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पहले ट्रेन सुधारें, फिर ट्रिलियन विचारें!
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भारत में PDA के लोगों के लिए ऐसी कोई व्यवस्था नहीं करेगी बीजेपी की सरकार जिससे उनका जीवन एक बेहतर बन सके।

बुलेट ट्रेन के सफर के लिए भीड़ जा रही है, यह ट्रेन 2022 वाली बुलेट ट्रेन में बैठेगी 😜😜

सरकार जनसंख्या नियंत्रण कानून लाती है तो कृपया सहयोग करें...

जिसका पूरा राजनीतिक करियर जातिवाद, तुष्टिकरण और गुंडाराज पर टिका है, उसे "ट्रिलियन इकॉनमी" पर बोलने का कोई नैतिक हक नहीं! 5 ट्रिलियन इकॉनमी का सपना आपके जातिवादी-तुष्टिकरण मॉडल से नहीं, मोदी जी के विज़न से पूरा होगा।

पहले ट्रेन सुधारें, फिर ट्रिलियन विचारें!

ये भाजपा के लोग बस सपने दिखाते हैं वोट लेते हैं

अखिलेश यादव खुद उस ट्रेन के ड्राइवर रहे हैं जो विकास के नाम पर रेत, घोटाले और सपा के कुनबे की सवारी करती थी। अब जब भारत बुलेट ट्रेन और डिजिटल अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है, तो उन्हें पुराने डिब्बों की चिंता सताने लगी है। यह विडंबना नहीं तो क्या है? भाजपा सरकार ने रेलवे को सुरक्षा, तकनीक और सुविधा के नए मानकों पर पहुँचाया है। वंदे भारत जैसी हाईटेक ट्रेनें, स्टेशन का कायाकल्प, और ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी का रोडमैप देश को आत्मनिर्भर बना रहा है। आलोचना वही करते हैं जिनकी सोच सीमित और नजरिया पुराना है। भाजपा भविष्य की भारत यात्रा का सारथी है।

ऐसे कैसे बोल दिया शिक्षक की इतनी औकात???

जो खुद कभी ट्रेन में चढ़ा नहीं जिसे पता नहीं रोज नौकरी करने के लिए दूसरे शहर में जाने के लिए क्या-क्या करना पड़ता है जो अपने बाप के दम पर राजनीति पर आ गया सीधा गाड़ी पर बैठा दिया गया वह क्या जाने आम जनता का दर्द

अरे टोटीचोर ट्रेन बाद में पहले जनसंख्या नियंत्रण कानून बने, आबादी दिन पे दिन बढ़ रही है उस पर लगाम लगे। इस पर भी कभी बोल लिया कर। @yadavakhilesh
