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अखिलेश यादव को ऊंची जाति के लोगों से बहुत तकलीफ है।
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10 Kommentare

सबसे ज्यादा तकलीफ तो तुमको दलित पिछडो के आगे बढ़ने से है

सवर्ण वर्ग के लोग जो दिन रात जयकार कर रहे है देखे

check out this chillhop track

ये लठैत मानसिकता के जातिवादी दोगले है, जिन्हे हर वर्ग से तकलीफ है 🧐

तो तुम आंकड़ा दे दो की नही ऊंची जातियों का कब्जा नही है। सारे के सारे जगह कब्जा कर रखे हो अब ये सब नही चलेगा। कुछ भी कर लो। हिस्सा ले कर ही रहेंगे। तुमको क्या लगा वोट तो देते नही हो काम से काम जो वोट देता है उसके हक की बात की जायेगी। जो करना हो कर लो

तकलीफ देते है ऊंची जाती वाले , ⬇️ देश के साथ गद्दारी भी करते है

इनको ज्यादा समस्या है सामान्य जाति से जरा ये बताए जामिया मिलिया इस्लामिया युनिवर्सिटी अलीगढ़ मुस्लिम युनिवर्सिटी में किसका कब्जा है व यहाँ आरक्षण भी नहीं है न SC ST OBC के लिये अलग से सीट रिजर्व नहीं है कोई जवाब इनके पास केवल हिन्दू समाज में वैमनष्यता पैदा करना है बड़ी जाति छोटी जाति जैसे शब्द को जिंदा रखकर आपनी राजनीति चमकानी है बस अगर ऐसा ही है तो आपनी पार्टी से सभी बड़ी जातियों को निकाल दे कही सपा पार्टी पर न ही कब्जा कर ले सवर्ण

isko to up election me batayge.

अखिलेश यादव को कौन जानता है मुलायम यादव की बदौलत ईनकी पहचान यूपी में है दूसरे राज्य में तो इनको लोग पहचानते भी नहीं है।। अगर इनका राज रहता तो उत्तर प्रदेश में हिंदुओं की संख्या विलुप्त हो जाती और उत्तर प्रदेश मुस्लिम राज्य घोषित हो जाता।।

जैसे तुमको देश के बहुसंख्यक वर्ग (दलित, पिछड़ा, आदिवासी) के लोगों को आगे बढ़ता देखने से तकलीफ है। इतने ही कथित ऊंची जातियों के शुभचिंतक हो सर्वेश 52वादी पांडेय तो EWS में गैर बामन सवर्णों को बराबर की हिस्सेदारी देने के लिए EWS के बंटवारे की मांग करो।
