लोग मुझे जैसा चाहे वैसा समझे , अब मै... सफाई देना छोड़ चुका हु ..!! ~ ओशो 🌻show more

शब्द शक्ति 😊
25,370 次观看 • 1 个月前
अब इस तरह से भी लोग चोरी करने लग... गए हैं वीडियो जैसा दिखता है वैसा नहीं हैshow more

Gurdayal Singh
356,405 次观看 • 1 个月前
ये हैं साध्वी देवा ठाकुर शायद इनका जन्म भी... 2014 के बाद ही हुआ होगा... खैर आज किसी ने मुझे ये विडियो भेजी और कहां कि भाई अगर तुम बता दो की ये महिला क्या पी रही है तो मै तुम्हे पांच हजार नकद दुंगा... नही बता पाये तो तुम मुझे दो हजार देना.... मैने तो बताया कि मूत्र है लेकिन उसने कहा कि ये गलत जवाब है.... अब आप लोग मेरी मदद करो और सही जवाब मुझे बताओ......show more

J.Kapoor Indian
22,238 次观看 • 1 个月前
जंतर-मंतर वाला “भाईचारा” अब रांची पहुंच चुका है! पिछले... महीने जंतर-मंतर के प्रदर्शन में कुछ लोग बाबासाहेब आंबेडकर, महात्मा गांधी और दूसरे ऐतिहासिक राजनीतिक प्रतीकों के रूप में तैयार होकर नजर आए थे। अब वैसा ही दृश्य रांची में भी दिखाई दिया है। कुछ खास लोगों ने छात्र प्रदर्शन जैसे गंभीर मुद्दे को भी मज़ाक बनाकर रख दिया है।show more

Ajeet Bharti YouTube
33,435 次观看 • 1 个月前
साज़िश वैसी ही थी जैसा मैंने कहा था पहले... आप के इन्फ़्लुएंसर राहुल गांधी को बुलायेंगे वो नहीं आयेंगे फिर केजरीवाल को बुलाया जाएगा वो आयेगा . छात्रों में संदेश राहुल को बच्चो की चिंता नहीं . जिस ने भी स्क्रिप्ट लिखी काफ़ी कमज़ोर लिखी खैर अब मुझे गाली देनी हो तो वेरिफाइड वाले देना नार्मल भक्त दूर रहे , चलो बनाओ पैसाshow more

Gurpreet Garry Walia
112,632 次观看 • 2 个月前
अभी कुछ देर पहले जब मैं अपने खेतों पर... पहुंचा तो मुझे अपनी ट्यूबेल से एक बच्चे की जोर जोर से चिल्लाने की आवाज सुनाई दी... मेरी मम्मी को छोड़ दो, ऐसा कहकर वो अपनी मम्मी को बचाने के लिए शोर मचा रहा था... मैं बिना देरी किए ट्यूबेल की तरफ चल देता हूं, वहां पहुंचकर मैंने देखा दो लड़के एक लड़की के साथ पानी में छेड़छाड़ कर रहे थे और एक छोटा बच्चा मम्मी को छोड़ने के लिए गुहार लगा रहा था... अब मैंने ट्यूबेल के अंदर रखी लाठी उठाई, और तुरंत एक लड़के की कमर पर दे मारी... लाठी लगते ही दूसरा लड़का पानी से निकलकर भागने लगा... लेकिन तभी वो लड़की जिसके साथ छेड़छाड़ हो रही थी, वो मेरे से बोलती है जैसा आप समझ रहे हो, वैसा कुछ नहीं है... हम तो रील बना रहे हैं, वो देखो उधर हमने कैमरा लगाया हुआ है... उसकी बात सुनकर मेरी हंसी छूट गई, और फिर छोटे बच्चे की तरफ देखते हुए मैंने उसको बोला कि ले बच गईं तेरी मम्मी... लेकिन आगे से ध्यान रखना, कहीं रील के चक्कर में सच में कोई दुर्घटना ना हो जावे... अब उस लठ्ठ खाए लड़के से मैंने बोला कि मेरी कोई गलती नहीं है, तुम लोगों एक्टिंग बिल्कुल रियल जैसी थी, अब तुम लोग अपनी रील फिर से बना लो, अब कोई तुम्हे कुछ नहीं कहेगा...show more

Amit Tomar
296,739 次观看 • 1 个月前
ये हैं अखिलेश यादव जी खास चमचे abhisek yadav,... विनय कुमार यादव जो पोस्टेड हैं दिल्ली में इन्होंने बीजेपी के खिलाफ वीडियो बनाया था और पीएम को गाली दी थी लेकिन इन्होंने जंतर मंतर में चल रहे आंदोलन का सपोर्ट किया जिसका सपोर्ट अब बांग्लादेश का जमात ए इस्लाम और पाकिस्तान का जैश ए मुहम्मद कर रहा है इसका सीधा सीधा मतलब हुआ कि ये रीलबाज अग्निवीर देश के पीएम के खिलाफ और देश विरोधी ताकते बांग्लादेश और पाकिस्तान का समर्थन करता है मुझे समझ नहीं आता ADGPI - Indian Army ऐसे जवानों को बताती क्यों नहीं कि उनका काम देश सेवा है राजनीति करना नहीं या ADGPI नेपाल श्री लंका जैसा हाल करवाना चाहती है इंडिया में इनपे जल्दी से जल्दी कार्यवाही करे गवर्मेंट ऐसे लोग पाकिस्तान के जाल में फंस सकते हैं चाहे वो पैसे से या माइंड वाश से ऐसे आर्मी वाले देश की सुरक्षा के लिए खतरा है इसका लिंक कमेंट box में है, कमेंट सेक्शन बंद कर लिया है 👇show more

Hindu Arun Yadav
96,896 次观看 • 1 个月前
पिछले दिनों पिकनिक पर खूंटी ज़िला के टपकारा के... पास स्थिति पांडु-पुडिंग पिकनिक स्पॉट गया था। एक समय ये नक्सलियों का गढ़ था। यहां तक पहुंचना पुलिस के लिए बहुत मुश्किल था। अब हर दिन मेले जैसा मंजर रहता है। गाड़ी पार्किंग का टिकट काट रहे एक स्थानीय ने बताया कि बीते कल 1 लाख 37 हज़ार 300 रुपये पैसे सिर्फ़ गाड़ी से आये हैं। ये पैसा ग्राम सभा को जाता है। वही पिकनिक स्पॉट में सुरक्षा से लेकर तमाम सुविधाएं उपलब्ध कराती है। सड़क नहीं थी तो स्थानीय लोगों ने मिट्टी काटकर सड़क बनाया। सरकार को ऐसे पिकनिक स्पॉट के विकास पार ध्यान देना चाहिए जिसे लोग ख़ुद खोजकर निकाल रहे हैं।show more

Sunny Sharad
12,316 次观看 • 1 年前
दिगंबर मंदिर, कोल्हापुर की बात है 😰 यह हथिनी... पिछले 35 वर्षों से मंदिर में थी, लेकिन अचानक PETA ने आकर यह रिपोर्ट जमा की कि हथिनी को चोटें हैं, और उसे वनतार को सौंपने की याचिका कोर्ट में डाली। हजारों जैन, अजैन और सनातनी विरोध के बावजूद, हाईकोर्ट ने सभी विनतियों को खारिज कर दिया और उसे वनतार को सौंप दिया गया... 🐘⚖️💔 Dr. Suresh Chavhanke “Sudarshan News” Ashwini Upadhyay Akhil Bharat Krishi Go Seva Sangh Mangal Prabhat Lodha Devendra Fadnavis Nationalist Mumbaikar 🇮🇳™ harsh shah जो लोग एक बकरा भी नहीं बचा सकते, वो लोग करोड़ों की क़ीमत वाले और भावनाओं से पाले गए जीवों को जबरन छीन कर ले जाते हैं... 😢 🙏 सकल जैन संघ से प्रश्न – क्या अब हमारी गौशालाएं इन लोगों की नजर में हैं? हमारे अबोल जीव इनके लिए सिर्फ कमाई का साधन हैं...💸 ये लोग कबूतर को दाना डालना बंद करवा देंगे, हमारे जीवदया के संस्कारों का पतन कर देंगे, कुत्तों को रोटी देना, गाय को प्रदूषण का कारण बताकर सब छीन लेंगे... 🐄🕊️🍞 वनतार एक बहुत बड़ा षड्यंत्र बन चुका है – ये आने वाले समय में अरबों रुपए कमाने का जरिया बन रहा है!! 🔥💰🐾)show more

Tanvi Jain 🇮🇳
41,564 次观看 • 1 年前
📍 मथुरा “डर के आगे जीत है” — यह... लाइन सुनते ही सबको DEW याद आता है। लेकिन सच यह है कि अब डर के आगे मौत है। यूपी के मथुरा में खाद्य सुरक्षा विभाग ने नकली DEW कोल्ड ड्रिंक का पूरा गंदा जखीरा पकड़ा है। खुली नालियों में मिलाया जा रहा था केमिकल , गंदे पानी से बनाई जा रही नकली ड्रिंक , बिना किसी हाइजीन , बिना किसी लाइसेंस , बिना किसी टेस्टिंग के। अब कुछ जरूरी सवाल ड्राई फ्रूट्स खाने वाले अधिकारियों से 👇 1. Food Safety Department हर बार छापा पड़ने तक सोया क्यों रहता है? नकली कोल्ड्रिंक फैक्टरी महीनों से चल रही थी — किसकी नाकामी थी? 2. FSSAI और जिला प्रशासन बाजार में बिकने वाले ड्रिंक्स की नियमित टेस्टिंग क्यों नहीं करते? क्या बच्चों और आम लोगों की सेहत की कोई कीमत नहीं? 3. उत्पाद में कौनसे केमिकल मिले? कौनसा सैंपल रिपोर्ट है? लोग ज़हर पी रहे थे या कुछ और? 4. कितने दुकानों पर यह नकली DEW पहुंच चुका था? कितने लोग इसे पी चुके हैं — क्या किसी की जांच की गई? 5. फैक्टरी चलाने वालों के खिलाफ कौनसी धाराएँ लगाई गईं? गिरफ्तारी हुई या फिर हमेशा की तरह “नोटिस जारी” बोलकर छोड़ दिया जाएगा? 6. ब्रांड कंपनियों का ट्रैकिंग सिस्टम इतना कमजोर क्यों है कि उनकी बोतलों की जगह नकली माल बाजार में घूम रहा है?show more

खुरपेंची स्वास्थ्य
62,820 次观看 • 9 个月前
RGB चेयरमैन #MUKESH_BHARTIYA नेता के बाद टपोरी गुंडा बनने... की तैयारी में मेरे द्वारा गलत के खिलाफ आवाज़ उठाने पर, अपनी काली करतूतों को छिपाने के लिए RAJASTHAN GRAMIN BANK के चेयरमैन #MUKESH_BHARTIYA, B ग्रेड की घटिया फ़िल्म के टपोरी विलेन की तरह गीदड़ धमकी दिलवा रहें हैं गरीब किसानों की भलाई के लिए खोले गए बैंक में गरीबों की सेवा करने के बजाय State Bank of India से आया ये चेयरमैन पाकेट मार चोर स्टाइल में सच की आवाज़ दबाने में अपना फ्यूज दिमाग लगा रहा हैं - मेरी पोस्ट से बौखलाकर चेयरमैन समर्थकों ने “फर्जी इमोशनल खत” बनवाकर भेजा। - धमकी दी गई है कि पोस्ट हटाओ वरना Defamation केस कर देंगे। सवाल उठता है कि - चेयरमैन और बैंक मैनेजमेंट इतना डर क्यों रहे है? - अगर मेरी बात झूठी है, तो कोर्ट में सच रखो, डराने धमकाने की नौटंकी क्यों? - क्या पब्लिक के टैक्स से चलने वाला ग्रामीण बैंक अब चेयरमैन का PR ऑफिस बन चुका है? सच ये है – 🛑 बैंक सेवा से ज़्यादा नौटंकी और पब्लिसिटी का अड्डा बन चुका है। 🛑 चेयरमैन और उनके चमचे (दायें-बायें नाँड) आलोचना बर्दाश्त नहीं कर पा रहे। 🛑 लोकतंत्र में जनता को सवाल पूछने का हक़ है, धमकी देना नहीं। और सुन लो #Mukesh_Bhartiya मैं इन घटिया हथकंडों से डरने वाला नहीं हूँ। बल्कि ये गंदी चालें मुझे और मज़बूत करती हैं, मुझे और ताक़त देती हैं सच बोलने और गलत के ख़िलाफ़ लड़ने की। State Bank of India DFS ReserveBankOfIndia क्या ये बैंक है या प्राइवेट अखाड़ा, जहाँ मैनेजमेंट आलोचना दबाने के लिए गुंडागर्दी पर उतर आया है? #BankScam #FreedomOfSpeech #Rajasthanshow more

Nitin Tyagi
19,301 次观看 • 1 年前
यह वीडियो देखने के बाद मेरे एक जानने वाले... का मैसेज आया है उन्होंने कहा कि "भैया अब आपको रिपोर्टिंग छोड़ देनी चाहिए" इस वीडियो में जो लोग दिखाई दे रहे हैं सबको मैं जानता हूं और सब मुझे जानते हैं सवाल इन रिपोर्टर्स पर नहीं है बल्कि व्यवस्था पर है क्या इन रिपोर्टर्स के संस्थान अगर इन पर दबाव बनाने की बजाय इनके विवेक से काम करने देंगे तो क्या ये ऐसे करेंगे? आज मीडिया के हालात क्या हो गए हैं ये सोचने की बात है मैं इस बात का शुक्र मना रहा हूं कि अच्छा हुआ मैं इस मौके पर नहीं था वरना क्या पता मुझे भी इस सर्कस का हिस्सा मजबूरन बन जाना पड़ता? लेकिन ऐसी परिस्थितियां कुछ-कुछ समय पर हर रिपोर्टर के सामने आती हैं सोच कर देखिए कि यह किस तरह का दबाव है जिसमें इतने सीरियस मुद्दे पर भी कॉमेडी हो गई संसद की सुरक्षा में चूक जैसे गंभीर मुद्दे पर रिपोर्टिंग हो रही है, लेकिन जिस तरह रिपोर्टिंग हो रही है उसको देखकर कपिल शर्मा का कॉमेडी शो भी फेल है यह सब देखकर कभी-कभी मन में आता है कि आखिर हम कर क्या रहे हैं? क्यों कर रहे हैं? किसके लिए कर रहे हैं?show more

Sharad Sharma
230,189 次观看 • 2 年前
नचाओ इंस्टाग्राम पर अपनी पत्नियों को, निपटा दिया पति... को 10 साल पुराना प्रेमविवाह,, प्रेमविवाह के बाद तीन बच्चे, उसके बाद भी पत्नी ने अपने नए इंस्टाग्राम के बॉयफ्रेंड के लिए अपने ही पति को गोलियों से भून डाला किसी को शक ना हो इसलिए बता डाली आत्महत्या पुलिस ने पत्नी का फोन चेक किया तो इंस्टाग्राम पर एक अजय नाम के व्यक्ति की आईडी से कुछ मैसेज प्राप्त हुए जिसमें सबसे पहला मैसेज लिखा था कि “भाभी में बहुत बड़ा करोड़पति हूं बस आप जैसी सुंदर महिला की कमी है”। उसके बाद महिला उस व्यक्ति पर इंप्रेस हो जाती और लगातार 1 महीने से बातचीत होती रहती है, फिर बात आती है शादीशुदा होने की तो पत्नी कहती है कि मेरे पिताजी ने शादी की है यहां पर, मुझे तो यह लड़का वैसे भी पसंद नहीं था... प्रेमी अजय बोला कोई बात नहीं हम इसको रास्ते से हटाए देते हैं उसने एक पिस्टल लाकर उस महिला को दे दी और कहा रात में निपटा देना, और जब निपट जाए तो रोने धोने का नाटक करके बोल देना कि आत्महत्या कर ली... महिला ने बिल्कुल वैसा ही किया और चैटिंग डिलीट कर दी,, मेरठ पुलिस ने चैटिंग को रिकवर किया, उसके जरिए पूरी घटना का हुआ खुलासा... अब जल्लाद पत्नी और उसके प्रेमी को भेजा जा रहा है मेरठ जेल पहला वीडियो घटना से 2 दिन पहले का है, जो महिला की इंस्टाग्राम आईडी पर डली हुई है, जिसमें पति राहुल और तीनों बच्चे दिखाई दे रहे हैं।show more

ocean jain
95,306 次观看 • 10 个月前
हरियाणा में भाजपा के फैलाए घोर जंगलराज में गुंडों... और गैंगों ने "रंगदारी के धंधे" और "फ़िरौती के फंदे" से आतंक मचा रखा है ! 🚨 "7 करोड़ रुपए का इंतजाम कर ले, 24 घंटे हैं तेरे पास..." 🚨 अब पानीपत में इंस्टीट्यूट आफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (PIET) के वाईस चेयरमैन राकेश तायल को व्हाट्सएप कॉल और वॉइस नोट भेज ये रंगदारी डिमांड की धमकी दी गई है ! 🚨 यह रंगदारी की रकम विदेशी नंबर से कॉल करके, कुख्यात अपराधी हैरी बॉक्सर के नाम से मांगी गई है...फिरौती की मिली इस धमकी के बाद चेयरमैन और उनका पूरा परिवार दहशत में है ! 🔴 हर दिन फिर फ़िरौती/रंगदारी की डिमांड और जान से मारने की धमकियों ने प्रदेशवासियों का जीना मुश्किल कर रखा है ! ❓ अब तो भाजपाई नकारेपन के कारण जिस तरीके से प्रदेश में ये डर का धंधा "न्यू नॉर्मल" बन चुका है, उसे देखते हुए नाकाम नायब सरकार को बकायदा "फिरौती मंत्रालय" खोल देना चाहिए... ❓ इसके बाद सरकार ही बता दे कि प्रदेश में चैन से सांस लेने के लिए किस गुंडे और किस गिरोह के नाम पर किसको कितनी रंगदारी की रकम चुकानी है... ❌ जिन गुंडों और अपराधियों के दिमाग़ में सरकार और कानून का भय होना चाहिए वो अपराधी अब बेखौफ होकर अपराध को ही किसी तमगे की तरह लगाकर प्रदेश के लोगों को डराने और धमकाने का धंधा चला रहे हैं ! ❌ PIET के चेयरमैन राकेश तायल को दी धमकी में भी यही कहा कि "यदि उन्हें गुंडे की पहचान में कोई शक हो तो यूट्यूब पर जाकर सर्च करके जान लें कि उसने पहले भी किन-किन लोगों को निशाना बनाया है !" 🔴 पूरे प्रदेश में कारोबारी हों, किसान हों, दुकानदार हों या आम लोग.. हर परिवार अब फ़िरौती के डर और अपराध की असुरक्षा के अंधकार में जीने को मजबूर हैं ! 🔴 हरियाणा के लोग अब भाजपा के "शिगूफा सीएम" श्रीमान नायब सैनी से यही पूछ रहे हैं कि- जब आपको सरकार चलाने के नाम पर केवल झूठ, जुमले और चुटकुले से ही काम चलाना है..तो आप भी अपना यूट्यूब चैनल ही क्यों नहीं खोल लेते? आखिर कब तक 'पर्ची सीएम' और भाजपा की निकम्मी सरकार में अपराधियों की ये मनमानी बढ़ती रहेगी और कब तक लोगों की ज़िंदगी से ये खिलवाड़ चलता रहेगा?show more

Randeep Singh Surjewala
13,376 次观看 • 1 个月前
MY पॉलिटिक्स की अर्थी उठ गयी 😰 ये है... अजय यादव की विधवा पत्नी.. वो अजय यादव जो मोतिहारी में मुहर्रम की हिंसा में मारा गया, सो कॉल्ड "शांति समुदाय" द्वारा — गर्दन काट दी गई। इनकी प्रशासन से एक ही मांग है — खून के बदले खून। दोषियों को फांसी दो। मगर इन्हें क्या पता, इनकी तो परेशानी अब शुरू हुई है। अब कोर्ट के चक्कर, धक्के, तारीख़ पे तारीख़, और चुनावी मौसम है तो इनका खूब इस्तेमाल होगा — फिर फायदा उठा के छोड़ देंगे नेता.... बीजेपी जन सुराज या जिसे भी फायदा नजर आएगा अपना..., फिर चुनाव के बाद पूछने वाला कोई नहीं होगा। और हमारे महान भारत के न्यायालय की दशा सबको पता है, सालों लगेंगे आरोपी साबित होने में(पता नहीं पकड़े भी गए या नहीं), मगर 1-2 साल में बेल पर बाहर आकर आरोपी मज़े उड़ाएगे, और यही लोग आकर इनके जले पर नमक छिड़केंगे। अजय यादव तो मार दिया गया, अब उसका परिवार हर दिन मरेगा जीते जी। उसका अबोध छोटा बच्चा अभी समझ भी नहीं पाया कि ये कैमरे, माइक, और भीड़ क्यों आई है घर पर। अब बोलो तेजस्वी यादव — एक ढोंगी कथावाचक की चोटी कट जाए तो आत्मसम्मान पर ले लेते हो, जिहादियों ने एक मासूम यादव की गर्दन काट दी — तो मुंह सील गया? क्या कहते थे तुम के — "मुसलमानों की तरफ आंख उठाकर भी देखा तो ईंट से ईंट बजा देंगे" अब? कहाँ है वो तेवर? कहाँ है वो जुबान? बड़ा MY MY करते हो 😐 Tejashwi Yadav, self-proclaimed Yadav leader, मृतक अजय यादव के घर जाना तो छोड़ो, एक ट्वीट तक नहीं किया। क्यों? क्योंकि आरोपी वोट बैंक समुदाय से हैं। इसको यादवों से नहीं, सिर्फ होने वोट बैंक से मतलब है। MY की राजनीति अब मौन व्रत में है, गरीब Y की लाश भी TRP है, वोट नहीं — इसलिए कोई फर्क नहीं। क्यूँकी जात के है तो वोट तो देंगे ही, गुलाम है, वरना दूसरा जात वाला जीत जायेगा 😒😰 अरे नेताजी सामने से नहीं तो कम से कम पीछे से गरीब समझ के ही मदद कर दो... चुपके से ही सही। इतना भी क्या डर है वोट बैंक खोने का? 🙏 भगवान अजय के परिवार को इस देश के शासन और प्रशासन दोनों की तरफ से मिलने वाली तकलीफो को सहन करने की शक्ति देना... 🙏😰 मेरा भारत महान #BiharPoliticsshow more

🇮🇳Jitendra pratap singh🇮🇳
85,217 次观看 • 1 年前
जिसे तुम पप्पू समझते रहे वो तुम्हारा सबसे बड़ा... हक बचाने के लिए अकेला लड़ रहा है... मैं जानता हूँ इस पोस्ट पर कुछ लोग हँसेंगे, कुछ तंज कसेंगे, कुछ मुझे भी ट्रोल करेंगे लेकिन आज जो सुना, जो देखा, जो महसूस किया उसके बाद ही अपने विचार रख रहा हूं.... राहुल गांधी की आज की कॉन्फ्रेंस सिर्फ एक प्रेस मीट नहीं थी वो एक जागृति थी, एक ऐसा आईना था जिसमें हमने लोकतंत्र का लहूलुहान चेहरा देखा। जिसे इस देश की मीडिया ने हाशिए पर डाल दिया, जिसे ट्रोल आर्मी ने सालों तक पप्पू कहकर हँसी का पात्र बना दिया वो आज इस देश को समझा रहा था कि वोट क्या होता है, संविधान क्या होता है, लोकतंत्र की आत्मा क्या होती है। उसने कोई भावनात्मक जुमला नहीं दिया, न कोई नारा उछाला... बस कुछ सच्चे आँकड़े और तथ्य रखे तथा देश को दिखा दिया कि किस तरह एक एक वोट चुराया गया। जिस सरकार को हमने चुना समझा वो दरअसल फर्ज़ी वोटों से खड़ी की गई एक इमारत निकली। जिस चुनाव को उत्सव कहा गया वो अब एक बहुत बड़े विश्वासघात जैसा लगने लगा है। आज राहुल गांधी ने बताया कि लोकतंत्र की हत्या तलवारों से नहीं सिस्टम से होती है और जब सिस्टम ही सड़ जाए तो सच्चाई बोलना देशभक्ति बन जाता है। सोचिए वो शख्स, जिससे आप मज़ाक करते थे आज एक एक नागरिक का हक़ बचाने के लिए लड़ा रहा है। उसने नफरत का जवाब आँकड़ों से दिया और झूठ का पर्दा तर्कों से हटा दिया। अब सवाल सिर्फ राहुल गांधी का नहीं है अब सवाल है हमारा। क्या हम सच में इतने सुन्न हो चुके हैं कि फर्ज़ी वोटों से बनी सरकार को चुपचाप सह लेंगे? क्या हम इतने अंधे हो चुके हैं कि जो संविधान की बात करे उसे ही निशाना बना दें? क्या अब सच बोलना पागलपन है और सिस्टम से सवाल करना गुनाह? अब ये लड़ाई किसी नेता की नहीं ये हर उस नागरिक की है जो लोकतंत्र को सिर्फ वोट डालने का नाम नहीं बल्कि अपनी पहचान मानता है। आज राहुल अकेला नहीं है आज वो हर इंसान उसकी लड़ाई में है जो अपना वोट बेचता नहीं बल्कि उसे अपनी आवाज़ समझता है। फिर बता रहा हूं कि मेरी ये पोस्ट कोई प्रचार नहीं ये जिम्मेदारी है उस पीढ़ी की ओर से जो अब समझ चुकी है कि अगर आज खामोश रहे तो कल कुछ भी कहने लायक नहीं बचेंगे। अब अगर हम नहीं बोले तो अगली पीढ़ी हमसे पूछेगी जब लोकतंत्र लुट रहा था, तब तुम कहां थे..?show more

Mukesh मारवाड़ी
117,306 次观看 • 1 年前
महाकुंभ में मौनी अमावस्या की वो काली रात... 28... जनवरी, रात 1.58 बजे थे। मैं महाकुंभ के अंदर कैंप में सो रहा था। दैनिक भास्कर के वरिष्ठ साथी आशीष राय (Ashish rai) ने शोर मचाया कि महाकुंभ में भगदड़ मच गई है, सब उठो। अगले एक से डेढ़ मिनट के भीतर पूरा कैंप खाली था। मैं, साथी विकास श्रीवास्तव (@Vikashsri17 ) और लता मिश्रा (Lata Mishra) दौड़ते हुए अगले 10 मिनट में मेले के सबसे बड़े सेंट्रल हॉस्पिटल में पहुंचे। तब तक एंबुलेंस आने का सिलसिला शुरू हो चुका था। पुलिसकर्मियों के चेहरों की उड़ी हवाइयां, हर मिनट बजते एंबुलेंस के सायरन, भागते हुए अस्पताल कर्मचारी ये बयां कर रहे थे कि कुछ तो बड़ा हुआ है। मेरे हाथ में माइक था। अस्पताल कर्मचारियों ने मीडिया के घुसने पर पाबंदी लगा दी। मैंने माइक बैग के अंदर रखा। पहचान छिपाकर हॉस्पिटल में घुस गया। अंदर का नजारा खौफनाक था। पीछे हॉस्पिटल का तरफ एग्जिट गेट था। उस गेट के पास कमरे में लाशों का ढेर था। मेरी गिनती के अनुसार 18 लाशें थीं। मोबाइल से सिर्फ दो वीडियो बनाए, चार–पांच फोटो खींचे। (दैनिक भास्कर ऐसा पहला मीडिया संस्थान है, जिसने भगदड़ में मौत होने की खबर फोटो प्रूफ के साथ ब्रेक की) इतने में हॉस्पिटल के एक कर्मचारी ने मुझे देख लिया। अपराधियों की तरह मेरा हाथ पकड़ा। बोला– तुम्हें पुलिस को देता हूं। वो मुझे पकड़कर कुंभ मेला की OSD के पास ले गया, जो एक महिला IAS ऑफिसर हैं। OSD ने मुझसे फोटो–वीडियो डिलीट करने को कहा। मैंने कहा कि अब कोई फायदा नहीं है, क्योंकि मैं ये सब ऑफिस को भेज चुका हूं। ये सुनकर उन्होंने मुझे हॉस्पिटल से बाहर कर दिया। मैं रात 2 बजे से लेकर सुबह साढ़े 5 बजे तक इसी हॉस्पिटल के गेट पर खड़ा रहा। इन साढ़े 3 घंटे में करीब 100 एंबुलेंस के चक्कर लगे होंगे। कोई मृत था तो कोई घायल। मोबाइल बैटरी डाउन हो चुकी थी। थोड़ी देर के लिए हम तीनों साथी वापस अपने कैंप पर आए। सुबह 10 बजे दूसरी सूचना आई कि संगम पार झूंसी इलाके (अखाड़ों की तरफ) भी रात में भगदड़ मची है। कई किलोमीटर पैदल चलकर हम वहां पहुंचे तो नजारा भयावाह था। हजारों लोगों के कपड़े, जूते-चप्पल, बैग सड़क पर पड़े थे। ढेर इतना कि दो ट्रक सामान भर जाए। बल्लियां टूटी पड़ी थीं। पुलिस बूथ पलटा पड़ा था। कार के शीशे टूटे हुए थे। आसपास के दुकानदारों से बात की तो पता चला कि रात 2 से 3 बजे के बीच यहां भगदड़ मची और बड़ी संख्या में लोग घायल हुए। इस इलाके में सब सेंट्रल हॉस्पिटल है। तुरंत हम वहां पहुंचे तो नजारा देखकर दंग रह गए। हॉस्पिटल में 20 से ज्यादा एंबुलेंस खड़ी थीं। इनके आने-जाने का सिलसिला जारी था। यहां भी मीडिया के अंदर घुसने पर पाबंदी थी। एक एंबुलेंस ड्राइवर ने बताया- लाशें अंदर पड़ी हैं। करीब 50 से ज्यादा लोग हॉस्पिटल पर अपनों को ढूंढने पहुंचे थे। कई प्रत्यक्षदर्शी श्रद्धालु मिले, जिन्होंने रात की भगदड़ का वृतांत रोते-रोते सुनाया। उस रात हमारे दूसरे साथी राजेश साहू (Rajesh Sahu) संगम नोज की तरफ मोर्चा संभाले हुए थे और वहां से पल-पल का कवरेज दे रहे थे। पहली बार महाकुंभ कवर कर रहा हूं। मौनी अमावस्या की रात से लेकर अगली सुबह तक क्या-क्या देखा, वो सारी बात शब्दों में पिरोना संभव नहीं है। लेकिन यही कहूंगा अफसरों का ओवर कॉन्फिडेंस, VIP की लगातार विजिट, रास्तों और पैंटून पुलों को पुलिस द्वारा मनचाहे तरीके से बंद करना या खोलना, 144 साल की ब्रांडिंग...इन्हीं सब की वजह से उस रात अव्यवस्थाएं पैदा हुईं।show more

Sachin Gupta
111,659 次观看 • 1 年前