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Ana Sayfaya Dön

Google Maps पर अपने घर, दुकान या ऑफिस का एड्रेस कैसे डालें? #GoogleMaps #TechTutorial #GoogleMapsTips #BusinessTips #DigitalIndia Rohit Pandey Official

12,931 görüntüleme • 14 gün önce •via X (Twitter)

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Amit Gaur profil fotoğrafı
Amit Gaur14 gün önce

ये ठीक है 👍😄

Benzer Videolar

भाजपा के अपने ‘भाजपाई महाभ्रष्टाचार : ट्रेनिंग मैन्युअल’ में एक अध्याय का नाम है - ’कॉरीडोर करेप्शन’ - कैसे नियंत्रण, धन, संपत्ति, कोष को हथियाएं - ⁠कैसे सरकारीकरण करें - ⁠कैसे चढ़ावे को बेचकर भाजपाई अपनी जेब भरें - कैसे सुविधाओं के नाम पर जनता को गुमराह करें - ⁠कैसे परिसरीय ज़मीन पर क़ब्ज़ा करें - ⁠कैसे मुआवज़े के नाम पर कमाई करें - ⁠कैसे ज़मीनों को औने-पौने दामों में ख़रीदें - ⁠कैसे बाद में दसों गुना रेट पर ज़मीन बेचें - ⁠कैसे छोटी दुकानों और उनकी कमाई को मटियामेट कर दें - ⁠कैसे बड़े शोरूमों से इकट्ठा पैसा लेकर उन्हें स्थानीय लोगों का कारोबार छीन कर दे दें - ⁠कैसे स्थानीय कारीगरी की कलाकृतियों की दुकानें उजाड़ें - ⁠कैसे परंपरागत व्यवसायवालों को ये स्थान छोड़ने पर मजबूर करें - ⁠कैसे बड़े व्यापारियों से कमीशन खाकर उनका सामान बेचें - ⁠कैसे लोगों के जीवनयापन का साधन व घर-दुकान छीनकर सदियों से बसे लोगों को उजाड़ें - ⁠कैसे अपने बाहरी लोगों को लाभ पहुँचाकर यहाँ स्थापित करें - ⁠कैसे बाहरी लोगों के सहारे राजनीति करें - कैसे स्थानीय-बाहरी में विभाजन करें⁠ - ⁠कैसे चुनावी गणित को बदलें - ⁠कैसे आस्था को व्यापार बनाएं… एक सीधा सवाल ये है कि कॉरीडोर या विकास के नाम पर जो भी गोरखधंधा हो रहा है अगर उसका लाभ स्थानीय लोगों को मिला होता तो भाजपा ऐसी जगहों पर क्यों हारती या हारते-हारते बचती जहाँ ये सब हुआ है।

Akhilesh Yadav

50,420 görüntüleme • 1 yıl önce

शिवपाल कश्यप चाय बेचकर परिवार चलाते. 3 महीने पहले उनके घर पर बिजली का स्मार्ट मीटर लगा. स्मार्ट मीटर ने अपनी रफ्तार दिखानी शुरू की और बड़े-बड़े बिल आने लगे. 3 महीने में ही बिजली बिल 1 लाख 60 हजार रुपए पहुंच गया. शिवपाल बिजली ऑफिस पहुंचे, उम्मीद थी कि बिल ठीक हो जाएगा. ऑफिस से उन्हें दूसरे ऑफिस भेजा गया. वो जब दूसरे बिजली ऑफिस गए तो वहां उनसे 2 हजार रुपए रिश्वत मांगी गई. शिवपाल ने कहा कि मैं रिश्वत नहीं दूंगा. वो फिर पहले वाले बिजली ऑफिस पहुंचे. यहां रिश्वत मांगने की बात बताने पर मामला दबाने के लिए उनसे एप्लिकेशन ले ली गई. कहा गया 3 दिन बाद आना. जब शिवपाल 3 दिन बाद गए तो कहा गया 4 दिन बाद आना. शिवपाल चाय की दुकान बंद करके बिजली ऑफिस के चक्कर काट रहे थे, लेकिन कुछ हो नहीं रहा था. वो हर वक्त इसी टेंशन में रहते कि इतना बड़ा बिजली बिल कैसे चुकाएंगे. बच्चों से कहते- 1.6 लाख रुपए कहां से लाउंगा. आखिर में इसी सोच में दिल का दौरा पड़ा, शिवपाल की मौत हो गई. शिवपाल अपने पीछे 1.6 लाख रुपए का बिजली बिल छोड़ गए हैं, जिसे ठीक कराने की जिम्मेदारी अब परिवार के दूसरे सदस्यों की है. 📍इटावा, यूपी

Ranvijay Singh

76,590 görüntüleme • 6 ay önce

शिमला सब्जी की दुकान विवाद। कल से एक वीडियो वायरल है जिसमें हिंदू संगठन एक बंद पड़ी दुकान को खाली करते हुए दिखाई दिए हैं जिसमें फ्रूट भरा हुआ था। वो दुकान 1947 से हिंदू परिवार के पास किराए पर थी उनके दादा, पड़दादाओं के समय से लेकिन अब अचानक ऐसा हुआ कि उस दुकान के ताले तोड़कर उस पर नया ताला लगा दिया जाता है।। ये काम करता है बाहरी राज्य से शिमला में रहने वाला मुस्लिम समुदाय का व्यक्ति जिसका दावा है कि उसने ये दुकान बहुत साल पहले मकान मालिक से खरीद ली थी 1 करोड़ रूपये में। ✅ पहली बात जब हिमाचल में धारा 118 है फिर कैसे कोई गैर हिमाचली शिमला में दुकान खरीद सकता है ? ✅ दूसरी बात मान लिया गड़बड़झाला करके मकान मालिक के साथ मिलकर दुकान खरीद ली हो तो कहा से आया इतना पैसा एक करोड़ ? जब इतना ही पैसे वाला था तो हिमाचल आकर काम करने की क्या जरूरत थी ? ✅ हिंदू परिवार जिसके पास ये दुकान थी वो किराया लगातार असली मालिक को ही देते आ रहे हैं मार्च का किराया भी मकान मालिक को दिया गया, फिर ये कैसे उस दुकान पर कब्जा कर सकता है ? अहम बात इसकी और उस औरत की हिम्मत कैसी हुई हिंदू परिवार के लोगों को डराने धमकाने की हाथ उठाने की ? ✅ सबसे अहम बात ये शख़्स वोही दिलशाद है जिसने संजोली अवैध मस्जिद निर्माण विवाद के समय जानबूझकर मस्जिद में जाकर नमाज पढ़ी ताकि वहां का माहौल खराब हो।। इनकी इतनी हिम्मत आज इसलिए बढ़ रही है क्योंकि कुछ नालायक हिंदू समाज के लोगों ने इन्हें दुकान मकान रोजगार देकर अपने सिर पर बैठाया हुआ है।। हिमाचल में होकर आज इनकी इतनी हिम्मत हो रही कि यहां के स्थानीय लोगों पर ये हाथ उठा रहे हैं। शिमला की डेमोग्राफी तो काफी हद तक बदल चुकी है लेकिन ये समझ ले इनके ऊपर फिर किसी बड़े नेता का हाथ हो या किसी बड़े बंदे का ये हिमाचल है देवभूमि हिमाचल कायदे में रहोगे तो फायदे में रहोगे। #Shimla #HimachalPradesh

Gems of Himachal

23,719 görüntüleme • 6 ay önce

कृति सेनन और बॉलीवुड का भांडपना देखिए - Eid पर Kriti Sanon बुर्का हिजाब पहनकर विश करती हैं जबकि वो मुसलमान भी नहीं हैं - रक्षा बंधन पर हिंदू होने के बाद भी बिकनी में राखी का एड कर रही हैं और पहले कुत्ते को राखी बांध रही हैं ड्रेस आपकी मर्जी है, कुछ भी पहनो या नंगे होकर घूमो लेकिन हर चीज का समय होता है घर की ड्रेस अलग होती है, स्कूल/कॉलेज/ऑफिस की अलग, समुद्र के बीच पर पहनो बिकनी लेकिन धार्मिक त्यौहार है तो उसकी पोशाक होती है, इसकी एक मर्यादा होती है जैसे आप पिता के सामने उस तरह नहीं हो सकती जैसे अपने पति के साथ होती हैं, ठीक वैसे ही त्यौहारों का एड अगर आप कर रही हैं तो उसकी मर्यादा का पालन जरूरी है Kriti Sanon ने बेशर्मी और निर्लज्जता के साथ इस एड में हिंदू आस्थाओं पर आघात किया है

Abhay Pratap Singh (बहुत सरल हूं)

42,242 görüntüleme • 1 ay önce

जो भी सपा समर्थक 2027 में INDIA गठबंधन(SP+INC) को वोट देना चाहते हैं लेकिन किसी कारणवश उनका नाम Voter list में शामिल नहीं है वो किसी BLO के आने का इंतजार न करें बल्कि खुद ही Form 6 Online भर दें कुछ जरूरी Form का ध्यान जरूर रखें 1- एक बार में 6 लोगों के Form ही भरे जा सकता है, जो वो 6 फार्म Accept हो जाए उसके बाद अगले 6 फार्म भरे जा सकते हैं ज्यादा लोगों का चढ़ाना है, तो 2 नंबर से आईडी बनाओ 2- Proof of Identity के लिए Aadhar के आगे की फोटो खींच कर डालें 3- Proof of Residence के लिए Aadhar के पीछे की फोटो खींच कर डालें 4- जिसके लिए Apply कर रहे हों, उसकी एक फोटो डालें जिसमें Background में कुछ भी न हो Google पर जाकर Change Background of Image लिखें और Remove*bg वैबसाइट पर जाकर फालतू का बैकग्राउंड हटा दें 5- पहले अपना नाम, पिता/पति का नाम और एड्रेस English में लिखें और नीचे आटोमेटिक ट्रांसलेट होकर हिंदी में आ जाएगा हिंदी ट्रांसलेशन सही न हो तो अपने Keyboard से ठीक कर लें 6- पिता/पति का Epic Number पता हो तो उसे भी डाल दें न पता हो तो Blank(खाली) पडा़ रहने दें 7- Form के एकदम आखिरी में ये पूछता है कि आप उस स्थान पर कबसे रह रहे हो तो वहां आप अपनी Birthdate डाल सकते हैं फार्म रिजेक्ट नहीं होगा

Youth Against Hate

26,123 görüntüleme • 1 yıl önce

यह कैसी पढ़ाई और कैसे रिश्ते 🚨 वायरल हो रहे इस वीडियो में स्कूल ड्रेस पहने एक लड़का और लड़की स्कूल टाइम में नाले और सुनसान जगहों पर घूमते हुए पकड़े गए जब वीडियो बनाने वाले ने इनसे पूछताछ की और इनके घर पर बताने की बात कही तो ये अजीबोगरीब बहाने बनाने लगे कि इनकी शादी होने वाली है और इनके घर वाले सब जानते हैं जब इनसे इनके घर का नंबर मांगा गया तो ये टालमटोल करने लगे और नंबर देने से डरने लगे पढ़ाई की उम्र में बच्चों का इस तरह की हरकतों में लिप्त होना और पकड़े जाने पर झूठ बोलना समाज के लिए बेहद शर्मनाक और चिंता का विषय है माता-पिता अपने बच्चों को स्कूल भेजते हैं लेकिन क्या वे सच में पढ़ाई कर रहे हैं या इन सब चीजों में अपना भविष्य बर्बाद कर रहे हैं वे बार-बार यह कहते हैं कि वे पढ़ाई के नाम पर स्कूल आए थे लेकिन वहाँ कुछ गलत नहीं कर रहे थे जबकि वीडियो बनाने वाला शख्स उनकी हरकतों पर सवाल उठाता है

Sonu

1,017,812 görüntüleme • 2 ay önce

सुप्रीम कोर्ट ने 2 साल देर से ही सही, लेकिन बुलडोज़र चलाने की घटिया प्रथा के ख़िलाफ़ तीखी टिप्पणी की है - इसका स्वागत होना चाहिए. सही कहा कोर्ट ने आरोपी की सज़ा निर्दोष परिवारों को नहीं मिलनी चाहिए HLRN का अनुमान है कि स्थानीय, राज्य और केंद्र सरकार ने 2022 और 2023 में 1.53 लाख घरों को बुलज़ोडर से ढहा दिया. जिसके चलते गाँव, देहात और शहर में क़रीब 7.38 लाख लोग बेघर हो गए आख़िर किसी आरोपी की घर या दुकान या होटल अचानक अवैध कैसे हो जाता है, एक ही दिन में अवैध निर्माण ढहाये जाने की सारी प्रक्रियाएँ भी कैसे पूरी कर ली जाती हैं? सच यह है कि अधिकांश जगह बुलडोज़र निरंकुश सरकारें नफ़रत की आँधी को हवा देने के लिए चला रही हैं, एक वर्ग विशेष ख़ासकर मुसलमानों के घरों पर चलाए जा रहे हैं असल में बुलडोज़र बर्बरता का प्रतीक है, क़ानून व्यवस्था की धज्जियाँ उड़ाता है और कोर्ट कचहरियों पर एक करारा तमाचा है बुलडोज़र चलाने जैसी ग़ैर क़ानूनी हरकतें अपराधी करते हैं, चुने हुए मुख्यमंत्री नहीं बुलडोज़र वाले बाबा और उनकी इस बर्बरता की नक़ल करते BJP की बाक़ी कठपुतलियों, प्रशासन कीजिए पाप नहीं, क्योंकि घर हिंदू का हो या मुसलमान का - बनवाने में एक उम्र लग जाती है

Supriya Shrinate

114,119 görüntüleme • 2 yıl önce

बाबा सिद्दीकी के बहराइच निवासी हत्यारे शिव कुमार की माँ के मुताबिक़ वो पुणे में हरीश की दुकान पर कबाड़ का काम करता है वही रहता है! इस शिव कुमार नामक हत्यारें का घर देखिये कैसे इस फूंस के छप्पर में रहने वाले ने पूर्व मंत्री व कद्दावर नेता की हत्या कर दी, आप अतीक़ अहमद के हत्यारें देखिये या बाबा सिद्दीकी के, सभी झोपड़ी में रहने वाले है लेकिन सुपारी लेकर सरेआम हत्याएं कर रहे है, सज़ा इन हत्यारों को ही नही बल्कि उस मुखिया को भी देनी चाहिए जो जेल में बैठकर आतंकी घटनाओं को अंजाम दे रहा है और वहां से क़ानून व्यवस्था को ध्वस्त कर नेटवर्क खड़ा कर रहा है, जांच की जायेगी तो अधिकारियों का संरक्षण पाया जायेगा! #BabaSiddique #BabaSiddiqui

Zakir Ali Tyagi

511,138 görüntüleme • 2 yıl önce

झारखंड की राजधानी रांची का यह वीडियो आज शाम का है। 20 से 25 हज़ार से अधिक छात्र सड़कों पर उतरकर झारखंड सरकार के खिलाफ़ मशाल जुलूस निकाल रहे हैं। यह आंदोलन परीक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के विरोध में छात्रों के बढ़ते आक्रोश का प्रतीक है. लेकिन जो लोग कल तक छात्रों के सबसे बड़े हितैषी बनने का दावा कर रहे थे, आज उनकी दुकान पर सन्नाटा पसरा है। राहुल गांधी की पार्टी की झारखंड में सरकार है, इसलिए अब उनकी आवाज़ गायब है। कर्नाटक में भी पेपर लीक हुआ, लेकिन राहुल गांधी का मुंह नहीं खुला। अरविंद केजरीवाल न ख़ुद पंजाब जा रहे हैं, न झारखंड, और न ही अपने पिट्ठुओं, दीपके, दास या रंका, को वहाँ जाने दे रहे हैं। क्या छात्रों के अधिकार सिर्फ़ उन्हीं राज्यों में याद आते हैं जहाँ राजनीतिक लाभ मिलता हो? क्या न्याय और संवेदना भी अब सत्ता देखकर तय होगी? ऐसे कैसे चलेगा?

Amit Malviya

34,552 görüntüleme • 2 ay önce

“मुसलमान मोबाइल रिपेयर की दुकानों के ज़रिए हिन्दू महिलाओं की संपर्क जानकारी हासिल करते हैं और आपस में "बांटते" हैं!” उत्तर प्रदेश के लोनी, गाज़ियाबाद में 1 जून को एक कथित यौन उत्पीड़न के आरोप के बाद, हिंदू रक्षा दल के सदस्यों ने इस घटना का इस्तेमाल मुस्लिम समुदाय को बड़े पैमाने पर निशाना बनाने के लिए किया और यह तब हुआ जब पुलिस मुठभेड़ में मुस्लिम आरोपी को पकड़ लिया गया! हिंदू रक्षा दल के नेताओं ने मुसलमानों को अपमानजनक ढंग से "सूअर," "मुल्ला," और "जिहादी" कहा! उन्होंने निवासियों से आग्रह किया कि वे मुसलमानों और "विधर्मियों" को अपने घर या दुकान किराए पर न दें, और उन्हें उनके घरों से बाहर निकालने की मांग की! उन्होंने यह भी दावा किया कि मुस्लिम फेरीवाले जान-बूझकर किस्तों पर सामान बेचने का तरीका अपनाते हैं, ताकि वे अपनी पहचान छिपाकर हिंदू इलाकों और घरों में घुसपैठ कर सकें!

Muslim Spaces

10,237 görüntüleme • 4 ay önce

पहली बात तो ये कि नरेंद्र मोदी का basic character डरने का नहीं है, डराने का है. उनका 25 साल का record बताता है. चाहे वो चुनाव का मैदान हो या जंग का, नरेंद्र मोदी अपने विरोधी को ठिकाने लगाए बगैर चैन से नहीं बैठते. जिस प्रधानमंत्री ने तीन-तीन बार फौज को पाकिस्तान में घर में घुस कर मारने का आदेश दिया उसे indecisive कैसे कहा जा सकता है? जिसने tank, फौज और Air Force को चीन के सामने सीना तानकर खड़े होने का अवसर दिया, उसे डरपोक कैसे कहा जा सकता है? ढाई घंटे तक फौज को direction ना देने का मतलब ये होता है कि back channel पर बात करके रास्ता निकालने की कोशिश की जा रही है. जब Army Chief से कहा जाए कि 'जो ठीक लगे वो करो' इसका मतलब है कि बातचीत से रास्ता नहीं निकला और फौज को free hand दिया गया. लेकिन अगर लिखने वाले की नीयत में खोट हो, समझने वाले का इरादा नापाक हो, तो राई का पहाड़ बनाया जा सकता है. मुझे तो लगता है कि राहुल गांधी को Parliament में बोलने देना चाहिए था. दुनिया को पता चलता कि वो क्या फालतू की बात कह रहे हैं और नरेंद्र मोदी की image को damage करने के चक्कर में फौज को demoralize कर रहे हैं. #RahulGandhi #IndianArmy #ParliamentSession #AajKiBaat #MyTake

Rajat Sharma

69,790 görüntüleme • 8 ay önce