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बारूद के ढेर से खेल रहे हो बेटा तुम अर्जेंटीना ।

384,609 Aufrufe • vor 2 Jahren •via X (Twitter)

8 Kommentare

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Rahul Paswanvor 2 Jahren

Modiji :

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खुरपेंचvor 2 Jahren

😂😂

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Satendra Kumarvor 2 Jahren

दहकते हुए ज्वालामुखी पर बेटा तुम बैठने जा रहे हो 😄😄😄😄😄

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ivor 2 Jahren

IT Cell to Argentina ka bhi majboot hai 😂

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Triloki Nath Jalanvor 2 Jahren

Le कंगना राणावत हमको तो इसके लछण ठीक नहीं लग रहे हैं

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गोलगप्पे वाला 🏹vor 2 Jahren

🤣

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MANSHA JARMANvor 2 Jahren

सिवाय मोदी जी के हर नेता मेलोनी जी से ऐसे मिल रहा था जैसे मेलोनी जी का स्वयंवर हो #Melodi #Bhabhi #G72024 #G7

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Kumar Sahuvor 2 Jahren

दूर रहो बेटा #अर्जेंटीना !!

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आजकल कुछ लोग बड़े गर्व से कहते हैं – “हम फैमिली के साथ कश्मीर घूमने गए थे, बच्चों को बर्फ दिखानी थी!” वाह भई वाह! बर्फ देखने के चक्कर में तुमने अपने बच्चों को ही बारूद के ढेर पर बैठा दिया, और वो भी सिर्फ Instagram रील्स के लिए? समझो एक बात साफ-साफ — जब तुम कश्मीर के होटल में रुकते हो, जब तुम वहाँ टैक्सी लेते हो, जब तुम ‘हाथ से बनी चाय’ पीते हो, तो तुम सिर्फ चाय नहीं पी रहे, तुम अपने ही खिलाफ Jihad फंड कर रहे हो! क्योंकि जिस टैक्सी ड्राइवर को तुमने 2000 दिए, वो शायद अगले दिन पत्थर लेकर CRPF के जवान पर हमला करे। जिस होटल में तुम सोए, वहीं कभी किसी अमरनाथ यात्री की लाश पड़ी थी। और सोचो – जिस दुकान से तुमने बच्चों के लिए यादगार लकड़ी का खिलौना खरीदा, वहीं से गोली चलाने वाली बंदूक की लकड़ी भी निकली थी! लेकिन तुम कहोगे , “क्या सब ऐसे होते हैं?” तो जवाब है — नहीं, पर जो ऐसे होते हैं, उन्हें तुम ही जैसे “टूरिस्ट्स” की जेब से ताकत मिलती है। तो अगली बार बर्फ दिखाने से पहले आइना देख लेना, कहीं ऐसा न हो कि तुम्हारा टिकट सिर्फ कश्मीर का न हो ;- बल्कि अपने ही देश के खिलाफ ग़द्दारी का हो! बर्फ दिखानी है? तो हिमाचल जाओ, उत्तराखंड जाओ, अरुणाचल जाओ! कम से कम वहाँ की कमाई गोलियों में नहीं बदलती। देशभक्ति सिर्फ भाषणों से नहीं, बल्कि ये तय करने से भी होती है ; कि तुम्हारा पैसा देश को मज़बूत कर रहा है या दुश्मनों को!

Avanish Pandey Sankrityayan 🚩

10,088 Aufrufe • vor 1 Jahr