
Tribal Army
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Tribal Army Provides a platform to challenge the generational neglect of Indigenous people of India.
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मणिपुर में शांति स्थापित नहीं होने का एक प्रमुख कारण यह भी रहा है कि वहां हमारी भारतीय सेना द्वारा जारी राहत कार्य के काम में कुछ असमाजिक तत्वों द्वारा मीरा पैबी समूह की महिलाओं को रास्ता रोकने के लिए आगे कर दिया जाता है, जिसके चलते जवान गंतव्य स्थान तक आगे नहीं बढ़ पाते हैं।
Tribal Army684,399 次观看 • 2 年前
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लकड़ियों का गट्ठर उठाए चलते एक बुज़ुर्ग आदिवासी बाबा के कंधे पर निडर होकर बैठा कठफोड़वा पक्षी यह दर्शाता है कि प्रकृति उन लोगों पर भरोसा करती है जो उसके साथ प्रेम और सम्मान से जीते हैं, न कि उस पर हुकूमत करके। पीढ़ियों से आदिवासी समुदाय जंगल, पक्षियों और वन्यजीवों के साथ गहरा और आत्मीय रिश्ता निभाते आए हैं।
Tribal Army121,928 次观看 • 5 个月前

मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के पांढुर्ना में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां 14 साल के बच्चे को घड़ी चोरी के आरोप में अमानवीयता की हदें पार कर उल्टा लटकाकर डंडों से पीटा गया और मिर्च की धुनी दी गई। इस निर्मम प्रताड़ना के दौरान बच्चा लगातार छोड़ देने की गुहार लगाता रहा, लेकिन उसकी कोई सुनवाई नहीं हुई। यह घटना न केवल कानून-व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न लगाती है, बल्कि हमारी संवेदनाओं को भी झकझोर देती है। ऐसे बर्बर कृत्यों पर रोक लगाते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में कोई और बच्चा इस प्रकार की यातना का शिकार न बने। मध्य प्रदेश में वंचित तबकों के लोगों के प्रति अत्याचार की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। आए दिन दलितों, आदिवासियों और कमजोर वर्गों के लोगों के साथ बर्बरता की खबरें सामने आ रही हैं, जो न केवल मानवाधिकारों का उल्लंघन है, बल्कि समाज की संवेदनहीनता को भी उजागर करता है। ऐसी घटनाएं हमारे तंत्र की कमजोरियों को दिखाती हैं और यह स्पष्ट करती हैं कि कमजोर तबकों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने की जरूरत है। सरकार और प्रशासन को इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि समाज में समानता और न्याय की भावना मजबूत हो सके। Dr Mohan Yadav Madhya Pradesh Police DGP MP Kamal Nath
Tribal Army309,783 次观看 • 1 年前

महाराष्ट्र के पुणे शहर से 20 किमी दूर खड़कवासला डैम के पास एक वृद्ध आदिवासी महिला को तीन पत्थरों की चूल्हा जलाकर भोजन बनाते देखना दिल दहला देने वाला है। यह दृश्य न केवल सरकार की आदिवासी विरोधी नीतियों का परिणाम है, बल्कि उज्ज्वला योजना और पीएम आवास योजना जैसी योजनाओं की असफलता को भी उजागर करता है। बीजेपी सरकार द्वारा हर घर में गैस सिलेंडर और हर परिवार को घर देने का दावा किया गया था, लेकिन यह दावा उन लाखों आदिवासी परिवारों तक नहीं पहुंच सका, जिनकी आज भी हालत बदतर है। आदिवासी कातकरी समाज के उत्थान के लिए बनाई गई योजनाएं केवल कागजों पर सजी हैं। यह घटना बताती है कि सरकार के दावे और जमीनी हकीकत के बीच गहरी खाई है। हम इस गंभीर लापरवाही की कड़ी निंदा करते हैं और सरकार से मांग करते हैं कि उज्ज्वला योजना और पीएम आवास योजना के तहत वंचित आदिवासी परिवारों को तुरंत लाभान्वित किया जाए। उनके जीवन स्तर को सुधारने के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाएं। Devendra Fadnavis Eknath Shinde - एकनाथ शिंदे Ajit Pawar CMO Maharashtra Jual Oram President of India Narendra Modi BJP
Tribal Army275,417 次观看 • 1 年前