
Ram Gopal Jat
@Ramgjat • 10,419 subscribers
Founder @Siyasibharat, Freelance @ Rashtradoot, Outlook & First post… /SiyasiBharat at YouTube, Facebook, Instagram, Twitter 🙏🏻DM for Podcast & Interviews
Shorts
Videos

कॉलेजों के हॉस्टल्स में पढ़ाई का जबरदस्त माहौल है! ईयर फ़ोन लगाकर सुनें 🦻🏻
Ram Gopal Jat988,130 Aufrufe • vor 1 Jahr

क्रिकेट अब ग्लैमर का तड़का लगाकर मैदान में उतर चुका है! इसलिए भविष्य में महिला क्रिकेट का संपूर्ण मुखड़ा बदलने वाला है! आज जो ऊँचाइयाँ आईपीएल को मिली हुई है, डब्ल्यूपीएल उससे बहुत आगे निकल सकता है। ताबड़तोड़ बल्लेबाजी से लेकर आक्रामक गेंदबाज़ी और फील्ड में महिला खिलाड़ियों की फुर्ती हर किसी को आकर्षित कर रही है। यदि मैच फीस और ऑक्शन में भेदभाव खत्म हो जाए तो आने वाले समय में महिला क्रिकेट खिलाड़ियों की बाढ़ आने वाली है। #IPL2025 #WPL
Ram Gopal Jat395,678 Aufrufe • vor 1 Jahr
8:57
Sensitive content
This media may contain sensitive content.

ल्यौ, या कर दियो स्कूल को नाम रोशन 😜🤔 प्रिंसिपल मैडम और लाइब्रेरियन मैडम ने मिलकर….
Ram Gopal Jat196,859 Aufrufe • vor 1 Jahr
5:42
Sensitive content
This media may contain sensitive content.

ग्रामीणों और विद्यार्थियों ने दो व्यभिचारियों के कुकर्म उजागर कर दिए। आप विचार कीजिए, जो विद्यालय का मुखिया और उसकी महबूबा शिक्षिका जब स्कूल में इस तरह का कुकर्म करते हैं, तो बच्चों को क्या पढ़ाते होंगे? क्या शिक्षा देते होंगे? और क्या ये लोग छात्राओं पर गंदी नजर नहीं डालते होंगे? मजबूर छात्राओं का शोषण नहीं करते होंगे? कौन माता-पिता अपनी बच्चियों को स्कूल पढ़ायेंगे? कौन परिजन अपनी फूल जैसी नाजुक बेटी को स्कूल पढ़ने भेजेंगे? इन दोनों को सस्पेंड किया गया है, केवल सस्पेंड। इनको बर्खास्त करके दस साल जेल में डाल देना चाहिए और इसे प्रदेश की स्कूलों में ढंग से बताया जाना चाहिए, ताकि आगे से कोई हरामी ऐसे कुकर्त्य करने की हिम्मत नहीं कर पाए।
Ram Gopal Jat201,721 Aufrufe • vor 1 Jahr
2:17
Sensitive content
This media may contain sensitive content.

स्कूल के साथ मदरसे का रोमांस भी देखिए. यौन पिशाच हर जगह बैठे हैं!
Ram Gopal Jat161,327 Aufrufe • vor 1 Jahr
1:30
Sensitive content
This media may contain sensitive content.

सचिन पायलट जैसे नेताओं से सियासी मुकाबले के लिये बीजेपी को ऐसे नेताओं की सख्त जरूरत थी। दस साल तक नेता को तैयार किया और जब उसका फायदा लेने का समय आया तो एक “रिटायर” नेता की सिफारिश पर घर बैठने का प्लान कर दिया। कांग्रेस ने हाथों-हाथ लिया और तीसरे बार एमपी बन गये, वो मोदी लहर के बिना अथवा खिलाफ। केवल बने नहीं, कांग्रेस की 8 जीत के लीडर बन गये। राजस्थान की 11 सीटों पर हार की बात होगी, तब चूरु के तेज तर्रार सांसद Rahul Kaswan बीजेपी की छाती में सबसे बड़ा खूँटा बनकर चुभते रहेंगे। बीजेपी लीडरशिप की कठोरता से विचार करने की जरूरत है कि क्या अपने तैयार युवा नेताओं को छोड़कर कांग्रेस के भुगते हुए बुजुर्गों की भीड़ के सहारे कोई चुनाव जीता जा सकेगा? राहुल कसवाँ की तरह ही Dr. Vikash Choudhary को भी बीजेपी ने तैयार कर कांग्रेस को सौंपा। चन्द्रभान आक्या, यूनुस खान, Ravindra Singh Bhati , ऋतु बनावत जैसों को बगावत कर जीतने को मजबूर किया। ये युवा नेता ही आगे जाकर पार्टी के कर्णधार बनते, रिछपाल मिर्धा, लालचंद कटारिया, राजेंद्र यादव, खिलाड़ी लाल बैरवा जैसे भुगते हुए नेता बीजेपी के कभी काम नहीं आयेंगे।
Ram Gopal Jat109,689 Aufrufe • vor 2 Jahren