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नि:शब्द हूं 😢
138,395 просмотров • 2 лет назад •via X (Twitter)
Комментарии: 8

ये है हमारे देश की सच्चाई, यहां जिसके पास सच में प्रतिभा है उसे मौका नहीं दिया जाता, गीदड़ों को मौका दिया जाता है जो घोर पाखंडियो की अल्पबुधि संताने है।

हमारे इधर तो ऐसा नहीं है बाकी ये ट्विटर पर अच्छा बन रहा हो रियल लाइफ में एक दिन खाना खाकर साथ में फोटो अपलोड करके दिखा सिर्फ रिच के लिए ट्वीट करना अच्छी बात नहीं हैं

इस मूवी का नाम Guthlee Ladoo है

गुठली— बापू, पता है आसमान में कितने तारे होत है ? बापू— अपनी अम्मा से पूछ... अम्मा— कितने ? गुठली— बहुत सारे, कि वो स्कूल वाला हरि भी नहीं गिन सकत...बस, बाकी का चमकत नाहि... पता है काहें नाहि ऊ चमकत ? अम्मा— काहें गुठली— "काहें कि ऊ अपने अपने गटर में बंद है"

इस मूवी का नाम Guthlee Ladoo है

Yeh desh ki sachai hai ..?

हमारे इधर तो ऐसा नहीं है बाकी ये ट्विटर पर हमेशा ही उल जलूल लिखते हो जातिवादी कीरा 😔😔😔😔😔 @JaikyYadav16

और सच बताऊं तो , जीतने ये यादव, साहू , यहां कॉमेंट पेल रहे हैं ना कि ऐसा समाज नही चाहिए तो मेरे घर के सामने सब साहू हैं और रोज वो हरिजन को गलत शब्दों से संभोदित करते है कहो तो वीडियो बना के भेज दूंगा और यादव लोग जो यहां शुद्र बनते हैं अपने आप को क्षत्रिय बोलते हैं पहले तय कर लो की हो कौन आप लोग
