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पत्रकार : क्या आप नेपोकिड है प्रियंका खड़गे : आपने एक बार भी पूछा है आप नहीं आपके मीडिया कोई भी मीडिया एक बार पूछा है कि जय शाह कितने रणजी मैच खेला है हां। आपने एक बार भी पूछा है अनुराग ठाकुर कितना रणजी मैच खेला है। हां...

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यदि आप कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बेटे नहीं होते तो क्या 46 साल की उम्र में कर्नाटक के गृह मंत्री बन जाते? क्या आपने बीजेपी नेताओं से पूछा कि जय शाह ने कितने रणजी मैच खेले हैं अनुराग ठाकुर ने कितने रणजी मैच खेले हैं?मुझे खड़गे जी का बेटा होने पर गर्व है.! कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री येदुरप्पा का बेटा विजयेंद्र जो सिर्फ एक बार विधायक बना है कर्नाटक बीजेपी का प्रदेश अध्यक्ष कैसे बन गया? लेकिन आपको चार इलेक्शन जीतने वाले प्रियांक खड़गे से प्रॉब्लम है कि वो गृह मंत्री कैसे बन गया.! आपके पिता मल्लिकार्जुन खड़गे का एक सपना था कि वो कर्नाटक के मुख्यमंत्री बनें लेकिन वो इसे पूरा नहीं कर पाए क्या उनके बेटे प्रियांक खड़गे इस सपने को पूरा कर पाएंगे?

Jeetu Besla

115,373 次观看 • 4 天前

यह बुजुर्ग दादी मां 80 साल की हैं यह हर महीने के लास्ट दिन चली आती है यह पूछने के लिए कि हमारे एकाउंट में वृद्धा पेंशन का पैसा आया है कि नहीं हर बार बैंक कर्मचारी चेक करता और बताता है कि आपके अकाउंट में वृद्धा पेंशन अभी नहीं आया है यह ठीक से सुन नहीं पाती हैं बैंक कर्मचारी तीन चार बार बोलता है तो एक बार सुनती है हर बार निराश हो कर घर चली जाती है इनके एकाउंट में 16₹ है एक बार बैंककर्मचारी ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल देता है और कहता है कि हमें दु:ख होता है यह कहकर की दादी आप के एकाउंट में पैसा नहीं आया है इस वीडियो के सही लोकेशन का पता नहीं है लेकिन यह वीडियो बिहार का है

premprakash

29,511 次观看 • 2 个月前

पत्रकार : कल आपके यहां जो कार्यक्रम हुआ है, उसको लेकर क्या कोई गलत संकेत गए? जवाब : कोई गलत संकेत नहीं है। वो तो जो आदिवासी जो थे कार्यकर्ता वो आए थे, खाली मिलने के लिए आए थे। जॉइनिंग की बात थी नहीं कहीं। मुझे कहा गया भाई वो जिद किए हुए हैं बच्चे, बीस - पच्चीस दिन से बात चल रही थी। मैं मना कर रहा था, यहां आने की जरूरत नहीं है। मैं खुद आऊंगा बांसवाड़ा मिल लेंगे बच्चों से। अब 500 किलोमीटर बस लेकर कोई आए तो मुझे अजीब लगता है और मैं हमेशा डिस्करेज करता हूं। कल की बात छोड़ दीजिए। जब कभी कोई मुझसे मिलने की बात करते हैं तो मैं मना करता हूं, इतनी दूर से क्यों आ रहे हो? मैं टूर प्रोग्राम बनाऊंगा, वहीं मिल लेंगे अपन। पर इन लोगों ने जिद पकड़ ली कि नहीं, हमें तो मिलना ही है। तो जब मालवीय जी ने बार बार कहा तो फिर अल्टीमेटली मैंने कहा कि भई ठीक मिला दीजिए। तो मिलने मुझसे भी आए थे, तो मुझसे मिलना है तो मैंने भी कहा और उनके खुद ने भी टाइम ले लिया था पीसीसी से भी कि हम जाकर वहां भी आशीर्वाद लेंगे, मिल लेंगे अध्यक्ष जी से मिलेंगे और कोई बात थी ही नहीं। ना ज्वाइनिंग की थी, ना चर्चा हुई ज्वाइनिंग की और वो तो कार्यकर्ता थे। ज्वाइनिंग नेताओं की होती है। 500 कार्यकर्ता, 400 आए थे कल। जो आंकड़े बता रहे हैं अब 400 कार्यकर्ता क्या वो कार्यकर्ता तो उन्हें कब तो वो गए और कब वापस आए। तो ये तो क्या कार्यकर्ता गांव में होते हैं ना। अगर मान लो बाप पार्टी का मोह भंग हो रहा है, आ गए तो अच्छी बात है। वेलकम करना चाहिए सबको। इतनी सी बात है। बाकी तो मीडिया वाले जो है आप लोग, आप भी कम नहीं हो, कैसे आप किस प्रकार से माहौल बिगाड़ो, कैसे डराओ नेताओं को, उसमें भी कई मीडिया के हमारे साथी जो हमारे बड़े प्यारे हैं, उनकी बड़ी भूमिका होती है। भाई इससे ज्यादा कुछ भी नहीं है। हम सब एक हैं, एक होकर चलेंगे, एक होकर सरकार बनाएंगे और सरकार बननी निश्चित है राजस्थान में दिमाग के अंदर रखो। बाकी सब बातें छोड़ दो। कोई नाराजगी नहीं है, कोई नाराजगी ना अध्यक्ष जी को, ना मुझे है। अध्यक्ष जी क्या नाराजगी बताएंगे? कोई नाराजगी नहीं बताई उन्होंने। उनको तो जो महसूस हुआ, उन्होंने बता दी बात। पर मीडिया वाले बार- बार, बार- बार अगर आप ऐसे क्वेश्चन पूछोगे जो उनकी जानकारी में नहीं होगी बात को तो वो जवाब क्या देंगे? तो इस प्रकार का मैं समझता हूं। कोई बात नहीं, पूरी कांग्रेस एकजुट है और अभी मैं बार बार कह रहा हूं सुन लीजिए आप लोग देश को जरूरत कांग्रेस की है। कांग्रेस राहुल गांधी के नेतृत्व में, खड़गे साहब के नेतृत्व में एकजुट है। डेमोक्रेसी खतरे के अंदर मैं बार बार चेता रहा हूं पिछले छह महीने साल भर से वो हकीकत है। इसमें कोई आपस में मनमुटाव, झगड़ों का कोई स्थान होना ही नहीं चाहिए। सब मिलकर काम कैसे करें, यह हमारा ध्येय होना चाहिए। वो हमारा ध्येय है। उसी ध्येय से हम आगे बढ़ रहे हैं सब लोग और हम जानते हैं कि मीडिया वाले हमें क्वेश्चन क्या पूछेंगे। अब जब आपने सब कैमरे लगाए तो बाकी बातों में जानता हूं कि भूमिका आपकी है। बाकी तो आप लोग क्या पूछने वाले हो, क्यों पूछने वाले हो, मुझे मालूम था। तो इसलिए आप मुझसे , हम सब से एक्सपेक्ट मत करो कि हम कोई ऐसी बात बोलेंगे जिससे आपस में लड़ाई बढ़े यह बात है।

Ashok Gehlot

82,156 次观看 • 1 个月前

मैंने विधानसभा में पूछा था कि जब से नई सरकार आई है, महिलाओं के खिलाफ अपराध के कितने मामले रजिस्टर किए गए हैं? उसका जवाब बेहद चौंकाने वाला था कि नई BJP सरकार बनने के बाद ओडिशा में 18001 केस दर्ज किए गए हैं, जिनमें सिर्फ 217 केस ही डिस्पोज हुए हैं। जब भी कोई घटना होती है तो एक ही आवाज आती है कि जांच चल रही है, लेकिन पिछले 12 महीने में एक भी जांच की रिपोर्ट सामने नहीं आई है। आखिर पुलिस विभाग में जो कमियां हैं, उन्हें सही क्यों नहीं किया जा रहा है। ऐसे हालात में भी मंत्रिमंडल की एक भी हाई-लेवल मीटिंग नहीं की गई है। अगर सरकार ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया तो अपराध के ये आंकड़े और बढ़ सकते हैं। : Sofia Firdous जी

Congress

34,488 次观看 • 1 年前