#बज़्म

फितरत हमारे सहने की ना होती, तो हिम्मत तुम्हारी कुछ कहने की ना होती....! "मनीष" #बज़्म
...!! मनीष !!...©️42,055 просмотров • 26 дней назад

इतना अपमान, सिर्फ थोड़े से प्रेम के लिए ... धिक्कार है, मुझे खुद पर ! "मनीष" #बज़्म
...!! मनीष !!...©️40,527 просмотров • 1 месяц назад

मुझे खुद से नाराज़गी जिंदगी भर के लिए रहेगी, मैंने वो खोया है जो मुझे हर हाल में चाहिए था..!! "मनीष" #बज़्म
...!! मनीष !!...©️26,253 просмотров • 20 дней назад
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