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Ana Sayfaya Dön

इधर देश के ‘प्रधान संसदीय क्षेत्र’ बनारस में भाजपाई पुलिस को पीट रहे हैं, उधर प्रदेश के ‘मुख्य नगर’ गोरखपुर में पुलिस लाखों लूट रही है… जनता पूछ रही है कि उप्र में आख़िर चल क्या रहा है और ये भी कि क्या पूरे उप्र में फैली अराजकता की...

156,814 görüntüleme • 2 yıl önce •via X (Twitter)

10 Yorum

Lalji Verma profil fotoğrafı
Lalji Verma2 yıl önce

इधर आज योगी जी का अपमान भी हो गया। जरुर देखिए👇👇

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Vijay Yadav2 yıl önce

नींद कैसे आती होगी केशव प्रसाद मौर्य को एक मौर्य समाज का युवा इस हालत में है

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Shahnawaz Aslam2 yıl önce

#BanEVM ईवीएम मैनीप्युलेशन कैसे होता है उसका एक छोटा सा उदाहरण, वीडियो अंत तक देखें, सॉफ्टवेयर क्षेत्र के जानकर इसके बारे में और अधिक बता सकते हैं। #EVM_हटाओ_लोकतंत्र_बचाओ

BSP Social Media (Unofficial) profil fotoğrafı
BSP Social Media (Unofficial)2 yıl önce

टीम आजम खान की सपा से बगावत करके बसपा को समर्थन का ऐलान करना सिर्फ रामपुर नही बल्कि अमरोहा, संभल, आंवला तक असर करेगा ।

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Prof. Sarita Sidh2 yıl önce

ये है लाल टोपी वाले गुंडे जो पुलिस पर भी हाथ उठा रहे है 👇

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Vikas Bansal2 yıl önce

यह पब्लिक सब जानती है

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Pradeep Tiwari2 yıl önce

.... #उत्तर_प्रदेश #मशीनगन #मुख्तार_अंसारी #शैलेन्द्र_सिंह चोर पकड़ने से जहां,मिले पुलिस को जेल। इसीलिए शायद पुलिस,बदल रही है खेल।। "प्रदीप,,🥵

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Vikas Bansal2 yıl önce

#ElectoralBondScam

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Vikas Bansal2 yıl önce

ये वीडियो हर भारतीय तक पहुंचना चाहिए...

Prateek Parashar profil fotoğrafı
Prateek Parashar2 yıl önce

रामचंद्र कह गए सिया से ऐसा कलयुग आएगा एक दिन नकली राम गली गली राम के नाम पर वोट ,मांगता आएगा

Benzer Videolar

रात के 2 बज रहे हैं। वीडियो बनारस से आया है, बाइक यूपी पुलिस का कांस्टेबल चला रहा है, बीच में छात्र बैठा है और पीछे एक और पुलिसकर्मी। बनारस में छात्रों की आज रात लगातार गिरफ्तारियाँ हो रही हैं। उनके कमरों के बाहर पुलिस का पहरा बैठा दिया गया है। प्रधानमंत्री और उनके पूरे अमले को आखिर ऐसा किस बात का डर है? क्या कल सुबह 11 बजे छात्र मनरेगा बचाओ के विरोध में खड़े होंगे, तो सत्ता हिल जाएगी? जो सरकार दुनिया भर में लोकतंत्र का ढिंढोरा पीट रही है, वही रात के अंधेरे में, प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में, छात्रों को पुलिस इसलिए उठा कर ले जा रही है क्योंकि डर है कि कल सुबह वह मनरेगा बचाओ का प्लेकार्ड लेकर अपनी यूनिवर्सिटी के गेट पर खड़ा मिलेगा। छात्र डरने वाले नहीं हैं, छात्र टाइट हैं। जितनी हिम्मत है जुटा लो — सरकार और पुलिस। कल उत्तर प्रदेश के छात्र मनरेगा बचाओ संग्राम मार्च निकालेंगे और तानाशाही को करारा जवाब देंगे।

Varun Choudhary

14,113 görüntüleme • 7 ay önce

गोरखपुर में शासनिक-प्रशासनिक मिलीभगत से सत्ता संरक्षित पशु तस्करों के ख़िलाफ़ जनता का जो गुस्सा फूटा है उसकी ज़िम्मेदार भाजपा सरकार ख़ुद है। जिन पशु तस्करों ने युवक की जान ले ली है उनको बचाने के लिए पुलिस आएगी तो तस्करी के इस कुकृत्य में सत्ताधारियों की साँठगाँठ का भंडाफोड़ होगा ही और जनता आक्रोशित भी होगी। अगर उप्र के ‘मुख्यनगर’ में ऐसा हो रहा है तो इसका मतलब है कि इस गोरखधंधे में किसी की मुख्य साझेदारी है या उसके हाथ से ये नगर भी निकल गया है और पूरे उप्र की तरह यहाँ भी अपराध चरम पर है और यहाँ भी अपराधियों का ही सिक्का चल रहा है। दोनों हालातों में ये ‘मुख्य नाकामी’ है। मृतक के पीड़ित परिजनों को न्याय मिले। भाजपा जाए तो इंसाफ़ आए!

Akhilesh Yadav

82,151 görüntüleme • 11 ay önce

एक-दूसरे के ख़िलाफ़ ‘चोर-पुलिस’ का जो खेल बचपन में खेला जाता था, वो अब भाजपा राज में नये नियम से खेला जा रहा है। इस बार ‘चोर-पुलिस’ दोनों मिलकर खेल रहे हैं, अब कोई किसी के ख़िलाफ़ नहीं है बल्कि उल्टा एक-दूसरे के साथ हैं। देश की सरहदों की सुरक्षा करनेवालों की ही चौखट जब सुरक्षित नहीं है तो बाक़ी जनता का क्या। हमारी मांग है कि पुलिस बरामद हुआ पूरा माल तुरंत वापिस करे और एक सैन्यकर्मी और उसके दुखी-व्यथित परिवार को ये विश्वास दिलाए कि उप्र की भाजपा सरकार सैनिकों के घरों की रक्षा करने में विफल नहीं है अन्यथा स्वीकार करे कि उप्र की लगाम अपराधियों के हाथ में चली गयी है। जनता पूछ रही है हम क्या करें? ये वही उप्र, वही कानपुर है जहां बैंकों तक के लॉकर टूट गये थे। भाजपा राज में न घर सुरक्षित है, न बैंक। जनता जाए तो जाए कहाँ? घोर निंदनीय! जन-जन कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा!

Akhilesh Yadav

128,849 görüntüleme • 1 yıl önce

फिर विपक्ष की क्या ज़िम्मेदारी है? कि वो सरकार की ढोलक और मंजीरा पकड़े और बजाते रहे? लोकतंत्र का मतलब क्या है? लोकतंत्र में विपक्ष की आवाज़ जनता की आवाज़ मानी जाती है। आज अगर जनता लाइन में लग रही है, बेहोश हो रही है, फिर बीजेपी के कोई नेता आ जाएंगे और कह देंगे कि देशभक्त हैं कतार में, लगी है भारी भीड़ — यह नोटबंदी की लाइन पर कहा गया था। फिर ऑक्सीजन सिलेंडर की लाइन लगी। अब एलपीजी गैस सिलेंडर की लाइन लगी है। जब लाइनें लग रही हैं, लोग बेहोश हो रहे हैं, हफ्तों तक सिलेंडर नहीं मिल पा रहे हैं, तो विपक्ष क्या करेगा? सवाल नहीं पूछेगा क्या? क्या यह नहीं पूछेगा कि हिंदुस्तान की आम जनता को यह सब क्यों देखना पड़ रहा है, जब आप विश्वगुरु बन रहे हैं? जब बीजेपी कहती है कि देश आज प्रगति कर रहा है आप दाम भी बढ़ा रहे हैं, जनता को कतारों में भी लगा रहे हैं, और विपक्ष सवाल भी न करे? कांग्रेस राष्ट्रीय प्रवक्ता Dolly Sharma

M G

14,738 görüntüleme • 5 ay önce

उप्र में ‘सत्ता सजातीय’ और पुलिस का गठजोड़ साज़िश रचकर ‘जाति’ देखकर हत्या करवा रहा है। इसके लिए किसी को मिली सुरक्षा हटाने तक का षड्यंत्र किया जा रहा है। सत्ताधारियों को लग रहा है कि जब उनकी सरकार है तब न तो कोई जाँच होगी और न ही कोई पकड़ा जाएगा। मुख्यमंत्री ये क्यों नहीं स्वीकार कर लेते हैं कि उप्र की बागडोर अपराधियों के हाथ में चली गयी है? ऐसे शासन से अच्छी तो अराजकता होती है, जहाँ जनता सरकार के भरोसे तो नहीं होती है। सीसीटीवी के सबूत के बावजूद भी जब अपराधी पकड़ा नहीं जा रहा है, तो फिर न्याय के नाम पर उप्र में बचा क्या। उप्र की इंद्रिय शून्य सरकार को छोड़कर सबको मालूम है कि हत्यारा कौन है। उप्र की जनता इतनी असुरक्षित कभी न थी। न्यायालय स्वत: संज्ञान लेते हुए तुरंत कार्रवाई करे, यही हमारी पुरजोर माँग है। हत्यारे, संलिप्त पुलिस और भाजपाई माफ़िया कोई बचना नहीं चाहिए। अगर शासन ने कुछ नहीं किया तो वो भी इस अपराध में भागीदार माना जाएगा और सबसे कमज़ोर, हताश और लाचार शासन भी। जिसका इक़बाल नहीं, वो सरकार नहीं। मुख्यमंत्री जी लखनऊ की जगह चंदौली को राजधानी घोषित कर दें और जहाँ जाना हो चले जाएं लेकिन उप्र की जनता को यूँ माफ़ियों की गोलियाँ खाने के लिए न छोड़ें। घोर निंदनीय व दंडनीय हत्याकांड। उप्र में ‘महा-अन्यायराज’ का दौर चल रहा है।

Akhilesh Yadav

86,937 görüntüleme • 1 yıl önce

ये वीडियो उस लड़की का है जिसका ओडिशा के थाने में यौन उत्पीड़न हुआ। ये वीडियो उस वक्त का है, जब थाने पहुंचने से पहले लड़की के साथ छेड़छाड़ हुई थी। वीडियो में साफ पता चल रहा है कि छेड़छाड़ करने वाले बदमाश ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन माझी का नाम ले रहे हैं और लड़की को धमका रहे हैं। जब लड़की अपने साथ हुए छेड़छाड़ का विरोध कर रही है तो बदमाश पूछ रहे हैं- 'तुम मोहन माझी को जानती हो? वो यहां के मुख्यमंत्री हैं। बहुत हद तक साफ हो चुका है कि इस मामले में भी BJP के नेता जुड़े हुए हैं, जो सीधे मुख्यमंत्री के नाम की धौंस दिखा रहे हैं। सवाल है 👇 • क्या यही वजह थी कि पुलिस लड़की की शिकायत नहीं दर्ज कर रही थी? • क्या पुलिस BJP से जुड़े बदमाशों को बचाने में लगी थी? • क्या इस मामले में BJP के किसी बड़े नेता का इन्वॉल्वमेंट है? • क्या यही कारण है कि लड़की को थाने में प्रताड़ित किया गया, उसका यौन उत्पीड़न किया गया? सवाल कई हैं, और ये सवाल नरेंद्र मोदी और उनकी पार्टी से है।
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ये वीडियो उस लड़की का है जिसका ओडिशा के थाने में यौन उत्पीड़न हुआ। ये वीडियो उस वक्त का है, जब थाने पहुंचने से पहले लड़की के साथ छेड़छाड़ हुई थी। वीडियो में साफ पता चल रहा है कि छेड़छाड़ करने वाले बदमाश ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन माझी का नाम ले रहे हैं और लड़की को धमका रहे हैं। जब लड़की अपने साथ हुए छेड़छाड़ का विरोध कर रही है तो बदमाश पूछ रहे हैं- 'तुम मोहन माझी को जानती हो? वो यहां के मुख्यमंत्री हैं। बहुत हद तक साफ हो चुका है कि इस मामले में भी BJP के नेता जुड़े हुए हैं, जो सीधे मुख्यमंत्री के नाम की धौंस दिखा रहे हैं। सवाल है 👇 • क्या यही वजह थी कि पुलिस लड़की की शिकायत नहीं दर्ज कर रही थी? • क्या पुलिस BJP से जुड़े बदमाशों को बचाने में लगी थी? • क्या इस मामले में BJP के किसी बड़े नेता का इन्वॉल्वमेंट है? • क्या यही कारण है कि लड़की को थाने में प्रताड़ित किया गया, उसका यौन उत्पीड़न किया गया? सवाल कई हैं, और ये सवाल नरेंद्र मोदी और उनकी पार्टी से है।

Congress

260,330 görüntüleme • 1 yıl önce