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ये काँग्रेस का दामाद है या पाकिस्तान का दामाद है ?

133,234 Aufrufe • vor 1 Jahr •via X (Twitter)

10 Kommentare

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Gyani yadavvor 1 Jahr

इसका कहना है देश में सरकार हिंदुत्व के बारे में बात करती है, इसलिए अल्पसंख्यक असहज महसूस करते हैं. जिसके कारण यह हमला हुआ है गिरावट की एक लिमिट होती है उसको क्रॉस कर दिया इसने एक सत्ता पाने के लिए क्या इतना संवेदनहीन होना सही है सर इस पर भी एक प्रोग्राम करो खोल दो पुनः इसका चिट्ठा हर बार ऐसे ही पीछा नहीं छुड़ा सकते

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Sensibovor 1 Jahr

📷 A tough day in the jungle—how does this sloth overcome it? The twist you didn’t see coming

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Gyani yadavvor 1 Jahr

इसको एक जवाब मेरा भी सर देखना जरूर

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Swati tiwaryvor 1 Jahr

इटली के पतोहु ने पाकिस्तान का दामाद उतारा है..

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SHIVRAM VAIDYAvor 1 Jahr

युपीए सरकार में यह खांग्रेसीयोंका दामाद था... लगता है खांग्रेसीयोंकी सत्ता जाने के बाद, अब इसे पाकिस्तान ने गोद लिया है !!

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RAMNISH VATSAvor 1 Jahr

बिलकुल सत्य ! शर्म करो wadra यदि थोड़ी से शर्म है

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_P. Jaiswalvor 1 Jahr

इसको इसकी सजा नेशनल हेराल्ड केस में मिलेगी

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Prakash Kumarvor 1 Jahr

तुम्र पत्रकार हो या अंधभक्त चाटुकार हो..??

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AAP Ka Mohitvor 1 Jahr

साला बाबू विदेश गया हुआ है, ये उनके उतराधिकारी है। सारा जिम्मा इनके ऊपर था। बोल ये रहे है लेकिन विचार राहुल जी के ही है।

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Shubham Pandeyvor 1 Jahr

भादवा है, इससे ये पूछो बांग्लादेश में कौन हिंदू मुस्लिम कर रहा है इजरायल और हमाश में बीच कौन कर रहा है। इन सा। लो को प्रॉब्लम है हिंदुत्व से ये कांग्रेसी भारत को वैसे भी मुस्लिम देश काफी हद तक बना ही चुके थे,

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आज 16 दिसंबर है। बांग्लादेश विजय का दिन। आज का दिन कांग्रेस के वर्तमान नेतृत्व के लिए गर्व का दिन है या ग्लानि का दिन है ये विचार करने का विषय है। क्योंकि कांग्रेस के वर्तमान नेतृत्व को उसी पाकिस्तान से पुरज़ोर और भरपूर समर्थन मिल रहा है जिसके 1971 में टुकड़े करने का दावा वो करते हैं । और और भी बड़ा गंभीर प्रश्न है कि 90, हज़ार से अधिक युद्धबंदियों को तत्कालीन पूर्वी पाकिस्तान या आज के बांग्लादेश में छोड़ने के बावजूद हमने तत्कालीन पश्चिमी पाकिस्तान यानि आज के पाकिस्तान में अपने 54 युद्धबंदी वापस क्यों नहीं मिल पाये। ये कैसी कूटनीति थी POK का समाधान नहीं कर पाए वो तो प्रश्न है ही पर 90,हज़ार दे कर के भी 54 नहीं ले पाये है ये यह राहस्यपूर्ण यक्ष प्रश्न है

Dr. Sudhanshu Trivedi

43,712 Aufrufe • vor 1 Jahr