Loading video...
Video Failed to Load
राजपूतों के बाद बिश्नोई समाज पर टिप्पणियां... राजनीति के अंतिम पड़ाव पर फड़फड़ाता हुआ पंछी....
46,194 views • 1 year ago •via X (Twitter)
11 Comments

तोते की gand की सकल वाला पुरुष है ये

बुझते हुए दीपक की लौ हमेशा फड़फड़ाती है 🔥 इसका मतलब साफ़ है …धूणी बुझ गी

Give your beautiful wife a gift she can cherish forever.

यह तो घनघोर जातिवादी निकला🤣🤣🤣🤣 कल राजपूत आज बिश्नोई कल यह अपनी जाति वालो को आड़े हाथों लेगा 🤣🤣 डांगा ने अजीब लेवल का सदमा दिया है।🤣

क्या राजस्थान में एक भी राजपूत नहीं जो इसके मुंह में मूत सके अगर UP में होता तो इसकी बीबी अबतक मुजरा करने लगती तू अगर किसी individual के बारे में बात करता तो अलग बात थी तुझको पूरे समाज को बोलने का अधिकार किसने दिया भो श्री के @hanumanbeniwal आक थू तेरी मां की कोक पर

@rughnath_29 सही तो कहा है ओर बिश्नोई के वोट हमेशा ज़्यादा बेनीवाल को मिलते है आगे मिलेंगे इस में ग़लत टिप्पणी क्या कर दी

ज्ञान का झंडू पहले तो अपना असली नाम लिख id पर । इसमें क्या बयान दिया है 😜 जो वोट हैं उन्हीं का बताया है

इसकी राजनीति अब खत्म

यह मानसिक रूप से विक्षिप्त हो चुका है इसे सीरियस लेना बंद करो हुकुम

Only chawandia bher me hi 7000 8000 vote he

पार्टी का पतन हो गया है इसलिए दिमागी संतुलन बिगड़ गया है 🤣


