#लेखनी

खिलते हैं गुल यहाँ, खिलके बिखरने को मिलते हैं दिल यहाँ, मिलके बिछड़ने को..!!🎶 फिल्म: शर्मिली (1971) नीरज✍️सचिन देव बर्मन 🎧किशोर कुमार 🎤 #राखी (अभिनेत्री) #जन्मदिन 💐 #लेखनी✍️ आरती सिंह 𝓐 ⚘𝓢 RealVanni🚩 Kamalpreet Bali.🪷🕉️🪷 Ridham 🎶🦋🎶 Niranzan Gurjar Savita Dighe
Shweta Jha37,043 görüntüleme • 17 gün önce

ऐ #यार सुन यारी तेरी, मुझे ज़िन्दगी से भी प्यारी है जवाब एक नहीं हमारा कहीं, बड़ी खूब जोड़ी हमारी है..!!🎶 #मित्रता_दिवस 🤝 #लेखनी ✍️ 🎬 सुहाग (1979) 🖋️ आनंद बख़्शी 🎵 लक्ष्मीकांत प्यारेलाल 🎤 मो. रफ़ी । शैलेंद्र सिंह । आशा भोसले 🎞️ अमिताभ बच्चन । शशि कपूर । परवीन बॉबी
आरती सिंह10,431 görüntüleme • 1 ay önce

यारों ने मेरे वास्ते क्या कुछ नहीं किया, सौ बार शुक्रिया! अरे सौ बार शुक्रिया! बचपन तुम्हारे साथ गुज़ारा है दोस्तों! ये दिल तुम्हारे प्यार का मारा है दोस्तों! एहसान मेरे दिल पे..!!🎶 #मित्रता_दिवस 🤝 #लेखनी✍️ 🎬 गबन (1966) 🖋️ हसरत जयपुरी 🎵 शंकर जयकिशन 🎤 मो. रफ़ी 🎞️ सुनील दत्त Shankar Jaikishan
आरती सिंह63,951 görüntüleme • 1 yıl önce

दूरदर्शन धारावाहिक "भारत एक खोज" प्रस्तुत है इस धारावाहिक का शीर्षक गीत जिसे वसंत देव ने लिखा / अनूदित किया था। सृष्टि से पहले सत नहीं था असत भी नहीं #अंतरिक्ष भी नहीं आकाश भी नहीं था छिपा था क्या, कहाँ किसने ढका था उस पल तो अगम अतल जल भी कहां था #अंतरिक्ष #लेखनी
ashish bhatt12,047 görüntüleme • 1 yıl önce
