Video yükleniyor...
Video Yüklenemedi
मदरसा छाप लोगों की जो जुबान सिल दे वो सुधांशू त्रिवेदी..🔥
36,924 görüntüleme • 1 yıl önce •via X (Twitter)
9 Yorum

दीदी के जिहवा पर तो साक्षात् माँ सरस्वती विराजमान है ! भारत सरकार को कम से कम पद्मश्री अवार्ड देकर दीदी को सम्मानित करना चाहिए !!

ऐसा सटीक चुभने वाला उदाहरण कभी सुना नहीं होगा भाईओं.

बाप से पंगा नहीं लेते हैं अमिक जमई रेल बना देता है।

फस गया बेचारा 😂😂😂😂

काफिरों को आमंत्रित करती हुई ईमान वाली कन्या कोई काफ़िर जाना चाहेगा 🙆

इसने बहस करना मतलब अपनी कब्र पर खुद फतुहा पढ़ना

मोदी जी के बाद जानकारी के आधार पर विरोधियों को पेलने में सुधांशु त्रिवेदी का ही स्थान होता है।

अनपढ़ गंवार आ जाते हैं मुंह उठा कर अपना ज्ञान पेलने! अच्छा एक बात और, सभी विपक्षी प्रवक्ताओं को पता है, सुधांशु जी की प्रतिभा का,वो भी बहस उतनी ही करते हैं, कि कम से कम नंगे हो! लेकिन सपा के अनुराग भदौरिया, मनोज यादव, और यह मदरसा छाप टिपोरी नहीं सुधरेगे!

इधर जाहिलों की इसी तरह से धुलाई होनी चाहिए। ये अपने आपको बहुत ज्ञानी समझते हैं। ये सनातनी योध्दा सुधांशु त्रिवेदी है इसके आगे इसके जैसे जाहिल नहीं टिक सकते। ये सिर्फ भोली भाली जनता को बेवकूफ बनाते हैं। अब जनता भी इनको समझ चुकी है।
