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नितिन गडकरी जी किसी हाल पर भी नहीं मानने वाले हैं कि E 20 पेट्रोल से प्रॉब्लम हो रही है 2 दिन पहले मै अपनी कार का माइलेज आप लोगों के साथ शेयर किया था। जो 20 से घट कर सिर्फ 12 से 14 में अटक गया था। आज...

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ये कार मेरा 2020 मॉडल है। इस पोस्ट से मै आप लोगों को और खास कर नितिन गडकरी जी को दो चीज़ दिखाना चाहता हूं। 1st 👉 मै गाड़ी ज़्यादातर इतना ही स्पीड में चलाता हूं, और आज भी 60 से 80 km/h के अंदर ही चला रहा हूं। 2nd👉मेरा गाड़ी का इंजन 1000 cc का है, माइलेज लगभग 20 का निकाल लेती है। ₹ 500 का पेट्रोल में 100 km का सफर तय था। लेकिन कल उतना ही सफर तय किया था और ₹800 का पेट्रोल लेना पड़ा नितिन गडकरी जी आप कहते हैं E 20 पेट्रोल में कोई दिक्कत नहीं है। पहले महीने में ₹4000 का पेट्रोल लेता था, अब ₹1200 और बढ़ाना होगा, नितिन गडकरी जी साल का ₹14000 आप लुट रहे हैं! नोट:~ ये सिर्फ कार का कैलकुलेट किया है मौका मिला तो बाइक का भी किया जाएगा 💯

Jamil Ansari

85,384 Aufrufe • vor 2 Monaten

2026 का सबसे धाकड़ इंटरव्यू E20 petrol के बारे में। मेघा प्रसाद: मेरे पास पेट्रोल वाली एक कार है। पहले वह शहर के अंदर 11–12 kmpl का एवरेज देती थी, लेकिन अब वही कार सिर्फ़ 7 kmpl का एवरेज दे रही है , ट्रैफिक भी वही है, रास्ता भी वही है, फिर माइलेज इतना कम क्यों हो गया? नितिन गडकरी: आपने अपना एवरेज कैसे चेक किया? मेघा प्रसाद: जैसे पहले फुल टैंक करके किलोमीटर के हिसाब से चेक करते थे, आज भी उसी तरीके से चेक किया है, इस पर नितिन गडकरी ने कहा कि माइलेज ऐसे चेक नहीं होता, इसे सर्विस सेंटर की मशीन से चेक कराया जाता है। इसके बाद मेघा प्रसाद ने कहा, यानी आप यह नहीं मानेंगे कि आपके ब्रांडेड E20 पेट्रोल की वजह से मेरी गाड़ी का माइलेज कम हुआ? आप इस बात को नहीं मानेंगे?"

ʀᴜᴅʜʀᴀ ʏᴀᴅᴀᴠ🇮🇳

386,241 Aufrufe • vor 2 Monaten

3 दिन पहले बाइक मे 800 रूपये का पेट्रोल भरवाया था, पुरे दिन मे बाइक केवल 4 से 5 KM चलती है वो भी मार्किट से सामान लाने के लिए, वरना खड़ी रहती है, इमरजेंसी मे कही जाना पड़े इसलिए टंकी भरवां के रखनी पडती है आज दोपहर को ज़ब मार्किट जाने के लिए बाइक स्टार्ट की तो हुई नहीं, हर तरह से कोशिश कर ली लेकिन नतीजा वही रहा, थक हार कर मेकेनिक के पास बाइक ले जानी पड़ी, उसने बाइक चेक की लेकिन समस्या समझ नहीं आयी जब उसने पेट्रोल चेक किया तो पता चला की उसमे पेट्रोल कम और पानी ज्यादा है इसके बाद उसने सारा पेट्रोल निकाल कर दिखाया और कहा की ये पेट्रोल खराब हो चुका है दोबारा भरवाना पड़ेगा अब ये इथेनाल की वजह से हुआ या किसी और वजह से पता नहीं लेकिन मेरा 800 का नुकसान जरूर हो गया अब पेट्रोल टेंक की सफाई करवाई है जिसमे 300 रूपये लगे इसके अलावा कुछ छोटा मोटा काम था अब अलग से 800 का पेट्रोल फिर डलवाना पड़ेगा.. मतलब कुल 1100 का नुकसान हो गया गडकरी जी 1100 रूपये हराम के नहीं आते है समझ रहे हो ना 😡

बघीरा 😺

55,460 Aufrufe • vor 1 Monat

महोदय, जो मार्केट में यह इथेनॉल ब्लेंडिंग वाले पेट्रोल (E22, E25, E27, E30 और E85) मौजूद हैं, इनको बंद करिए! क्योंकि जनता इनसे थोड़ा बहुत परेशान है। अभी करोड़ों पुरानी मोटर साइकिल और गाड़ियों में इथेनॉल वाला पेट्रोल इस्तेमाल करने पर—जो गाड़ी पहले 20 किलोमीटर चलती थी, वह अब सिर्फ 6 से 8 किलोमीटर का माइलेज दे रही है। जिस गाड़ी का सर्विसिंग 3 या 6 महीने पर कराया जाता था, अब उसकी सर्विसिंग हर महीने कराना पड़ रहा है। उसके इंजन बस थोड़े बहुत खराब हो रहे हैं, ज्यादा थोड़ी खराब हो रहे हैं! और हमारे देश में जिनके पास गाड़ियाँ हैं, और बहुत से ऐसे लोग जिनकी रोजी-रोटी इन्हीं गाड़ियों की वजह से चलती है, उनके पास तो बहुत पैसे हैं! उनको फर्क थोड़ी पड़ता है कि गाड़ी माइलेज कम दे रही है या हर महीने सर्विसिंग कराना पड़ रहा है। क्योंकि देश की जनता सिर्फ हिंदू-मुस्लिम के मुद्दे पर बोलती है। भले ही हजारों लीटर पानी सिर्फ 1 लीटर इथेनॉल को बनाने में बर्बाद कर दिया जाए, लोग प्यासे मर जाएं, पर जनता महोदय जी से या सरकार से सवाल थोड़ी पूछेगी! कि महोदय, आप एक समय कहते थे कि अगर इथेनॉल वाला पेट्रोल आया तो हम ₹15 लीटर पेट्रोल देंगे। जितना एवरेज आपको ₹120 लीटर वाले पेट्रोल में मिल रहा है, उतना ही एवरेज हम आपको ₹15 रुपए लीटर वाले इथेनॉल मिक्स्ड पेट्रोल में देंगे। लेकिन आपने ऐसा नहीं किया! आप इथेनॉल वाला पेट्रोल लाकर भी ₹100 लीटर ही दे रहे हैं और लाखों करोड़ों गाड़ियों का मेंटेनेंस खर्च बढ़ा रहे। मैं तो कह रहा हूँ कि आप शत-प्रतिशत पेट्रोल के जगह इथेनॉल को ही लागू करिए, क्योंकि इससे इनडायरेक्टली आपको ही फायदा होगा। और फायदा कैसे होगा, यह हर कोई जानता है, बताने की जरूरत नहीं है... क्योंकि हमारे देश में समझदार लोग बहुत हैं! #Ethanol #E20% #EthnolPetrol

Naveen Sharma Sikandrabad

22,019 Aufrufe • vor 3 Monaten

#चित्रकूट 👉🏾 साढ़े 11 लीटर पेट्रोल डलवाया, संदेह पर निकालकर नापा तो निकला साढ़े 9 लीटर। 👉🏾 पहले तो इतना महंगा है पेट्रोल डीजल ऊपर सेइतना कम भी दे रहे हैं। मामला सोनेपुर रोड पेट्रोल पंप का है जहां एक सज्जन अपनी बुलेट गाड़ी में पेट्रोल डलवाये जहां दो लीटर कम दिया गया। 👉🏾 सभी लोग पेट्रोल डालने वाले वर्कर को डांट रहे हैं, किसी ने टंकी मालिक पर सवाल नहीं किया। वहीं मैनेजर आकर वर्कर से कहता है गलती किये हो साहब से माफी मांगो। 👉🏾 जहां तक मेरा मानना है यह काम वर्कर का नहीं है पेट्रोल पंप मालिक ने मशीनों में हेर फेर करवा रखी होगी, एक दो लीटर डलवाने वाले चेक नहीं करते आज फुल टंकी भराने वाले ने पकड़ लिया। 👉🏾 मामले को कई दिन बीत गए लेकिन अब तक कोई कार्यवाही नहीं हुई, मामले को संज्ञान लेकर पेट्रोल पंप मालिक के खिलाफ कार्यवाही कर ऐसे पंप सील कर देना चाहिए जो जनता के साथ ठगी का खेल खेलते हैं। DM Chitrakoot

Abhimanyu Singh

66,843 Aufrufe • vor 1 Jahr

ये सड़क परिवहन मंत्री के बेटे निखिल गडकरी है जो शियान एग्रो इंडस्ट्री के मालिक है इनकी कंपनी गन्ने ,अनाज सड़े हुए फल से एथेनॉल बनाती है वही इथेनॉल को भाजपा मंत्री नितिन गडकरी अब पेट्रोल में मिलवा के बेचवा रहे भारत में ताकि इनके सुपुत्र के कंपनी का फायदा हो, पुत्र मोह में देश का बंटाधार कर दिए,और गाड़िया का जीवन बर्बाद कर दिए, परिणाम अब अब मेरी बाइक 40 से 45 के एवरेज देती है 500 ML रखना बाइक में जरूरी हो गया है, इथेनॉल से सिर्फ भारतवासी का नुकसान है फायदा सिर्फ भाजपा मंत्री नितिन गडकरी के सुपुत्र निखिल गडकरी के कम्पनी का है,.. हैलो Nitin Gadkari जी आप एथेनॉल बेचवाओ दिक्कत नहीं है उसके लिए अलग से अपनी पेट्रोल पंप खुलवाओ,बाकी सब पेट्रोल में एथेनॉल मत मिलाओ, पुत्र मोह में अंधे न होये भारत वासी लोगों का दर्द समझो,

BHEEM BAUDH

29,951 Aufrufe • vor 3 Monaten

माननीय श्री नितिन गडकरी जी,Nitin Gadkari आपसे एक सवाल है। कृपया उत्तर अवश्य दें। जिन वाहनों में स्पष्ट रूप में लिखा है कि वे E20 Compatible नहीं है और केवल E10 पेट्रोल पर चलने के लिए उपयुक्त है, उन वाहन मालिकों को क्या करना चाहिए? क्या वे अपनी गाड़ियाँ बेच दें या कबाड़ में डाल दें? यदि किसी वाहन के लिए E10 ही उपयुक्त है, तो फिर पेट्रोल पंपों पर E10 का विकल्प क्यों समाप्त किया जा रहा है? उचित व्यवस्था तो यह होनी चाहिए थी कि E10 और E20 दोनों प्रकार का पेट्रोल उपलब्ध रहता, ताकि जिसकी गाड़ी E10 Compatible है वह E10ले सके और जिसकी E20 कंपैटिबल है वह E20 का उपयोग करे। लेकिन आज स्तिथि यह है कि हर किसी को E20 ही लेना पड़ रहा है, चाहे उसके वहां के लिये वह उपयुक्त हो या नहीं । आप मंत्री है, आपके लिए नई गाड़ी लेना आसान होगा, लेकिन उस आम नागरिक का क्या, जिसने अपनी मेहनत और पसीने की कमाई से गाड़ी खरीदी है? मैं अपने व्यक्तिगत अनुभव के आधार पर कह रही हूं कि E20 पेट्रोल इस्तेमाल करने के बाद मेरी गाड़ी का माइलेज लगभग 30% तक कम हो गया है। और अगर कोई अपनी गाड़ी को सुरक्षित रखना चाहता है तो उसे XP100 पेट्रोल भरवाना पड़ता है, जिसकी कीमत करीब ₹167/लीटर है। सबसे बड़ी बात, यह पेट्रोल हर पेट्रोल पंप पर भी उपलब्ध नहीं है। वाह गडकरी जी! आम आदमी के सामने ऐसा विकल्प रख दिया कि या तो महंगा पेट्रोल भरो या अपनी गाड़ी के इंजन की चिंता करते रहो। कुछ-कुछ वैसे ही हाल हो गया है जैसे LIC वाले कहते है —"जीने से ज्यादा मारने के फायदे है।" अब लगता है कि E10 से जायदा E20 के फायदे गिनाए जा रहे हैं, लेकिन जिनकी गाड़ियाँ E20 Compatible नहीं है, उनकी चिंता कौन करेगा? अगर इस नीति के पीछे कोई ठोस और तर्कसंगत कारण है, तो कृपया देश की जनता को उसका स्पष्ट उत्तर दीजिए। आज इस मुद्दे पर हर वाहन मालिक को आवाज उठानी चाहिए, क्योंकि यह सिर्फ मेरी गाड़ी का नहीं, बल्कि उन लाखों लोगों का सवाल है जिनके वाहन E20 Compatible नहीं हैं।

Pooja Tiwari

20,249 Aufrufe • vor 2 Monaten

गद्दार-करी का फैलाया रायता, जनता जुगाड़ से कर रही है साफ़ 🔥👍 जैसे-जैसे पेट्रोल में इथेनॉल की ब्लेंडिंग बढ़ रही है, एक क्रिएटर ने फ़्यूल-मिक्सिंग का एक तरीका शेयर किया है। उनका दावा है कि 0% इथेनॉल वाले पेट्रोल को E20 पेट्रोल के साथ मिलाकर E10 ब्लेंड बनाया जा सकता है। क्रिएटर के अनुसार, इससे इथेनॉल के लेवल को बैलेंस करने और फ़्यूल की क्षमता (एफ़िशिएंसी) को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है। हालांकि, बिना सोचे-समझे फ़्यूल मिक्स करने की कोशिश न करें। अलग-अलग गाड़ियों की फ़्यूल से जुड़ी ज़रूरतें अलग-अलग होती हैं, इसलिए हमेशा अपनी कार बनाने वाली कंपनी की सलाह और फ़्यूल कम्पैटिबिलिटी (अनुकूलता) को पहले चेक करें। गाड़ी के हिसाब से माइलेज और इंजन की परफ़ॉर्मेंस भी अलग-अलग हो सकती है। क्या आप अपनी कार की कम्पैटिबिलिटी चेक करने के बाद इस जुगाड़ को आज़माएंगे? 👇

Suresh Kapse

117,978 Aufrufe • vor 1 Monat

सुप्रिया Supriya Shrinate जी का वक्तव्य मेरे फेसबुक और इंस्टा के अकाउंट पर कई लोगों का एक्सेस है. इसमें से किसी व्यक्ति ने आज एक बेहद घृणित और आपत्तिजनक पोस्ट किया था. मुझे जैसे ही इसकी जानकारी हुई मैंने वह पोस्ट हटा दिया. जो भी मुझे जानते हैं, वह यह अच्छी तरह से जानते हैं कि मैं किसी भी महिला के लिए व्यक्तिगत भोंडी बात नहीं करती हूँ. मेरी जानकारी में आया है कि यह पोस्ट पहले एक पैरोडी अकाउंट (@Supriyaparody) पर चल रहा था. यहां से किसी ने यह पोस्ट उठाकर मेरे अकाउंट पर पोस्ट कर दिया. मैं ऐसा करने वाले की पहचान में लगी हूं. साथ ही मेरे नाम का दुरूपयोग कर बनाए गए पैरोडी अकाउंट को भी X में रिपोर्ट किया है.

Surendra Rajput ‏

87,215 Aufrufe • vor 2 Jahren

माननीय गडकरी जी, पेट्रोल में एथेनॉल यानि गन्ने का रस मिला कर बेचने का फैसला बेहद बेवकूफाना और जनता को ठगने वाला साबित हो रहा है. कारों तथा मोटरसाइकिलों का माइलेज गिरता जा रहा है, स्पेयर पार्ट्स जल्दी खराब हो रहे हैं एवं अन्य कई प्रकार की तकनीकी गड़बड़ियां भी आ रही हैं. कायदे से होना ये चाहिए कि सभी 90 हज़ार से ज्यादा पेट्रोल पंपों पर शुद्ध पेट्रोल और मिलावटी E 20 पेट्रोल को अलग अलग बेचा जाना चाहिए ताकि जिसको जो खरीदने का मन हो वो अपनी मर्जी से खरीद सके. अत: गडकरी जी, फिज़ूल की ज़िद त्यागिए और केजरीवाल जी के सुझाव को अमल में लाइए क्योंकि यही देश के आम लोगों के हित में है. Nitin Gadkari Arvind Kejriwal Bharat Petroleum #NoE20Petrol #EthanolFreePetrol #StopE20Petrol #RightToChooseFuel #BringBackPurePetrol #FuelFreedom #MileageMatters #India #एथेनॉल_मुक्त_पेट्रोल #ई20_पेट्रोल_बंद_करो

अतुल अग्रवाल | Atul Agrawal 🇮🇳

358,080 Aufrufe • vor 2 Monaten

मेघा प्रसाद ने सवाल क्या दागे, नितिन गडकरी जी के जवाबो का माइलेज है गिर गया..!🤣 मेघा प्रसाद - दिल्ली देहरादून में गढ़े हुवे कितने हजार करोड़ 12 हजार करोड़, 29 हजार करोड़ इतना, इतने पैसा लगाने के बाद पहली बारिश में गढ़े हो जाते है। फिर मै सवाल पूछूंगी तो आप कहेंगे गलत है। मै एंटीनेशन थोड़ी हो जाऊंगी, नितिन गडकरी - साहब का जवाब सुनिए अब। मेघा प्रसाद जी ने ऐसा इंटरव्यू लिया है कि चारों खाने चित कर दिया है मंत्री जी के। वो खुद कहे रहे है अब की अब पेट्रोल डीज़ल के सवाल उनके मंत्री जी से पूछे। पहली बार नितिन गडकरी किसी इंटरव्यू के दौरान इतना फसते हुवे दिखे है। क्या कहते हो आप लोगों इसपर..?

मनीष मिश्रा

24,574 Aufrufe • vor 2 Monaten

हमारे इलाहाबाद में बालसन चौराहे पर बीजेपी नेता राईस चंद शुक्ला जी का पेट्रोल पंप है। यहां अक्सर लोग शिकायत करते मिल जाते हैं कि 100 का पेट्रोल डलवाया, संगम पहुंचने से पहले खत्म हो गया। अब एक बंदे के साथ इन्होंने सीधा ही खेल कर दिया। असल में व्यक्ति की गाड़ी का तेल पूरा खत्म हो गया था। गाड़ी खींचकर पेट्रोल डलवाने आया। 150 रुपए का लिया। लेकिन 10 कदम भी गाड़ी नहीं चली। मतलब एक बूंद भी पेट्रोल नहीं पड़ा। उसने वीडियो बनाते हुए हंगामा किया तो मैनेजर ने कर्मचारी को डांटा और पेट्रोल डलवाया। यह फर्जीवाड़ा सिर्फ कर्मचारी नहीं करते। मैनेजर, मालिक सबकी भूमिका होती है इसमें। अजीब यह कि स्थानीय प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं करता।

Rajesh Sahu

521,848 Aufrufe • vor 2 Jahren

Sourav Joshi vs Abhishek Malhan दो बड़े YouTubers, लेकिन एथेनॉल पर दोनों की राय अलग है। सौरव जोशी ने नितिन गडकरी की आलोचना करते हुए कहा कि उनकी कार का माइलेज 17 km/l से घटकर 5 km/l रह गया और एथेनॉल की वजह से गाड़ी पर भी असर पड़ रहा है। वहीं, अभिषेक मल्हान का कहना है कि एथेनॉल ब्लेंडिंग कारों के लिए फायदेमंद है। उनके मुताबिक इससे पर्यावरण बेहतर होगा और किसानों को भी लाभ मिलेगा। मेरे हिसाब से दोनों अपनी-अपनी जगह सही बात कर रहे हैं। लेकिन अभिषेक मल्हान जी, ज़रा एक बात पर भी सोचिए। जो करोड़ों लोग 2023 से पहले अपनी गाड़ियां खरीद चुके हैं, उनका क्या? अगर नई फ्यूल नीति लागू करनी थी, तो पुरानी गाड़ियों के लिए भी कोई ठोस समाधान या विकल्प होना चाहिए था। अगर किसी वाहन में एथेनॉल की वजह से माइलेज कम हो रहा है या तकनीकी दिक्कतें आ रही हैं, तो उसके लिए जिम्मेदारी कौन लेगा? और सबसे बड़ा सवाल—अगर बिना एथेनॉल वाला पेट्रोल आसानी से उपलब्ध ही नहीं होगा, तो जिन लोगों की गाड़ियों पर इसका असर पड़ रहा है, उनके पास विकल्प क्या है? नीति ऐसी होनी चाहिए जिसमें नए वाहनों के साथ-साथ पुराने वाहन मालिकों की भी चिंता की जाए।

📍हमदर्द अल्फाज़📍

23,360 Aufrufe • vor 2 Monaten