक-दो दिन में पुलिस स्टेशन का घेराव करेंगे। शिवशाहीवालों को बाद में देखेंगे। आज मैं नागपुर में हूँ। #Dindoshi
Sanjay Nirupam13,265 görüntüleme • 3 ay önce

यह वीडियो नवी मुंबई का है। कल का है। एक महीने पहले एक मज़दूर रोटी की तलाश में यहाँ आया। एक रेस्टोरेंट में उसे वेटर की नौकरी मिल गई। मनसेवाले कह रहे हैं कि तुम मराठी बोलो। इतना फ़ास्ट लर्नर होता तो रोज़गार के लिए दर-दर भटकता ? महाराष्ट्र में मराठी भाषा सबको बोलनी चाहिए। इस भाषा के सम्मान के प्रति हम सब वचनबद्ध हैं। लेकिन इसके लिए क़ानून हाथ में लेना,गुंडागर्दी करना और किसी गरीब को पीटना यह सब महाराष्ट्र की समृद्ध संस्कृति को कलंकित करता है। निवेदन है कि राज्य के उप मुख्यमंत्री और गृह मंत्री Devendra Fadnavis पूरे मामले का संज्ञान लें और कार्रवाई करें। किसी ने मोदी जी को तीसरी बार प्रधानमंत्री बनाने के लिए बिना शर्त समर्थन दिया इसका अर्थ यह नहीं है कि उसे गरीब मज़दूरों को सरेआम पीटने का लाइसेंस मिल गया है। तातड़ी ने कार्रवाई झाली पाहिजे। #NaviMumbai
Sanjay Nirupam28,860 görüntüleme • 2 yıl önce

राजनीतिक विरोध की एक मर्यादा होती है। कल रामलीला मैदान में कांग्रेस मर्यादा लाँघ गई। #PMModi
Sanjay Nirupam10,639 görüntüleme • 7 ay önce

जगतगुरु शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद जी धार्मिक कम,राजनीतिक ज़्यादा है। उबाठा के प्रमुख से मिलना उनका व्यक्तिगत फ़ैसला हो सकता है। इस पर कोई एतराज नहीं है। पर शिवसेना के अंदरूनी विवाद पर राजनीतिक भाष्य करने से उन्हें बचना चाहिए था। यह उन्हें शोभा नहीं देता। कौन मुख्यमंत्री बनेगा,कौन नहीं, यह जनता तय करेगी,शंकराचार्य नहीं। बोलते-बोलते वे यह भी बोल गए कि जो विश्वासघात करते हैं, वे हिंदू नहीं हो सकते। यह बड़ा अजीबोग़रीब तर्क है। पहले तो यह तय होना है कि विश्वासघात किसने किया ? और यह शंकराचार्य नहीं तय कर सकते। दूसरा, हिंदू पौराणिक कथाओं और इतिहास में विश्वासघात के तमाम प्रकरण उपलब्ध हैं। क्या वे हिंदू नहीं थे ? विश्वासघात एक मानवीय अवगुण है। इसका किसी धर्म से कोई लेना-देना नहीं है। हाँ,इस अवगुण की वजह से कोई अच्छा या बुरा हिंदू हो सकता है। मगर वह हिंदू हो ही नहीं सकता, यह कुतर्क है। #Avimukteshwaranandji
Sanjay Nirupam16,568 görüntüleme • 2 yıl önce
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