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और ये देखकर गिरगिट भी फंदे पर झूल गया 😂

243,296 просмотров • 2 лет назад •via X (Twitter)

Комментарии: 7

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PallaviCT2 лет назад

अरे EDITOR Pro Max, ज़रा @narendramodi जी का पूरा वीडियो तो देखो 👇🏻👇🏻🤨🤨 मोदीजी मुस्लिम समाज के विरुद्ध नहीं हैं आपकी तुष्टिकरण की राजनीति के विरुद्ध हैं

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Rajesh Mangal2 лет назад

दारुबाज और मोदी की बातों का रात गुजरने के बाद कोई भरोसा नहीं होता

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praveen jain 🇮🇳2 лет назад

24 घंटे में पलटी मार गया @RubikaLiyaquat ने बड़ी लम्बी पोस्ट डाली थी महाराज की शान में 😁😁😁😁

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Prince Yadav2 лет назад

दुग्गल साहेब की यादस्स्त कमजोर है भूल जाते हैं |

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Logical Baba2 лет назад

Ye Buddha sathiya Gaya hai ye ab margdarshak mandal me bhi Jane layak nahi bacha

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Anuradha Patel2 лет назад

कांग्रेस चाहती थी कि देश के सारे बजट का 15% सिर्फ 'मुसलमानों' पर खर्च हो : PM मोदी

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Hrushikesh Mandlik2 лет назад

श्रीनिवास लोगो को मीडिया से बोल नहीं दिया गया इतने डरे हुये हैं सेठ

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ये बजट नहीं बड़ा ढोल है, जिसमें आवाज़ तो बहुत है पर अंदर से खाली है। ये बजट खोखला बजट है। इस बजट का झोला खाली है। जनता को लग रहा है बजट आया ही नहीं… वो पूछ रही है… ‘प्रवचन’ तो आ गया बजट कब आएगा? बजट देखकर… किसानो की उम्मीद का खेत सूख गया है। बजट देखकर… महिलाओं के माथे पर घर चलाने की चिंता की लकीरें और बढ़ गयी है। बजट देखकर… बेरोज़गारों की आँखों के आगे अंधेरा छा गया है। बजट देखकर… व्यापारियों, कारोबारियों और दुकानदारों पर मंदी की मार और गहरा गयी है। बजट देखकर… भाजपा के मंत्री और विधायकों के गले सूख गये हैं क्योंकि अपने विभागों और विधानसभाओं में तो उन्हें ही महंगाई, बेरोज़गारी, बेकारी से जूझ रहे लोगों के गुस्से का सामना करना पड़ेगा। बजट देखकर… बुनकरों का ताना-बाना रूक गया है… हथकरघे ख़ामोश हो गये हैं…बजट देखकर… जनता पूछ रही है : जुमला मंत्रालय को कितना बजट दिया गया है।.

Akhilesh Yadav

115,505 просмотров • 1 год назад

जाती देखकर नौकरी, जाती देखकर योजनाएं, जाती देखकर नियम/क़ानून, जाती देखकर minority welfare जैसी योजनाएं, जाती देखकर छात्रवृत्ति, जाती देखकर ऋण, और जाति देखकर न्याय — यहाँ तक ठीक था… अब ये जाति का राजनीतिक खेल शिक्षा तक पहुँच गया है। और ये सब कर कौन रहा है? वही जो कहते हैं कि जातिवाद खत्म करेंगे। ऐसे कैसे जातिवाद खत्म होगा? इससे बढ़ेगा या घटेगा? क्या शिक्षा पर सबका अधिकार नहीं होगा? या उसमें भी जाति देखकर फ्री शिक्षा दी जाएगी? क्या गरीबों के बच्चे केवल कथित पिछड़े वर्ग में ही हैं? क्या सामान्य वर्ग के गरीबों का इन सब पर कोई अधिकार नहीं? देश में जातिवाद का तांडव चल रहा है!! 👇👇

रुद्रभक्त

11,929 просмотров • 5 месяцев назад