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UGC लागू नहीं होने देंगे चाहे जो हो जाए…✊ — राणा अजय सिंह (प्रदेश महासचिव जनसत्ता दल लोकतांत्रिक) #NoUGCRollBack_NoVote

18,076 次观看 • 8 个月前 •via X (Twitter)

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एक उम्र के बाद आदमी शान्त होने लगता है, भागता हुआ सा शान्त। भागता हुआ सा शान्त आदमी बहुत खतरनाक होता है। आदमी रूक नहीं सकता, उसे रुकने नहीं दिया जाता। वह रुक जाए तो दुनिया का बोझ मालूम पड़ता है। भागते-भागते वह भीतर से खाली होने लगता है। आस-पास स्नेह ढूंढता है जो दोस्तों से नहीं मिलता, दोस्त उलूल-जुलूल की बातों में फँसा कर खालीपन टाल सकते हैं, खत्म नहीं कर सकते। स्नेह खोजते आदमी से सुंदर कुछ भी नहीं, स्नेह खोजते आदमी से बुरा कुछ भी नहीं। आदमी को, एक समय आने पर अपनी माँ से दूर कर दिया जाता है। उसका कमरा अलग कर दिया जाता है, और उसे आदमियों की श्रेणी में धकेल दिया जाता है जो कठोर मालूम होते हैं। माँ से सिर्फ रसोई तक की बात होने लगती है। माँ के स्नेह की भूख आदमी को सारी उम्र एक खालीपन की और धकलेती है। आदमी उस स्नेह को प्रेमिका में खोजता है और उसके साथ बच्चा होने लगता है। आदमी का बच्चा होना माँ के सिवा किसी को स्वीकार नहीं, प्रेमिका को भी नहीं। प्रेमिका कभी भी माँ नहीं हो सकती, उसकी अपेक्षाएं हैं, माँ की कोई अपेक्षा नहीं होती। आदमी फिर आदमी होने लगता है और ढोने लगता है अपने आदमी होने का बोझ। मैंने किसी आदमी से "कैसे हो?" के उत्तर में "बढ़िया" के अलावा कुछ नहीं सुना। बाकी सब बढ़िया। - संयम शर्मा

हिन्दी पंक्तियाँ

58,819 次观看 • 1 年前

MY पॉलिटिक्स की अर्थी उठ गयी 😰 ये है अजय यादव की विधवा पत्नी.. वो अजय यादव जो मोतिहारी में मुहर्रम की हिंसा में मारा गया, सो कॉल्ड "शांति समुदाय" द्वारा — गर्दन काट दी गई। इनकी प्रशासन से एक ही मांग है — खून के बदले खून। दोषियों को फांसी दो। मगर इन्हें क्या पता, इनकी तो परेशानी अब शुरू हुई है। अब कोर्ट के चक्कर, धक्के, तारीख़ पे तारीख़, और चुनावी मौसम है तो इनका खूब इस्तेमाल होगा — फिर फायदा उठा के छोड़ देंगे नेता.... बीजेपी जन सुराज या जिसे भी फायदा नजर आएगा अपना..., फिर चुनाव के बाद पूछने वाला कोई नहीं होगा। और हमारे महान भारत के न्यायालय की दशा सबको पता है, सालों लगेंगे आरोपी साबित होने में(पता नहीं पकड़े भी गए या नहीं), मगर 1-2 साल में बेल पर बाहर आकर आरोपी मज़े उड़ाएगे, और यही लोग आकर इनके जले पर नमक छिड़केंगे। अजय यादव तो मार दिया गया, अब उसका परिवार हर दिन मरेगा जीते जी। उसका अबोध छोटा बच्चा अभी समझ भी नहीं पाया कि ये कैमरे, माइक, और भीड़ क्यों आई है घर पर। अब बोलो तेजस्वी यादव — एक ढोंगी कथावाचक की चोटी कट जाए तो आत्मसम्मान पर ले लेते हो, जिहादियों ने एक मासूम यादव की गर्दन काट दी — तो मुंह सील गया? क्या कहते थे तुम के — "मुसलमानों की तरफ आंख उठाकर भी देखा तो ईंट से ईंट बजा देंगे" अब? कहाँ है वो तेवर? कहाँ है वो जुबान? बड़ा MY MY करते हो 😐 Tejashwi Yadav, self-proclaimed Yadav leader, मृतक अजय यादव के घर जाना तो छोड़ो, एक ट्वीट तक नहीं किया। क्यों? क्योंकि आरोपी वोट बैंक समुदाय से हैं। इसको यादवों से नहीं, सिर्फ होने वोट बैंक से मतलब है। MY की राजनीति अब मौन व्रत में है, गरीब Y की लाश भी TRP है, वोट नहीं — इसलिए कोई फर्क नहीं। क्यूँकी जात के है तो वोट तो देंगे ही, गुलाम है, वरना दूसरा जात वाला जीत जायेगा 😒😰 अरे नेताजी सामने से नहीं तो कम से कम पीछे से गरीब समझ के ही मदद कर दो... चुपके से ही सही। इतना भी क्या डर है वोट बैंक खोने का? 🙏 भगवान अजय के परिवार को इस देश के शासन और प्रशासन दोनों की तरफ से मिलने वाली तकलीफो को सहन करने की शक्ति देना... 🙏😰 मेरा भारत महान #BiharPolitics

🇮🇳Jitendra pratap singh🇮🇳

85,217 次观看 • 1 年前

जीवन में विरोध कभी इतना स्तरहीन नहीं होना चाहिए कि संवैधानिक पद पर बैठे विपक्षी दल के नेता के प्रति सम्मानजनक भाषा का त्याग कर दिया जाए और संवाद का स्तर गिर जाए। राजनीति में विरोध यदि विचारों, विचारधारा, नीतियों, लोकतांत्रिक मूल्यों, सरकारी योजनाओं और अभियानों के क्रियान्वयन जैसे मुद्दों पर तथ्य और तर्क के साथ किया जाए, तो वह मतदाताओं के लिए स्थायी प्रभाव छोड़ता है और सरकार में बदलाव की प्रेरणा बन सकता है। इसके विपरीत, स्तरहीन और हास्यास्पद विरोध केवल कुछ पल की सुर्खियाँ तो दिला सकता है, लेकिन वास्तविक बदलाव नहीं ला सकता। ​"जा भजनलाल घेवर लेके आ... अभी लाया हुकम घेवर। जा तू जयपुरी रजाईयां लेके आ... अभी हुकम लाया जयपुरी रजाईयां। जा तू अब धूप में खड़ा हो जा... हुकम मैं धूप में खड़ा हो गया मेरे आका। ऐसे लोग चाहिए... इन्हें सीएम थोड़े चाहिए चपरासी चाहिए... चपरासी मिल गया।"

Dinesh Bohra

26,313 次观看 • 5 个月前

सतना में भाजपा नेता अशोक सिंह ने एक महिला के साथ चाकू की नोक पर दुष्कर्म किया, वीडियो बनाया और फिर दोबारा दुष्कर्म करने के लिए पीड़िता के घर पहुँचा। भाजपा नेता कैमरे पर खुलेआम कहता है कि भाजपा की सरकार है, मेरा कुछ नहीं होगा। Dr Mohan Yadav आप सरकार चला रहे हैं या सर्कस? यह कैसा तमाशा है, जहाँ आपकी पार्टी के नेता प्रदेश की बेटियों के साथ घिनौने कृत्य करते हैं और छह महीने तक आपकी पुलिस कोई कार्रवाई नहीं करती। इसी लापरवाही के चलते दुष्कर्मी भाजपा नेता दोबारा कुकृत्य करने पहुँच गया। चाहे देश में कुलदीप सेंगर हो या मध्य प्रदेश में अशोक सिंह, भारतीय जनता पार्टी में कई बलात्कारी गर्व से भाजपा का चोला ओढ़े बैठे हैं और भाजपा गर्व से उनके समर्थन में खड़ी रहती है।

Jitendra (Jitu) Patwari

111,569 次观看 • 9 个月前

आज बिहार स्टूडेंट यूनियन के उपाध्यक्ष साहबाज आलम ने माननीय मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात कर महत्वपूर्ण मुद्दों को मजबूती से रखा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शिक्षक भर्ती में लागू 85% डोमिसाइल, महिला आरक्षण और दिव्यांग आरक्षण बिहारी छात्रों के लंबे संघर्ष और आंदोलनों का परिणाम है, जिसे किसी भी कीमत पर कमजोर नहीं होने दिया जाएगा। पिछले वर्ष छात्र नेता दिलीप कुमार के नेतृत्व में साहबाज आलम सहित हजारों अभ्यर्थियों ने सड़कों पर उतरकर, आंदोलन कर यह व्यवस्था लागू करवाई थी। अब कुछ बाहरी राज्यों के अभ्यर्थियों द्वारा इस व्यवस्था को खत्म करने और बहाली को अटकाने के लिए कोर्ट में केस किया गया है, जो बिहार के युवाओं के भविष्य के साथ अन्याय है। साहबाज आलम ने मुख्यमंत्री से मांग की कि सरकार इस केस को पूरी मजबूती से लड़े और साथ ही #TRE4 का नोटिफिकेशन जल्द से जल्द जारी किया जाए, ताकि युवाओं को रोजगार का अवसर मिल सके। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यदि डोमिसाइल नीति को हटाने की कोशिश की गई, तो बिहार स्टूडेंट यूनियन पूरे बिहार में लोकतांत्रिक तरीके से बड़ा आंदोलन करेगा। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आश्वासन दिया कि बिहार सरकार बिहारी छात्रों के हितों की पूरी रक्षा करेगी और उनके अधिकारों से कोई समझौता नहीं होने दिया जाएगा। _shahbaz alam #बिहार_मांगे_डोमिसाइल #bpsc #tre4 #katihar

Shahbazz_raja ( #Release_TRE4_Notification )

15,104 次观看 • 5 个月前