
Rajat Sharma
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Chairman & Editor-in-Chief @indiatvnews | Host of India's longest running show #AapKiAdalat
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NTA के reforms बहुत पहले हो जाने चाहिए थे पर जानकार कहते हैं कि कल रात तक के Education Secretary- विनीत जोशी किसी को हाथ भी नहीं रखने देते थे. वो शिक्षा मंत्रालय के चंपत राय थे. सब कुछ अपने control में रखते थे. विनीत जोशी NTA के पहले Director General थे. एक समय वो CBSE के Chairman थे और कल रात तक UGC के acting Chairperson भी थे. सारे विवाद इन्हीं तीन जगहों पर हुए. #NTA #NEETLeakScam #MyTake
Rajat Sharma253,761 views • 4 days ago

मैं छात्रों का दर्द समझता हूं. मैंने भी छात्र आंदोलनों में हिस्सा लिया है. पुलिस की मार खाई है. जेल भी जाना पड़ा. मेरा अनुभव कहता है कि violence से कभी भी solution नहीं निकलता. अगर नीयत problem solve करने की है तो दोनों sides को अपनी ego छोड़कर बातचीत की table पर आना चाहिए. Protest करने वालों को सरकार के साथ बातचीत का initiative accept करना चाहिए. इसी में सबका भला है. #CJPMovement #NEETExamIssue #MyTake #AajKiBaat
Rajat Sharma64,424 views • 5 days ago

42 साल पहले: दुनिया की सब से बड़ी खबर मेरे पास थी पर break नहीं कर पाया
Rajat Sharma262,678 views • 2 months ago

मैं हैरान हूं कि राहुल गांधी को ये basic बात भी नहीं पता कि जब non-military target पर हमला किया जाता है तो attack के बाद दुश्मन देश को इसकी जानकारी दी जाती है. हमले के बाद inform किया जाता है कि हमने military या civilians को निशाना नहीं बनाया. जब अमेरिका ने Abbottabad में हमला करके Osama bin Laden को मार गिराया था तो उन्होंने भी काम पूरा होने के बाद पाकिस्तान को inform किया था. बालाकोट के आतंकी ठिकानों पर हमले के बाद भी हमारे DGMO ने पाकिस्तान को बताया था. लेकिन राहुल गांधी पता नहीं कौन सी दुनिया में रहते हैं. दूसरी बात, क्या कोई सपने में भी ये सोच सकता है कि भारत के विदेश मंत्री पाकिस्तान को advance में inform करेंगे कि हमारी फौज हमला करने आ रही है? तुम तैयार हो जाओ. ऐसा सिर्फ फिल्मों में होता है जब hero, villain को advance में information देता है. ‘ठाकुर तैयार रहना, मैं तेरे सीने में गोलियां उतारने आ रहा हूं’. राहुल गांधी से सिर्फ कोई ये पूछ ले कि अगर पाकिस्तान को पहले से पता था कि हमारी Air Force strike करने वाली है. तो उन्होंने बहावलपुर, मुरीदके जैसे आतंकी अड्डों पर अपने दहशतगर्दों को क्या कटने-मरने के लिए छोड़ दिया था? क्या वो अपने चीथड़े उड़वाने के लिए सज-धज कर बैठे थे? वो भाग क्यों नहीं गए? इसीलिए मुझे लगता है कि राहुल गांधी की बचकानी बातों को गंभीरता से लेने की ज़रूरत नहीं है. पहले भी उन्होंने air strike और surgical strike पर सवाल उठाकर गलती की थी. नुकसान उठाया था. आजकल public सब कुछ देखती है, सबकुछ जानती है. #RahulGandhi #OperationSindoor #AajKiBaat #MyTake
Rajat Sharma1,049,963 views • 1 year ago

Singer कैलाश खेर को अंग्रेज़ों से क्या problem है? क्या Cambridge, Harvard वालों का character दो कौड़ी का होता है? क्या Cold Play वाले India में चूरन बेचने आए थे? सुरों के जादूगर कैलाश खेर का बेबाक़ अंदाज़ आपको चौंका देगा. #AapKiAdalat में कैलाश खेर आज रात 10 बजे India TV पर India TV India TV Hindi Kailash Kher
Rajat Sharma27,625 views • 9 days ago

PM मोदी ने पूरे विश्व में भारत का मान कैसे बढ़ाया? ताकतवर राष्ट्राध्यक्षों को दोस्त कैसे बनाया? भारत के प्रति दुनिया का नज़रिया कैसे बदला? रिश्तों के राज़. बहुत सारे क़िस्से. दर्शको की मांग पर एक बार फिर #SalaamIndia शो आज रात 10 बजे #SalaamIndia Show with PM Narendra Modi on India TV India TV India TV Hindi
Rajat Sharma95,052 views • 1 month ago

पहली बात तो ये समझने की है कि राहुल गांधी आज कल वोट चोरी की बातें क्यों कर रहे हैं. असल में इसका Election Commission से कोई मतलब नहीं है. ये सवाल तो राहुल गांधी के political survival से जुड़ा है. राहुल गांधी अपनी पार्टी को ये जताना चाहते हैं कि कांग्रेस की बार-बार हार के लिए वो कतई ज़िम्मेदार नहीं हैं. कांग्रेस को तो वोट चोरी ने हराया. वो जानते हैं कि जिस दिन पार्टी को ये लगेगा कि राहुल गांधी चुनाव नहीं जिता सकते तो पार्टी के नेता उस leader की तलाश में जुट जाएंगे जो उन्हें चुनाव जिता सकता है. चुनाव हराने वाले को कोई leader नहीं मानता. इसीलिए पहली बार 2014 में राहुल ने हार के लिए अपनी पार्टी की कमज़ोरियों को ज़िम्मेदार ठहराया था. अगली बार हार के बाद उन्होंने कहा कि मोदी ED, CBI और Income Tax की मदद से चुनाव जीतते हैं. इसके बाद राहुल गांधी ने अपनी हार के लिए EVM को दोषी बताया था. अब वो चुनाव आयोग को blame कर रहे हैं. Problem ये है कि लोकसभा में मोदी की 240 सीटों से कांग्रेस को जो उम्मीद बंधी थी उसे महाराष्ट्र और हरियाणा की हार ने तोड़ दिया. अब अगर बिहार भी हार गए तो फिर leadership पर सवाल उठेंगे. इसीलिए इस वक्त उनका ये कहना ज़रूरी है कि वो नहीं हारते उन्हें तो कोई हरवा देता है. कभी अपनी पार्टी तो कभी EVM तो कभी Election Commission. लेकिन लोग पूछ रहे हैं 'तू इधर-उधर की न बात कर, ये बता काफिला क्यों लुटा? मुझे रहज़नों से गिला नहीं, तिरी रहबरी का सवाल है' #MyTake #AajKiBaat #VoteChori #RahulGandhi
Rajat Sharma471,422 views • 8 months ago

राम मंदिर के दान पात्रों में डाले गए रुपये-पैसे की चोरी होती रही. ऐसा कैसे संभव है कि व्यवस्था करने वालों को पता नहीं चला? Counting में जो नियम कायदे थे उनका पालन नहीं हुआ. ऐसा कैसे हो सकता है कि व्यवस्था करने वालों को इसका भी पता ही नहीं चला? जेबों में नोटों की गड्डियां भर-भरकर ले जाने वालों की frisking नहीं हुई. व्यवस्था करने वालों को इसकी भनक क्यों नहीं लगी? Counting करने वालों ने मकान बना लिए, दुकानें खरीद लीं, नई गाड़ियां ले लीं. सारी दुनिया ने देखा पर Trust के management को दिखाई नहीं दिया. SIT की initial report आई है. असली जांच तो अभी होनी है. पाप में जो जो भागीदार हैं, सबका हिसाब होना चाहिए. #RamMandir #Ayodhya
Rajat Sharma67,278 views • 1 month ago

मेरे पास confirmed information है कि चुनाव में हार के बाद DMK ने AIADMK की सरकार बनवाने का प्रयास किया था. Stalin ने CPI-CPM और VCK से कहा था कि वो भी AIADMK को outside support दें. पर communist पार्टियों को AIADMK के BJP alliance से problem है. लेकिन उन्होंने विजय को support करने का फैसला Stalin को inform करके किया. इसलिए उनसे नाराज़गी कम है. Stalin की असली नाराज़गी कांग्रेस से है, जिसने बिना बात किए उतावला होकर विजय की TVK को support किया. DMK के नेताओं को लगता है कि अगर कांग्रेस अचानक DMK का साथ नहीं छोड़ती तो DMK और AIADMK मिलकर विजय की सरकार नहीं बनने देते. मज़े की बात ये है कि Congress और Left का support मिलने के बाद भी विजय बहुमत का आंकड़ा नहीं जुटा पाए हैं. वो राज्यपाल से तीन बार मिल चुके हैं लेकिन उनके पास कुल 116 विधायकों का ही support है. दो विधायकों की अभी भी कमी है. अब बदले हालात में कुछ भी हो सकता है. VCK के नेताओं की Stalin से meeting चल रही है. अब अगर DMK और AIADMK साथ आते हैं तो सबसे ज़्यादा मुश्किल कांग्रेस को होगी. #CMVijay #tamilnadulegislativeassemblyelection2026
Rajat Sharma134,785 views • 2 months ago

अगर प्रधानमंत्री ने gas और oil को लेकर appeal की तो कौन सा पहाड़ टूट गया? मोदी ने अगर gold कम खरीदने को कहा, foreign travel कम करने को कहा तो इसमें इतनी हाय-तौबा मचाने की क्या ज़रूरत है? अमेरिका से ईरान पर हमला मोदी ने तो नहीं करवाया था. दुनिया में तेल का संकट मोदी के कारण पैदा नहीं हुआ. जिन चीज़ों पर foreign exchange ज़्यादा खर्च होता है उनमें किफायत बरतने में किसी को क्या problem हो सकती है? ये problem विरोधी दलों के कुछ नेताओं की है. इस तरह की बे सिर-पैर की बातें करने के कारण ही उनकी credibility कम हुई है और उनको लोग ज़्यादा seriously नहीं लेते हैं. #IranWar #ModiAppeal #Gold
Rajat Sharma129,190 views • 2 months ago

मैंने कुछ दिन पहले आपसे कहा था कि Nepal में लगी आग की लपटों में हमारे यहां के कुछ लोगों को कुर्सी की झलक दिखने लगी है. आज राहुल गांधी की आरज़ू ज़ुबां पर आ ही गई. उन्होंने Gen Z का नाम लिख ही दिया. वोट चोरी के फर्ज़ी narrative का इस्तेमाल अब युवाओं को उकसाने के लिए किया जाएगा. जैसे ही राहुल गांधी ने press conference खत्म की, social media पर एक group ने planned तरीके से campaign करना शुरू कर दिया. ये अलग बात है कि Election Commission ने 4 sentences में इस campaign की हवा निकाल दी. पर असल बात ना तो voter list है, ना ही Election Commission. मकसद तो किसी तरह नरेंद्र मोदी को हटाना है. इसीलिए 'कहीं पे निगाहें, कहीं पे निशाना' है. पर ये narrative खड़ा करने की कोशिश करने वाले भूल गए कि ये बदला हुआ भारत है. हमारे लोग चाहे नए ज़माने के हों, या पुराने के, झूठ पर विश्वास नहीं करते और सच का सामना करने से नहीं डरते. वो जानते हैं कि कब-कब किसकी सरकार ने कितना काम किया. उन्हें मालूम है किसने उनसे क्या छीना और किसने उनको क्या दिया. #RahulGandhi #ElectionCommision #AajKiBaat #MyTake
Rajat Sharma433,186 views • 10 months ago
