Video wird geladen...

Video konnte nicht geladen werden

Zur Startseite

गांधी परिवार ने अशोक गहलोत का इम्तिहान लिया था 👇 Molitics

36,098 Aufrufe • vor 3 Monaten •via X (Twitter)

0 Kommentare

Keine Kommentare verfügbar

Kommentare vom Original-Post werden hier angezeigt

Ähnliche Videos

अशोक गहलोत ने धूड खाई थी….!!! हम भी धूड खाएँगे….!!! ऐसे तो आप कह दोगे कि अशोक गहलोत ने पेपर लीक करवाए थे… हम भी पेपर लीक करवाएँगे… वैसे अशोक गहलोत तो अपने दम पर मुख्यमंत्री बने थे… आप पर्ची से क्यों बने…?? अशोक गहलोत निर्णय लेने से पहले किसी से नहीं पूछते थे… आपके तो दिल्ली से फोन और फ़्लाइट चौबीसों घंटे चालू रहती है… अशोक गहलोत ने तो राजस्थान को राइट टू हैल्थ भी दिया था… आपने स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का बंटाधार क्यों किया.. अशोक गहलोत ने तो समाज कल्याण के क्षेत्र में अभूतपूर्व काम भी किया था… आपने क्या किया…?? हम राजस्थानियों को केवल इस बात का जवाब चाहिए कि… अरावली की परिभाषा क्यों बदली गई…??

kapil bishnoi

29,405 Aufrufe • vor 9 Monaten

अशोक गहलोत ने पिछले 30 सालों में जितने बड़े परिवार थे जैसे मदेरणा परिवार, मिर्धा परिवार, ओला परिवार, राम सिंह विश्नोई, नवल किशोर शर्मा एक लंबी फेरिसट है...इन सबको राजनीतिक रूप से निपटाया। फिर राजनीति में एक युवा लड़का आता और इनके सामने खड़ा हुआ है.. और अशोक गहलोत राजनीतिक रूप से उसका कुछ कर नहीं पा रहे। पूरे देश में मीडिया में चर्चा थी सीएम सचिन पायलट होंगे ये बात अशोक गहलोत को खटकती थी। 2018 में राहुल गांधी कांग्रेस के अध्यक्ष थे तब उम्मीद थी कि वो देश में यंग लीडरशिप डवलप करेंगे ...राजस्थान में सचिन पायलट और मध्यप्रदेश में सिंधिया.. लेकिन वो नहीं कर पाए और वो अहमद पटेल, कमलनाथ, अशोक गहलोत के आगे हार गए। सोनिया गांधी ने अशोक गहलोत से कहा आप मुख्यमंत्री पद छोड़ कर राष्ट्रीय अध्यक्ष बन जाओ तो आप कहते हो पायलट की रगड़ाई नहीं हुई जबकि आपको भी तो परसराम मदेरणा की जगह मुख्यमंत्री बनाया था तब आप खुश थे। अशोक गहलोत हमेशा कहते थे मेरे इस्तीफा सोनिया गांधी के पास रखा है और जब इस्तीफ़ा मांगा तो विद्रोह कर दिया.. राजनीति यही है यहां कोई किसी का सगा नहीं।

Jeetu Besla

99,580 Aufrufe • vor 4 Monaten