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बड़ा खेल तो नहीं खेला जा रहा है - पेपर हार्ड देकर पद रिक्त रखकर पुराने पेपर सेटरो को हटाकर ख़ुद के चहेते पेपर सेटर सेट करने की बड़ी प्लानिंग तो नहीं की जा रही है #RPSC युवा हित के लिए RPSC में स्थाई अध्यक्ष की नियुक्ति होना बेहद...

37,348 просмотров • 2 дней назад •via X (Twitter)

Комментарии: 8

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Vijendra Dagdi2 дней назад

Sir humari bat bh suno basic computer instructor vacancy main Gen Obc cat. K liye negative seats hai 4 saal baad aai is vacancy me hum kaise selection lenge aap btao .. help karo sir humari

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sunil2 дней назад

Rssb board chairman aalok raj ka ab istifa mang lena chahiye. M to khta hu kl ke andolan me iske istife ki mang ho. Or is pr janch suru ho.

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PRATAP SINGH2 дней назад

तुम्हारी दुकानें बंद हो गई इसलिए ये सब हड़बड़ाt हो रही है

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Bhanu Rathore2 дней назад

Bkl teri gand isiliye jal rahi h kyoki wha rajput baitha hai...s.I paper ke khilaf toh me bhi hu par jatiwad bich me mat laa gadhed...andolan ki maa mat chod..target sirf ke h exam wapis conduct krwna

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ram2 дней назад

Kya khna chahte ho mr rss k log glt hote h kya

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The_Rathore 🇮🇳2 дней назад

तुम्हारी कुंठित मानसिकता साफ झलक रही है

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Usman KHAN2 дней назад

केसरी सिंह भी RSS का है SIR। किसी को सुबूत चाहिए तो मुझे DM करें। केसरी सिंह जातिवादी, मनुवादी सोच का है।

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Zen-G Voice 🇮🇳2 дней назад

RPSC का पुनर्गठन हो, और राजनीतिक नियुक्तियां बंद हुवे बिना कुछ नहीं होने वाला

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अगर अपने घर को चोरी से बचाना है तो अपने घरों में मजबूत ताला लगा लें, क्योंकि झारखंड में हेमंत सोरेन जी ने एक नई रीति शुरू की है, जिसमें चोरी से बचने के लिए मजबूत तालों पर जोर दिया जा रहा है, न की चोरों को पकड़ने और कार्यवाही करने पर। ठीक ऐसे ही पेपरलीक से बचाने के लिए पेपर माफियाओं को पकड़ने की बजाय पूरे राज्य के इंटरनेट बंद कर दिया जा रहा है। जबकि सच तो ये है कि पेपर, इंटरनेट या वॉट्सएप के कारण नहीं, बल्कि हेमंत सरकार की अलमारियों से लीक हो रहे हैं। जिन एजेंसी/अफ़सरों को पेपर्स की सुरक्षा का काम मिलता है वही पेपर की बोली लगाते हैं, सबसे ऊंची बोली लगाने वाले गिरोह या व्यक्तिविशेष को फिर पेपर सौंपते हैं, और बाद में नीति निर्माण में , बैठकों में पेपरलीक की समस्या का समाधान भी ऐसा बताते हैं जिससे वो बचे रह सकें। और यह सब मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जी की आंख और कान के नीचे हो रहा है। चूंकि मुख्यमंत्री जी की भूमिका, संलिप्तता और सहभागिता तीनों हैं तो कार्यवाही की बात तो छोड़िए, पैसों के लिए मारा मारी की जा रही है। हेमंत सरकार अभ्यर्थियों के सपनों पर अपने फरमानी कुदाल चला रही है। विरोध करने वाले छात्रों पर एफआईआर कर रही है। पेपरलीक के सारे सबूत और तथ्य होने के बाद भी हेमंत सरकार पेपर को रद्द नहीं कर रही है, बल्कि अपनी गलती को छुपाने के लिए नए नए बहाने बनाकर गुमराह कर रही है। हेमंत जी, युवाओं, महिलाओं और झारखंडवासियों के साथ धोखाधड़ी बंद कीजिए और ईश्वर से कामना कीजिए कि वो थोड़ी आपको सद्बुद्धि दे, शरीर के साथ साथ अब दिमाग भी पूरी तरह आपका भ्रष्ट हो चुका है। BJP Narendra Modi Jagat Prakash Nadda Amit Shah B L Santhosh Shivraj Singh Chouhan Himanta Biswa Sarma Dr. Laxmikant Bajpai BJP JHARKHAND

Babulal Marandi

11,527 просмотров • 2 лет назад

दलितों के लिए पेपर कप और कथित ऊँची जातियों के लिए काँच का गिलास! अब जातिवाद के बचाव में नया तर्क सुनिए - “देश की बड़ी आबादी पेपर कप में चाय पीती है, यह तो आज की जरूरत है।” बिल्कुल! पेपर कप में चाय पीना अपने आप में भेदभाव नहीं है। भेदभाव तब है, जब एक ही दुकान पर कप का चुनाव ग्राहक की सुविधा से नहीं, उसकी जाति देखकर किया जाए। अगर सबको पेपर कप मिल रहा है तो कोई सवाल ही नहीं। सवाल तब उठेगा, जब एक जाति के लिए पेपर कप और दूसरी के लिए काँच का गिलास तय हो। मुद्दा कप नहीं, कप तय करने वाली जातिवादी मानसिकता है। और जो लोग हर जातिगत भेदभाव के सामने कोई नया बहाना खोज लेते हैं, वे बताएं - अगर जाति खत्म हो चुकी है तो बर्तन तय करते समय जाति बीच में क्यों आ रही है?

Dr. Laxman Yadav

12,340 просмотров • 1 месяц назад

पेपर लीक का मुद्दा कांग्रेस बहुत पहले से उठा रही है। बार-बार पेपर लीक हो रहा है, लेकिन उस पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। अब देश के युवा समझ रहे हैं- उनके मां-बाप लोन लेकर उनको पढ़ाते हैं, लेकिन उनका भविष्य क्या है? उत्तर प्रदेश में मुझे 26,27 साल के बच्चे मिले थे, उनकी शादियां तक नहीं हो रही हैं। वो इंतेजार करते हैं नियुक्ति पत्र का, लेकिन पेपर लीक हो जाता है। ये बहुत गंभीर मुद्दा है, इसे बिल्कुल भी हल्के में नहीं लिया जा सकता है। हम सदन में चर्चा करना चाहते हैं, लेकिन विपक्ष को बात उठाने नहीं दिया जाता है। ये सदन उन्हीं युवाओं का है जिनपर सरकार लाठी चला रही है, आंसू गैस के गोले छोड़ रही है। बच्चों की बात सुनी जाए और शिक्षा मंत्री का इस्तीफा लिया जाए। : कांग्रेस महासचिव व सांसद Priyanka Gandhi Vadra जी 📍 दिल्ली

Congress

32,993 просмотров • 2 месяцев назад

अरुणाचल प्रदेश में कुछ बड़ा होना है क्योंकि वहां की मस्जिदों में युवाओं ने जा जा कर सर्वे किया तो नई तस्वीर सामने आई | मजदूरी की आड़ में प्रदेश के पहाड़ी इलाकों में हजारों की संख्या में बिहार बंगाल और असम से मुसलमानों की भीड़ आ रही है | प्रदेश में आने के बाद यह भीड़ वहीं बस रही है जिनका रहने और पनपने का बंदोबस्त इन्हीं मजहबी स्थलों के माध्यम से हो रहा है | आगे आगे इसी भीड़ का वोटरकार्ड बनेगा और यही भीड़ अरुणाचल में अपने विचारों के नेता चुनेगी फिर यही भीड़ हिंदुओं को काफिर बोलेगी | अतः अरुणाचल प्रदेश के साथ साथ देश भर के हिंदुओं से बस यही निवेदन है कि साथ आओ और पहाड़ों और हिंदुओं को बचाओ | THE JAT ASSOCIATION

THE JAT ASSOCIATION

117,372 просмотров • 10 месяцев назад